इजरायल के निशाने पर पाकिस्तान! इस्लामिक न्यूक्लियर बम पर यहूदी देश अलर्ट, पूर्व PM ने किया चौंकाने वाला खुलासा
Israel Attack Pakistan: इजरायल और अमेरिका मिडल ईस्ट में सैन्य ताकत जुटा रहे हैं, जबकि इजरायल पाकिस्तान के परमाणु हथियारों को अपनी सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा मानता है।
- Written By: अक्षय साहू
इजरायल के लिए खतरा बना पाकिस्तान की इस्लामिक नाटो (सोर्स- सोशल मीडिया)
Islamic NATO threat to Israel: पिछले साल जून में ईरान के परमाणु ठिकानों पर हमले के बाद, इजरायल और अमेरिका एर बार फिर से बड़े सैन्य तैयारियों में जुटे हैं। अमेरिका ने मिडल ईस्ट में अपनी सैन्य ताकत को एकत्रित किया है, जो 2003 के इराक युद्ध के बाद से सबसे बड़ा जमावड़ा माना जा रहा है। राष्ट्रपति ट्रंप पहले ही चेतावनी दे चुके हैं कि यदि ईरान के साथ वार्ता विफल रहती है, तो गंभीर परिणाम होंगे।
रक्षा विश्लेषकों का मानना है कि इस विशाल सैन्य मौजूदगी के बाद, इजरायल की ओर से ईरान पर बमबारी की संभावना अब अधिक स्पष्ट हो गई है। पुरी दुनिया जहां मिडल ईस्ट में एक और युद्ध की आशंका से डरी हुई है, वही इजरायल ने ईरान के बाद अपना अगला लक्ष्य पाकिस्तान को चुन लिया है।
इस्लामिक नाटो इजरायल के लिए खतरा
इजरायल के पूर्व प्रधानमंत्री नफ्ताली बेनेट ने हाल ही में एक बयान में कहा कि मिडल ईस्ट में एक नई इस्लामिक धुरी उभर रही है, जिसमें तुर्की, कतर, मुस्लिम ब्रदरहुड और पाकिस्तान शामिल हैं। बेनेट ने कहा कि यह गठबंधन इजरायल के खिलाफ बढ़ती दुश्मनी को बढ़ावा दे रहा है। उन्होंने तुर्की को इजरायल के लिए एक गंभीर खतरे के रूप में देखा और पाकिस्तान के परमाणु हथियारों की क्षमता को लेकर चिंता जताई।
सम्बंधित ख़बरें
Myanmar President Visit: म्यांमार के राष्ट्रपति भारत पहुंचे, बोधगया से शुरू हुआ पांच दिवसीय दौरा
म्यांमार-भारत दोस्ती में नया अध्याय! राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग आज से 5 दिवसीय राजकीय दौरे पर
Trump Kennedy Center: ट्रंप कैनेडी सेंटर से हटेगा डोनाल्ड ट्रंप का नाम, वाशिंगटन कोर्ट का आदेश
Virginia Accident: अमेरिका के वर्जीनिया में बस की 6 कारों से भयंकर टक्कर, 5 की मौत और 37 घायल
तुर्की-पाकिस्तान की पक्की दोस्ती
बेनेट ने तुर्की के राष्ट्रपति एर्दोगन को इजरायल के खिलाफ एक खतरनाक दुश्मन बताया, जो इजरायल को चारों ओर से घेरने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान के परमाणु हथियारों का खतरा बढ़ रहा है और इजरायल की सीमाओं के पास कट्टरपंथी ताकतें मजबूत हो रही हैं। मुस्लिम ब्रदरहुड, जो तुर्की द्वारा नेतृत्व किए गए इस नए गठबंधन का हिस्सा है, पाकिस्तान के परमाणु हथियारों का समर्थन करता है। बेनेट ने तुर्की को एक नए ईरान के रूप में देखा, जो इजरायल के लिए एक नया खतरनाक मोर्चा खोल सकता है।
पाकिस्तान का परमाणु खतरा
पाकिस्तान दुनिया का एकमात्र मुस्लिम देश है, जो परमाणु हथियारों से लैस है, और इसे कई बार “इस्लामिक बम” के रूप में संदर्भित किया गया है। पाकिस्तान वह एकमात्र देश है, जो अपने विरोधियों के खिलाफ परमाणु हथियारों की धमकी देता है। हाल के दिनों में, पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्की के नेतृत्व में एक इस्लामिक नाटो गठबंधन की चर्चा तेज हो गई है, जिससे इजरायल की चिंताएं और बढ़ गई हैं।
यह भी पढ़ें: ‘ईरान सड़कछाप बमों का राजा…कभी’, अपनी हरकतों से बाज नहीं आए ट्रंप, परमाणु बम को लेकर कर दिया बड़ा दावा
इजरायल को इस्लामिक नाटो से डर
इजरायल को यह डर है कि इस्लामिक देशों का यह गठबंधन, जो नाटो की तर्ज पर विकसित हो सकता है, इजरायल के खिलाफ हो सकता है और उसकी सुरक्षा को गंभीर खतरा पैदा कर सकता है। इजरायल इसे ईरान के परमाणु कार्यक्रम के समान ही खतरनाक मानता है। इजरायल ने पाकिस्तान के परमाणु हथियारों को अपनी सुरक्षा के लिए एक गंभीर खतरे के रूप में देखा है।
