ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची (सोर्स- सोशल मीडिया)
Iran-US Peace Talks: ईरान और अमेरिका के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव के बीच अब कूटनीतिक बातचीत की हल्की उम्मीद दिखाई दे रही है। हाल ही में सीबीएस न्यूज की एक रिपोर्ट के अनुसार, ईरान के विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने स्वीकार किया है कि अमेरिका ने मध्यस्थों के जरिए कुछ महत्वपूर्ण प्रस्ताव भेजे हैं, जिनकी समीक्षा फिलहाल जारी है।
अधिकारी ने कहा कि उन्हें अमेरिका की ओर से कुछ बिंदु प्राप्त हुए हैं और उन पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। यह संकेत देता है कि दोनों देशों के बीच प्रत्यक्ष नहीं, लेकिन अप्रत्यक्ष संवाद जारी है। यह घटनाक्रम इसलिए भी अहम है क्योंकि इससे पहले ईरान ने किसी भी प्रकार की बातचीत से इनकार किया था।
अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने हाल ही में दावा किया था कि ईरान के साथ समझौते की संभावना बनी हुई है। हालांकि, खाड़ी क्षेत्र में जारी तनाव और संघर्ष अभी भी वैश्विक ऊर्जा बाजार को प्रभावित कर रहे हैं, जिससे कई देश स्थिति को शांत करने के प्रयासों में जुटे हुए हैं।
एपी की रिपोर्ट के मुताबिक, कई देश इस तनाव को कम करने के लिए सक्रिय हो गए हैं। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने तुर्की के विदेश मंत्री हकन फिदानसे फोन पर बातचीत की। इसके अलावा, फिदान ने कतर, सऊदी अरब, पाकिस्तान, मिस्र, यूरोपीय संघ और अमेरिका के अधिकारियों से भी संपर्क किया है। तुर्की पहले भी ईरान और अमेरिका के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभा चुका है।
इसी बीच, मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फत्ताह अल-सिसी ने भी पुष्टि की कि उन्होंने ईरान को तनाव कम करने के लिए स्पष्ट संदेश भेजे हैं। मिस्र के विदेश मंत्रालय ने बताया कि उनका उद्देश्य ऊर्जा ढांचों पर हमलों को रोकना है, क्योंकि खाड़ी देशों को इस बात की चिंता है कि संघर्ष कहीं ऊर्जा सुविधाओं तक न पहुंच जाए।
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डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत सकारात्मक रही है और लगभग सभी मुद्दों पर सहमति बन सकती है। उन्होंने यह भी घोषणा की कि ईरान के ऊर्जा ढांचे पर संभावित हमलों को पांच दिनों के लिए टाल दिया गया है। हालांकि, ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबफ ने इन दावों को खारिज करते हुए उन्हें “फेक न्यूज” बताया।