रिश्तों में नया मोड़! US ऊर्जा सचिव ने बताया भारत को 'शानदार सहयोगी'... इन संबंधों को लेकर की अपील

India US Relation: अमेरिकी ऊर्जा सचिव क्रिस राइट ने कहा कि भारत, अमेरिका का एक "शानदार सहयोगी" और वैश्विक ऊर्जा व्यापार में एक प्रमुख साझेदार के रूप में देखता है।
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अमेरिकी ऊर्जा सचिव ने भारत को बताया ‘शानदार सहयोगी, अमेरिकी ऊर्जा सचिव ने भारत को बताया ‘शानदार सहयोगी
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India US Trade deal: अमेरिकी ऊर्जा सचिव क्रिस राइट ने बुधवार को भारत की तारीफ करते हुए इसे अमेरिका का 'महान सहयोगी' बताया और खुद को भारत का 'बड़ा प्रशंसक' बताया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग को और मजबूत करने की जरूरत है।

न्यूयॉर्क में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान राइट ने भारत को “तेजी से बढ़ती ऊर्जा मांग वाला और गतिशील समाज” करार दिया। उन्होंने कहा, “जब मैंने यह पद संभाला, तो मैंने भारत के साथ काम करने में काफी समय बिताया। भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है, अमेरिका का महत्वपूर्ण सहयोगी है, तेजी से विकसित होती अर्थव्यवस्था है और एक जीवंत समाज है। यहां जैसे-जैसे समृद्धि और अवसर बढ़ रहे हैं, ऊर्जा की मांग भी तेजी से बढ़ रही है। मैं भारत का बड़ा प्रशंसक हूं और हम भारत से प्रेम करते हैं।”

ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने की अपील

यह बयान उस समय सामने आया है जब मंगलवार को वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने भारत-अमेरिका के ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने की अपील की थी। न्यूयॉर्क में एक ऊर्जा सुरक्षा कार्यक्रम के दौरान गोयल ने परमाणु ऊर्जा को किफायती और स्वच्छ ऊर्जा विकल्प के रूप में प्रस्तुत करते हुए सहयोग बढ़ाने और नवीकरणीय ऊर्जा में स्टार्ट-अप्स को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया। ऊर्जा सचिव राइट ने भारत के रूस से तेल खरीदने को लेकर “तनाव” की बात की और कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस युद्ध को समाप्त करने के लिए अपने प्रभाव और साधनों का इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम चाहते हैं कि यह युद्ध खत्म हो। मुझे भरोसा है कि भारत भी यही चाहता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिका भारत के साथ प्राकृतिक गैस, कोयला, परमाणु ऊर्जा, स्वच्छ कुकिंग फ्यूल और एलपीजी जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाना चाहता है। राइट ने कहा कि भारत ने इस क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है और अमेरिका भारत के साथ और अधिक ऊर्जा व्यापार व सहयोग चाहता है।

भारत हमारे करीबी साझेदारों में से एक

मंगलवार को अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने यह संकेत दिया कि ट्रंप प्रशासन भारत पर रूस से तेल खरीदने पर लगाए गए अतिरिक्त 25% टैरिफ में बदलाव करने के लिए तैयार हो सकता है। एनबीसी न्यूज को दिए साक्षात्कार में उन्होंने कहा, “भारत हमारे करीबी साझेदारों में से एक है, और हमें उम्मीद है कि इस मुद्दे का समाधान निकाला जा सकता है।”

एबीसी न्यूज को दिए इंटरव्यू में रूबियो ने भारत को अमेरिका का “बहुत करीबी सहयोगी” बताया। वहीं, संयुक्त राष्ट्र महासभा के दौरान विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने सोमवार को रूबियो से मुलाकात की। बैठक के बाद रूबियो ने कहा कि भारत उनके लिए “अत्यंत महत्वपूर्ण” है और वे व्यापार वार्ताओं के लिए सकारात्मक हैं। जयशंकर ने भी एक्स पर साझा किया कि उनकी बातचीत में कई द्विपक्षीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई और प्राथमिक क्षेत्रों में प्रगति के लिए निरंतर संवाद की आवश्यकता पर सहमति बनी।

(आईएएनएस इनपुट के साथ)

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