रूस-यूक्रेन जंग में भयानक हालात, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Ukrainian Soldiers Hunger: रूस और यूक्रेन के बीच पिछले चार वर्षों से जारी भीषण युद्ध अब एक ऐसे मोड़ पर पहुंच गया है जहां यूक्रेनी सेना के भीतर से ही बदहाली और लाचारी की खबरें आने लगी हैं। ताजा रिपोर्ट्स के अनुसार, रूस और यूक्रेन के बीच शांति समझौते की संभावनाएं एक बार फिर टलती नजर आ रही हैं।
इसका एक बड़ा कारण यह है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ध्यान फिलहाल ईरान और ग्रीनलैंड जैसे अन्य अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर केंद्रित हो गया है जिससे यूक्रेन संकट पर बातचीत फिलहाल रुक गई है।
रूसी रक्षा मंत्रालय द्वारा जारी एक वीडियो में यूक्रेन के एक युद्धबंदी, एलेक्जेंडर सोतनिवोक ने अपनी ही सेना की दयनीय स्थिति का खुलासा किया है। सोतनिवोक का दावा है कि यूक्रेन अपने घायल सैनिकों को बचाने में पूरी तरह असमर्थ है।
उन्होंने बताया कि युद्ध के मैदान में घायल सैनिकों का मरना लगभग तय है यदि वे खुद चलकर किसी खास ‘निकासी बिंदु’ तक नहीं पहुंच पाते। सोतनिवोक ने एक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने एक सैनिक को पेड़ के सहारे बैठा देखा जो मदद के इंतजार में दम तोड़ चुका था।
युद्धक्षेत्र में तैनात सैनिकों को न केवल गोलियों का बल्कि भूख और प्यास का भी सामना करना पड़ रहा है। सोतनिवोक के अनुसार, यूक्रेनी सेना के पास खाने-पीने की चीजों की भारी किल्लत है। कभी-कभी ड्रोन्स के जरिए खाना पहुंचाया भी जाता है तो उसमें केवल नाश्ते जैसी चीजें ही होती हैं जिससे सैनिकों का गुजारा करना मुश्किल हो रहा है।
यूक्रेन में सैनिकों की कमी को पूरा करने के लिए ‘जबरन भर्ती’ का सहारा लिया जा रहा है। सोतनिवोक ने दावा किया कि उन्हें बिना किसी सैन्य अनुभव के जबरदस्ती सीमा पर भेज दिया गया था। उन्होंने यह गंभीर आरोप भी लगाया कि भर्ती कार्यालय के अधिकारी 15,000 से 16,000 डॉलर लेकर लोगों को छोड़ने की अफवाहें भी गर्म हैं लेकिन इसकी भी कोई गारंटी नहीं है कि पैसे देने के बाद कोई दूसरा दस्ता उन्हें फिर से न पकड़ ले।
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एक तरफ जहां यूक्रेन के भीतर रसद और सुरक्षा का संकट है वहीं दूसरी तरफ रूस ने अपने हमले और तेज कर दिए हैं। हाल ही में रूस ने एक ही रात में 200 से अधिक ड्रोन्स के जरिए यूक्रेन के छह प्रांतों को भारी नुकसान पहुंचाया है। फिलहाल अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें ट्रंप के अगले कदम पर हैं क्योंकि उनकी प्राथमिकताएं बदलने से यूक्रेन युद्ध का अंत और लंबा खिंचता दिख रहा है।