

Trump Modi Phone Call Discussion: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच मंगलवार को फोन पर एक बहुत ही महत्वपूर्ण और लंबी बातचीत हुई है। दोनों वैश्विक नेताओं के बीच यह अहम फोन वार्ता लगभग 40 मिनट तक चली जिसमें कई बड़े और महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा की गई है। इस बातचीत के दौरान मुख्य रूप से पश्चिम एशिया में चल रहे भारी तनाव और द्विपक्षीय संबंधों को लेकर बहुत ही विस्तार से बात की गई है। 28 फरवरी को शुरू हुए अमेरिका-इजरायल-ईरान युद्ध के बाद से अब तक दोनों दिग्गज नेताओं के बीच यह दूसरी फोन वार्ता रही है।
अमेरिकी राजदूत सर्गेई गोर ने जानकारी दी कि 40 मिनट की इस बातचीत के अंत में Trump ने पीएम मोदी से कहा कि 'वी ऑल लव यू'। ट्रंप ने लास वेगास में मीडिया से बातचीत में भी कहा कि उनकी अपने सबसे अच्छे दोस्त प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बहुत ही अच्छी बातचीत हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि मोदी भारत से उनके बहुत अच्छे दोस्त हैं और वे अपने देश के लिए लगातार बहुत ही शानदार काम कर रहे हैं।
इस लंबी बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने मुख्य रूप से पश्चिम एशिया की गंभीर स्थिति और वहां चल रहे युद्ध के हालातों पर अपनी बात रखी। प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि इस बातचीत के दौरान दोनों देशों के द्विपक्षीय सहयोग में हुई प्रगति की पूरी समीक्षा की गई है। इसके अलावा दोनों नेताओं ने इस चुनौतीपूर्ण समय में व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को और अधिक मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता को भी दोहराया है।
इस अहम बातचीत में Trump और मोदी ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को पूरी तरह से खुला और सुरक्षित रखने के महत्व पर सबसे ज्यादा जोर दिया है। यह चर्चा इसलिए भी बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि हाल ही में धमकियों के बावजूद एक चीनी टैंकर ने इस विवादित होर्मुज जलडमरूमध्य को पार किया है। दोनों देश यह अच्छी तरह से चाहते हैं कि दुनिया के इस सबसे अहम समुद्री रास्ते पर व्यापारिक जहाजों की आवाजाही बिना किसी भी रुकावट के चलती रहे।
इस बातचीत और वैश्विक हलचलों के बीच Trump ने यह बहुत बड़ा दावा किया है कि ईरान अपना संवर्धित यूरेनियम अमेरिका को सौंपने के लिए राजी हो गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति ने पूरे आत्मविश्वास के साथ यह भी कहा है कि हम ईरान के साथ इस ऐतिहासिक डील के बेहद करीब पहुंच चुके हैं। ईरान के विदेश मंत्री द्वारा पाकिस्तान की तारीफ किए जाने के बीच अमेरिका का यह दावा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काफी बड़ी अहमियत रखता है।
दुनिया भर में मचे इस भारी उथल-पुथल के बीच एक और बड़ी राहत की खबर सामने आई है जहां इजरायल और लेबनान के नेता 34 साल बाद मिले हैं। इन दोनों देशों के बीच लंबे समय बाद एक महत्वपूर्ण सीजफायर समझौता हो गया है जिसका बड़ा ऐलान खुद अमेरिकी राष्ट्रपति Trump ने किया है। हालांकि दूसरी तरफ दो हफ्ते के एक अन्य युद्धविराम के खत्म होने में अब महज 5 दिन बाकी हैं जिससे फिर से महायुद्ध छिड़ने का डर बना हुआ है।