‘गाजा जैसी हिंसा मंजूर नहीं…’, इटली ने इजरायल के साथ रक्षा डील रोकी, शांति सैनिकों पर हमले का लिया बदला
Italy Suspends Defense Agreement Israel: इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने इज़रायल के साथ रक्षा समझौते के ऑटो-रिन्यूअल को निलंबित कर दिया है। नागरिकों पर हमलों के विरोध में यह फैसला लिया गया है।
- Written By: अमन उपाध्याय
बेंजामिन नेतन्याहू और जॉर्जिया मेलोनी, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Italy Suspends Defense Agreement Israel Lebanon Conflict: मध्य-पूर्व में जारी भीषण संघर्ष के बीच इज़रायल को यूरोप से एक बड़ा कूटनीतिक झटका लगा है। इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने घोषणा की है कि उनकी सरकार ने इज़रायल के साथ मौजूदा रक्षा समझौते के ऑटो-रिन्यूअल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। रोम का यह फैसला ऐसे समय में आया है जब लेबनान में इज़रायली सेना की कार्रवाइयों को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तनाव बढ़ रहा है।
मेलोनी सरकार का सख्त रुख
प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने वेरोना में आयोजित एक वाइन उद्योग मेले के दौरान मीडिया से बात करते हुए इस महत्वपूर्ण निर्णय की जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि मध्य-पूर्व के मौजूदा हालात और संघर्ष की गंभीरता को देखते हुए, सरकार ने इज़रायल के साथ रक्षा सहयोग को आगे न बढ़ाने का फैसला लिया है।
इस समझौते के तहत दोनों देशों के बीच सैन्य उपकरणों का आदान-प्रदान और तकनीकी अनुसंधान के क्षेत्र में महत्वपूर्ण सहयोग होता था। ऑटो-रिन्यूअल के निलंबन का सीधा अर्थ यह है कि अब यह समझौता अपनी निर्धारित अवधि के बाद अपने आप दोबारा चालू नहीं होगा, जो दोनों देशों के सैन्य संबंधों में एक बड़ी रुकावट माना जा रहा है।
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शांति सैनिकों पर हमला और बढ़ता तनाव
इटली और इजरायल के बीच कड़वाहट की एक बड़ी वजह लेबनान में तैनात संयुक्त राष्ट्र (UN) के इतालवी शांति सैनिक हैं। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले हफ्ते इजरायली सेना ने लेबनान में इतालवी शांति सैनिकों के एक काफिले पर ‘चेतावनी’ के तौर पर गोलियां चलाई थीं। इस हमले में एक वाहन क्षतिग्रस्त हो गया था। हालांकि इस घटना में किसी को चोट नहीं आई लेकिन इटली ने इसे बेहद गंभीरता से लिया और इज़रायल के राजदूत को तलब कर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया।
नागरिकों पर हमले को बताया ‘अस्वीकार्य’
इटली के विदेश मंत्री एंटोनियो ताजानी ने भी इस मामले में कड़ा रुख अपनाया है। हाल ही में अपनी बेरूत यात्रा के दौरान ताजानी ने लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ आउन और विदेश मंत्री यूसुफ रग्गी से मुलाकात की। उन्होंने लेबनान में नागरिकों के खिलाफ इज़रायली हमलों को पूरी तरह से ‘अस्वीकार्य’ करार दिया।
ताजानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी एकजुटता व्यक्त करते हुए कहा कि क्षेत्र में गाजा जैसी हिंसा को हर कीमत पर टाला जाना चाहिए और एक स्थायी संघर्ष-विराम ही एकमात्र समाधान है।
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कूटनीतिक गलियारों में हलचल
इटली का यह कदम न केवल इज़रायल के लिए सामरिक नुकसान है, बल्कि यह यूरोपीय देशों के बदलते रुख का भी संकेत दे रहा है। विदेश मंत्री ताजानी ने दोनों पक्षों के बीच संवाद को जरूरी बताते हुए शांति की अपील की है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि इटली के इस कड़े फैसले के बाद इज़रायल और अन्य यूरोपीय देशों के संबंधों पर क्या असर पड़ता है।
