-
रवि, 9 अगस्त 2026 ई-पेपर
Top News
- Hindi News »
- World »
- Congo Ebola Outbreak Who Warning Unseen Scale Bunia Infection
कांगो में इबोला का ‘साइलेंट’ प्रहार: सरकारी आंकड़ों से 4 गुना भयावह हो सकता है संक्रमण, WHO ने जारी की चेतावनी
- Written By: अमन उपाध्याय
Congo Ebola Outbreak: कांगो में इबोला का प्रकोप बेकाबू हो रहा है। WHO की चेतावनी के अनुसार, वास्तविक मामले आधिकारिक आंकड़ों से चार गुना अधिक हो सकते हैं।

सांकेतिक एआई फोटो
Congo Ebola Outbreak Latest News In Hindi: डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (DRC) से एक चिंताजनक रिपोर्ट सामने आई है, जहां इबोला का प्रकोप अब आधिकारिक आंकड़ों की तुलना में कहीं अधिक भयावह रूप ले चुका है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के वरिष्ठ अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि कांगो के कुछ हिस्सों में संक्रमण की स्थिति नियंत्रण से बाहर होती दिख रही है।
गुरुवार को जारी सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इस बीमारी ने अब तक 1,792 लोगों को संक्रमित किया है और 625 लोगों की जान ले ली है, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि यह केवल हिमशैल का सिरा मात्र है।
अज्ञात संक्रमण स्रोतों ने बढ़ाई चिंता
WHO के आपात स्थिति निदेशक चिकवे इहेक्वेजू ने एक चौंकाने वाला खुलासा किया है। उनके अनुसार, इतुरी प्रांत की राजधानी बुनिया, जो वर्तमान में इस प्रकोप का केंद्र है, वहां हर पांच में से चार नए पुष्ट मरीजों (80%) का मौजूदा मरीजों से कोई ज्ञात संबंध नहीं मिल रहा है।
सम्बंधित ख़बरें
कोसोवो संसद में भारी हंगामा, विपक्षी सांसद ने पीएम एल्बिन कुर्ती पर अंडे फेंके
इस्लामिक NATO की अग्नि परीक्षा शुरू… समझौते के 24 घंटे के अंदर सऊदी अरब पर हुआ बड़ा हमला, तेल रिफाइनरी तबाह!
ईरान के सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei का पहला वीडियो सामने आया, इजरायली मीडिया के दावों पर गहराया शक
Typhoon Dolphin आने से पहले चीन में हड़कंप! बंद हुए बंदरगाह, थमीं समुद्री सेवाएं
इसका अर्थ यह है कि वायरस समुदाय में गुप्त रूप से फैल रहा है और स्वास्थ्य कर्मी इसके प्रसार के मूल स्रोत को ट्रैक करने में विफल हो रहे हैं। मॉडलिंग और परीक्षण की सकारात्मकता दरों के आधार पर, WHO का अनुमान है कि यह प्रकोप पुष्ट मामलों की संख्या से दो से चार गुना बड़ा हो सकता है।
हल्का लक्षण लेकिन बड़ा खतरा
जांच में यह बात सामने आई है कि वर्तमान में फैल रहा इबोला वायरस का ‘बुंडीबुग्यो’ स्ट्रेन अन्य प्रकारों की तुलना में थोड़े हल्के लक्षण पैदा कर रहा है। हालांकि यह पहली नज़र में सकारात्मक लग सकता है, लेकिन वास्तव में यह अधिक खतरनाक साबित हो रहा है।
लक्षणों के हल्का होने के कारण प्रभावित समुदायों में खतरे का एहसास कम हो गया है। लोग इसे सामान्य बीमारी समझकर संक्रमित रिश्तेदारों की घर पर ही देखभाल कर रहे हैं। इहेक्वेजू के अनुसार, मरीज अपेक्षा से अधिक समय तक उचित देखभाल से दूर रह रहे हैं, जिससे उनके द्वारा समुदाय में वायरस फैलाने की संभावना कई गुना बढ़ गई है।
अस्पतालों के बाहर हो रही मौतें
स्वास्थ्य अधिकारियों के लिए सबसे बड़ी चिंता का विषय समुदाय में होने वाली मौतें हैं। इबोला से हुई पहली 400 मौतों के विश्लेषण से पता चला है कि लगभग 70% मौतें उपचार केंद्रों के बाहर हुई थीं। यह इस बात का प्रमाण है कि एक बड़ी आबादी स्वास्थ्य प्रणाली की पहुंच से बाहर है।
