कोर्ट ने ट्रंप को दिया एक और झटका, टैरिफ के बाद डिपोर्टेशन पॉलिसी को बताया गैरकानूनी, रद्द करने का ऑर्डर
US Deportation Policy: फेडरल जज ब्रायन ई. मर्फी ने ट्रंप की ‘थर्ड कंट्री’ डिपोर्टेशन नीति को गैरकानूनी ठहराया, प्रवासियों को उचित नोटिस और आपत्ति जताने का अवसर दिए बिना इसे लागू करना अवैध कहा।
- Written By: अक्षय साहू
अमेरिकी अदालत ने ट्रंप प्रशासन के ‘थर्ड कंट्री’ डिपोर्टेशन नीति को गैरकानूनी घोषित किया (सोर्स- सोशल मीडिया)
US Third Country Deportation Policy Illegal: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को अदालत से एक और बड़ा झटका लगा है। हाल ही में एक फेडरल जज ने ट्रंप की ‘थर्ड कंट्री’ डिपोर्टेशन नीति को गैरकानूनी घोषित कर दिया है और इसे रद्द करने का आदेश दिया है। इससे पहले भी ट्रंप के टैरिफ को अवैध ठहराया जा चुका है। इस फैसले को सुनाने वाले जज ब्रायन ई. मर्फी, जो मैसाचुसेट्स के यूएस डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में हैं, ने बुधवार को यह आदेश दिया।
जज मर्फी ने कहा कि होमलैंड सिक्योरिटी विभाग (DHS) की नीति के तहत प्रवासियों को थर्ड कंट्री में भेजने से पहले उन्हें ‘अर्थपूर्ण नोटिस’ और आपत्ति जताने का अवसर मिलना चाहिए। जज ने नीति को अवैध बताया क्योंकि यह प्रवासियों को निर्वासन चुनौती उठाने से पहले ही लागू कर देती थी। उनका कहना था कि यह अमेरिका के कानून और संविधान के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है, जो किसी भी व्यक्ति को “कानून की उचित प्रक्रिया” के बिना जीवन, स्वतंत्रता या संपत्ति से वंचित नहीं होने देते।
ट्रंप प्रशासन में मची खलबली
इस फैसले के बाद ट्रंप प्रशासन में खलबली मच गई है। हालांकि, मामला पहले से ही अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच चुका है, और अब वहां अंतिम निर्णय होगा। जज मर्फी ने अपना फैसला 15 दिनों के लिए स्थगित किया है ताकि सरकार अपील कर सके। उन्होंने याद दिलाया कि पिछले साल अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने प्रशासन के पक्ष में निर्णय दिया था, जिससे कुछ प्रवासियों को युद्धग्रस्त दक्षिण सूडान में भेजने की अनुमति मिली थी, जहां उनका कोई संबंध नहीं था।
सम्बंधित ख़बरें
US-ईरान जंग से डरा चीन? न्यूक्लियर अड्डों के पास बना रहा विशाल मिलिट्री बेस, सैटेलाइट तस्वीरों ने खोला राज
CUET परीक्षा में तकनीकी खराबी के बाद NTA ने मांगी माफी, जारी किया नया शेड्यूल, नोट कर लें हेल्पलाइन नंबर
हड़प्पाकालीन पशुपति सील पर अमेरिकी इतिहासकार के दावे पर भड़के भारतीय संत, दिया करारा जवाब, देखें VIDEO
सड़क पर नमाज गलत, तो बाकी त्योहार क्यों नहीं? ओवैसी का सरकार से सवाल, बोले- मुसलमानों को दबाया जा रहा
जज मर्फी ने यह भी कहा कि ट्रंप प्रशासन बार-बार उनके आदेशों का उल्लंघन करता रहा है। मार्च में रक्षा विभाग ने कम से कम छह प्रवासियों को बिना उचित प्रक्रिया के अल सल्वाडोर और मैक्सिको भेज दिया। जज ने यह भी नोट किया कि प्रशासन के अधिकारी वास्तविक तथ्य छुपा रहे हैं, जिससे किसी भी व्यक्तिगत प्रवासी के दावे की योग्यता का पता नहीं चल पा रहा।
यह भी पढ़ें: ट्रंप की जिद के सामने हारा ब्रिटेन! चागोस डील रोकी, बोले- आइलैंड्स सौंपने से पहले अमेरिका की मंजूरी जरूरी
प्रवासियों को निशाना बनाती है ट्रंप की नीति
मर्फी ने यह भी स्पष्ट किया कि थर्ड कंट्री नीति उन प्रवासियों को निशाना बनाती है जिन्हें उनके मूल देश में सुरक्षित नहीं लौटाया जा सकता, क्योंकि उन्हें यातना या अन्य उत्पीड़न का डर है। मई में दक्षिण सूडान भेजे गए आठ पुरुषों को अमेरिका में अपराधों के लिए दोषी ठहराया गया था और उनके पास अंतिम निर्वासन आदेश थे।
