पुलिस की गाड़ी से जाह्नवी कंडुला की हुई थी मौत, अब परिवार को मिलेगा 260 करोड़ रुपए का मुआवजा
US Police News : तीन साल पहले यूएस में पुलिस की गाड़ी से भारतीय छात्रा जाह्नवी कंडुला के मौत मामले में मुआवजे का ऐलान हो गया है। पीड़ित परिवार को 260 करोड़ रुपए देने का आदेश दिया गया है।
- Written By: रंजन कुमार
जाह्नवी कंडुला और यूएस पुलिस की गाड़ी।
US Road Accident Rules : भारतीय छात्रा जाह्नवी कंडुला की मौत के मामले में अमेरिका की एक अदालत ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। सीएटल प्रशासन ने जाह्नवी के परिवार को 29 मिलियन डॉलर (लगभग 260 करोड़ रुपए) का मुआवजा देने का ऐलान किया है। यह राशि न केवल जाह्नवी के परिवार के लिए एक बड़ा कानूनी संबल है, बल्कि अमेरिकी इतिहास में पुलिस की लापरवाही से हुई मौत के मामलों में अब तक का सबसे बड़ा हर्जाना भी है।
आंध्र प्रदेश की रहने वाली 23 वर्षीय जाह्नवी कंडुला सीएटल की नॉर्थईस्ट्रन यूनिवर्सिटी में मास्टर डिग्री की पढ़ाई कर रही थीं। जनवरी 2023 में एक दुर्भाग्यपूर्ण रात, पुलिस अधिकारी केविन डेव एक आपातकालीन कॉल पर जा रहे थे। उनकी गाड़ी की रफ्तार 119 किलोमीटर प्रति घंटा थी, जो निर्धारित सीमा से कहीं अधिक थी। सड़क पार कर रही जाह्नवी इस तेज रफ्तार गाड़ी की चपेट में आ गईं और अस्पताल में उनकी मौत हो गई।
संवेदनहीनता ने वैश्विक स्तर पर मचाया था बवाल
यह मामला तब अंतरराष्ट्रीय विवाद बन गया, जब एक अन्य पुलिस अधिकारी डैनियल ऑडरर का बॉडीकैम फुटेज वायरल हुआ। उस वीडियो में वह जाह्नवी की मौत का मजाक उड़ाते हुए हंस रहे थे और कह रहे थे कि उसकी जिंदगी की लिमिटेड वैल्यू है। प्रशासन को बस एक चेक लिखकर मामला रफा-दफा कर देना चाहिए। इस संवेदनहीन टिप्पणी पर भारत सरकार और वहां के प्रवासी भारतीयों ने कड़ा विरोध दर्ज कराया था, जिसके बाद अमेरिकी प्रशासन पर निष्पक्ष जांच का भारी दबाव बना।
सम्बंधित ख़बरें
एनर्जी सेक्टर में क्वाड का बड़ा दांव: इंडो-पैसिफिक में मजबूत सप्लाई चेन के लिए मिलकर काम करेंगे चारों देश
Gadchiroli में शादी से लौट रही बोलेरो पलटी, महिला की मौत; गर्भवती व 5 बच्चों समेत 16 घायल
मोबाइल की लास्ट लोकेशन से मिला घटनास्थल, अंबेनली की 800 फीट गहरी खाई में मुश्किल भरा रेस्क्यू ऑपरेशन
Road Accidents Statistics: गोंदिया में चार महीने में 136 सड़क हादसे, 80 लोगों की मौत से बढ़ी चिंता
भारत में मुआवजे का सबसे बड़ा मामला
भारत की तुलना में मुआवजे की यह राशि बहुत बड़ी है। भारत में अब तक का सबसे बड़ा मुआवजा डॉ. कुणाल साहा (2013) के मामले में देखा गया था, जहां मेडिकल लापरवाही (जो दुर्घटना की श्रेणी में ही आती है) के लिए सुप्रीम कोर्ट ने 11.41 करोड़ का आदेश दिया था। वहीं, सड़क हादसों की बात करें तो रिलायंस जनरल इंश्योरेंस ने एक अन्य मामले में एक मृतक के परिवार को 22 करोड़ रुपए का मुआवजा दिया था।
यह भी पढ़ें : सड़क हादसे के घायलों को 7 दिन तक 1.5 लाख का मुफ्त इलाज: मंत्री नितिन गडकरी
लिमिटेड वैल्यू वाली टिप्पणी पर तमाचा
जाह्नवी कंडुला के मामले में मिला यह मुआवजा उस लिमिटेड वैल्यू वाली टिप्पणी पर एक करारा तमाचा है। वैसे, यह राशि होनहार बेटी की कमी तो पूरी नहीं कर सकती, लेकिन यह सुनिश्चित करती है कि कानून की नजर में हर जान की कीमत अनमोल है।