10 लाख की आबादी वाले बुनिया में, परीक्षण किए जाने वाले हर दो में से एक मरीज की रिपोर्ट पॉजिटिव आ रही है, जो सघन और निरंतर सामुदायिक संक्रमण का स्पष्ट संकेत है।
यह भी पढ़ें:- क्यूबा में फिर पसरा अंधेरा, एक हफ्ते में दूसरी बार पूरा देश ब्लैकआउट; ट्रंप की तेल नाकाबंदी से मचा हाहाकार
निगरानी प्रणाली को मजबूत करने की कवायद
इस आपदा से निपटने के लिए अब निगरानी प्रणाली को युद्ध स्तर पर मजबूत किया जा रहा है। अधिकारियों ने 21,000 सामुदायिक स्वास्थ्य कर्मियों को विशेष प्रशिक्षण देना शुरू किया है। ये कर्मी अब घर-घर जाकर जांच करेंगे, संदिग्ध मामलों की पहचान करेंगे और लोगों को लक्षण दिखने पर तुरंत स्वास्थ्य केंद्र जाने के लिए प्रोत्साहित करेंगे। हालांकि, संक्रमण के भौगोलिक फैलाव ने चुनौती को और कठिन बना दिया है, क्योंकि वायरस अब इतुरी और उत्तरी किवु से आगे बढ़कर दक्षिणी किवु और त्शोपो प्रांत तक पैर पसार चुका है।
Congo ebola outbreak who warning unseen scale bunia infection
Get Latest Hindi News , Maharashtra News , Entertainment News , Election News , Business News , Tech , Auto , Career and Religion News only on Navbharatlive.com
Topics:
लेटेस्ट न्यूज़
गोंदिया के ग्रामीण अस्पतालों में 399 पद रिक्त, वायरल-मलेरिया के बीच स्वास्थ्य व्यवस्था पर बढ़ा दबाव
Aug 09, 2026 | 01:09 PMकोसोवो संसद में भारी हंगामा, विपक्षी सांसद ने पीएम एल्बिन कुर्ती पर अंडे फेंके
Aug 09, 2026 | 01:09 PM3 महीने के राशन का इंतजार या अगस्त का संकट? राशन दुकानों में केवल एक महीने की आपूर्ति से मचा हड़कंप
Aug 09, 2026 | 01:07 PMहिम्मत है तो रांची आएं… BJP ने राहुल गांधी को दी सीएम आवास घेरने की चुनौती, JPSC-JSSC विवाद पर सियासत तेज
Aug 09, 2026 | 01:04 PMवंचितों को मुख्यधारा में लाए बिना भारत नहीं बनेगा विश्वगुरु, खामगांव में मोहन भागवत का बड़ा बयान
Aug 09, 2026 | 01:01 PMदतिया उपचुनाव में जीत के दो दिन बाद ही बैनर से गायब हुए जीतू पटवारी, कांग्रेस में नई सियासी चर्चा शुरू
Aug 09, 2026 | 12:56 PMRaksha Bandhan: बहनें ट्राई करें ये 7 ट्रेंडी आउटफिट आइडिया, ट्रेडिशनल से इंडो वेस्टर्न तक हर लुक लगेगा खास
Aug 09, 2026 | 12:52 PMवीडियो गैलरी

JPSC-JSSC छात्रों के आंदोलन में पहुंचे पीयूष मिश्रा, बोले- युवाओं को नजरअंदाज करना सौतेला व्यवहार! देखें VIDEO
Aug 08, 2026 | 10:53 PM
ना मशीन, ना मोटर…अचानक कुएं उठने लगीं समुद्र जैसी लहरें! वैज्ञानिक वजह जानकर हैरान रह जाएंगे आप-VIDEO
Aug 08, 2026 | 09:54 PM
Exclusive: बलूचिस्तान ने किया ‘रिपब्लिक ऑफ बलूचिस्तान’ का ऐलान! 11 अगस्त को पाकिस्तान में मचेगा गदर- VIDEO
Aug 08, 2026 | 09:45 PM
यूनिवर्सिटी से मीडिया तक RSS के प्रचारक, प्रयागराज में गरजे राहुल गांधी, सरकार पर बोला तीखा हमला; देखें VIDEO
Aug 08, 2026 | 09:34 PM
15 दिन से भूख हड़ताल पर देवेंद्र नाथ महतो! उग्र हुआ JPSC-JSSC छात्रों का आंदोलन, देखें VIDEO
Aug 08, 2026 | 09:06 PM
सोनीपत वीडियो कॉल अंतिम संस्कार में सबसे बड़ा मोड़! वृद्धाश्रम के संचालक ने खोला 5100 रुपये का असली राज- VIDEO
Aug 07, 2026 | 10:47 PM













