डोनाल्ड ट्रंप और नेतन्याहू, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Trump Cancels Israel Visit Cancellation News: मध्य-पूर्व में जारी भारी तनाव के बीच एक बड़ी खबर सामने आ रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपना प्रस्तावित इज़रायल दौरा रद्द कर दिया है। इजरायली मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, ट्रंप अगले हफ्ते होने वाले देश के 78वें स्वतंत्रता दिवस समारोह में शामिल नहीं होंगे।
यह दौरा न केवल कूटनीतिक रूप से महत्वपूर्ण था बल्कि व्यक्तिगत रूप से भी ट्रंप के लिए खास था क्योंकि उन्हें वहां देश का सर्वोच्च सांस्कृतिक सम्मान दिया जाना था।
इज़रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने पिछले साल दिसंबर में एक ऐतिहासिक घोषणा की थी। उन्होंने दशकों पुरानी परंपरा को तोड़ते हुए यह निर्णय लिया था कि ‘इज़रायल पुरस्कार’ (Israel Prize) किसी गैर-इज़रायली को दिया जाएगा। 80 साल के इजरायली इतिहास में यह पहली बार होने जा रहा था जब यह पुरस्कार किसी विदेशी नेता को समर्पित किया जा रहा था। फ्लोरिडा में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान नेतन्याहू ने ट्रंप की प्रशंसा करते हुए उन्हें इस सर्वोच्च सम्मान का हकदार बताया था।
ट्रंप के इस दौरे के रद्द होने के पीछे सबसे बड़ा कारण ईरान के साथ चल रहा संघर्ष और संघर्ष विराम की अनिश्चितता मानी जा रही है। इजरायली मीडिया आउटलेट ‘वाईनेट’ के अनुसार, यरुशलम के अधिकारियों को यह स्पष्ट हो गया है कि ईरान के साथ संघर्ष विराम की समय-सीमा 21 अप्रैल को समाप्त हो रही है।
चूंकि इजरायल पुरस्कार समारोह 22 अप्रैल को निर्धारित है, ऐसे में युद्ध की आशंका और सुरक्षा कारणों को देखते हुए ट्रंप के आने की संभावना लगभग शून्य हो गई है। व्हाइट हाउस ने अभी तक इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है लेकिन इजरायल ने पहले ही स्थिति को भांप लिया है।
डोनाल्ड ट्रंप के सम्मान में इजरायल ने भव्य तैयारियां की थीं। मशहूर गायिका नोआ किरेल को इस समारोह में अपनी प्रस्तुति देनी थी, जिसे फिलहाल टाल दिया गया है। इतना ही नहीं, यह भी चर्चा थी कि इस विशेष कार्यक्रम में ट्रंप की पोतियां भी मंच पर उनके साथ प्रस्तुति देने वाली थीं। हालांकि, अब समारोह में केवल एक वीडियो संदेश के जरिए ट्रंप की जीत का जिक्र किया जाएगा और वास्तविक पुरस्कार वितरण कार्यक्रम को उनके भविष्य के इज़रायल दौरे तक के लिए स्थगित कर दिया गया है।
जहां एक ओर अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपने कदम पीछे खींच लिए हैं, वहीं अर्जेंटीना के राष्ट्रपति जेवियर मिले ने अपने दौरे को हरी झंडी दे दी है। मिले 18 अप्रैल को इज़रायल पहुंचेंगे और स्वतंत्रता दिवस समारोह का हिस्सा बनेंगे।
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रिपोर्ट के अनुसार, जेवियर मिले के दौरे पर सहमति ईरान के साथ संघर्ष विराम की स्थिति पैदा होने से पहले ही बन गई थी इसलिए उनके कार्यक्रम में कोई बदलाव नहीं किया गया है। वर्तमान में पूरे क्षेत्र की नजरें 21 अप्रैल की समय-सीमा पर टिकी हैं, जो यह तय करेगी कि मध्य-पूर्व शांति की ओर बढ़ेगा या एक बड़े युद्ध की ओर।