ईरान का घातक प्रहार…US का 1.1 अरब डॉलर का रडार ‘स्वाहा’, मिडिल ईस्ट में सुरक्षा कवच हुआ ध्वस्त
Middle East Crisis: खामेनेई की मौत के बाद ईरान घातक हमले कर रहा है, कतर के अल उदैद एयरबेस पर ईरान ने 1.1 बिलियन डॉलर के अमेरिकी रडार को ध्वस्त कर दिया है।
- Written By: सजल रघुवंशी
Donald Trump Watching Burning Radar System (AI GENERATED IMAGE)
Iran Destroy US Radar System: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने वैश्विक सामरिक संतुलन को हिलाकर रख दिया है। ईरान ने कतर स्थित अल उदैद एयरबेस पर तैनात अमेरिका के सबसे आधुनिक और महंगे AN/FPS-132 अर्ली-वॉर्निंग रडार को निशाना बनाकर उसे पूरी तरह नष्ट कर दिया है, इस राडर की कीमत लगभग 1.1 बिलियन डॉलर (करीब 9200 करोड़) बताई जा रही है और इसे खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी निगरानी तंत्र की सबसे मजबूत कड़ी माना जाता था।
एक मिसाइल से किया अरबों का नुकसान
कतर की आधिकारिक पुष्टि के अनुसार, अल उदैद एयर बेस पर हुए इस जवाबी हमले में ईरान ने ड्रोन और बैलिस्टिक मिसाइलों का इस्तेमाल किया। हालांकि कतर के एयर डिफेंस ने दावा किया कि उन्होंने 65 बैलिस्टिक मिसाइलों और 12 ड्रोनों को इंटरसेप्ट किया, लेकिन दो मिसाइलें बेस की सुरक्षा दीवार को भेदने में सफल रहीं। इनमें से एक यूएवी (ड्रोन) ने सीधे अर्ली-वॉर्निंग रडार इंस्टॉलेशन को निशाना बनाया, जिससे यह रडार अब ‘कबाड़’ में तब्दील हो चुका है। इस हमले में लगभग 8 से 16 लोगों के घायल होने की खबर है।
क्यों था यह रडार अहम?
यह रडार कोई साधारण उपकरण नहीं था, इसकी रेंज 5000 किलोमीटर थी। जो पूरे मध्य पूर्व की निगरानी करने में सक्षम था। यह बैलिस्टिक मिसाइलों की शुरुआती चेतावनी देने वाला अमेरिका का सबसे बड़ा रडार था। खाड़ी क्षेत्र में तैनात अमेरिका के पैट्रियट (Patriot) और थाड (THAAD) मिसाइल रक्षा प्रणालियों के लिए यह रडार ‘आंख’ की तरह काम करता था। जानकारों का कहना है कि इसके नष्ट होने के बाद अब ये सभी डिफेंस सिस्टम ‘अंधेरे’ में काम कर रहे हैं।
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असममित युद्ध की नई हकीकत
इस घटना ने ‘असममित युद्ध’ (Asymmetric Warfare) की भयावहता को उजागर किया है। सैन्य जानकारों के मुताबिक, अमेरिका को अपनी रक्षा के लिए हर बार सटीक होना पड़ता है, जबकि ईरान को सफल होने के लिए केवल एक बार सुरक्षा भेदने की जरूरत थी। कतर ने 101 मिसाइलों को रोकने का प्रयास किया, लेकिन मात्र दो मिसाइलों ने अमेरिका के अरबों डॉलर के निवेश और उसकी सामरिक धाक को मिट्टी में मिला दिया।
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समुद्री सुरक्षा पर भी संकट
इस हमले ने खाड़ी के समुद्री मार्गों की सुरक्षा पर भी सवालिया निशान लगा दिए हैं। अमेरिका ने हाल ही में नौसेना के एस्कॉर्ट्स के जरिए सुरक्षा का वादा किया था, लेकिन जब वह अपने ही सबसे सुरक्षित ठिकाने के अंदर लगे रडार की रक्षा नहीं कर सका, तो जहाजों की सुरक्षा की गारंटी कितनी विश्वसनीय है? यह रडार उसी जलडमरूमध्य की सुरक्षा करता था जहां से पेट्रोडॉलर का प्रवाह होता है। एक सटीक मिसाइल हमले ने न केवल रडार को नष्ट किया है, बल्कि मध्य पूर्व में अमेरिकी सैन्य प्रभुत्व की साख को भी गहरी चोट पहुंचाई है।
