Missing Researcher: लाहौर में कनाडाई शोधार्थी हमजा खान का अपहरण, पांच दिन बाद भी कोई सुराग नहीं
Lahore Kidnapping Mystery: लाहौर में कनाडाई शोधार्थी हमजा अहमद खान लापता हैं। परिवार का आरोप है कि उनका अपहरण हुआ है और पुलिस जांच में ढिलाई बरत रही है, जिससे उनकी सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
- Written By: प्रिया सिंह
लाहौर में कनाडाई शोधार्थी हमजा अहमद खान लापता (सोर्स- सोशल मीडिया)
Canadian Researcher Missing In Lahore: पाकिस्तान के लाहौर से एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है जहां एक कनाडाई शोधार्थी रहस्यमय तरीके से लापता हो गया है। लाहौर में कनाडाई रिसर्चर लापता होने के इस गंभीर मामले में परिवार ने पुलिस पर जांच में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। हमजा अहमद खान अपनी पीएचडी की थीसिस पर काम करने के लिए पाकिस्तान पहुंचे थे लेकिन अब उनके अपहरण की आशंका है। लाहौर पुलिस अभी तक इस मामले में किसी भी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच पाई है जिससे हमजा के परिवार में भारी डर है।
लापता होने का घटनाक्रम
हमजा अहमद खान 13 फरवरी को अपनी पीएचडी की पढ़ाई से संबंधित रिसर्च के लिए पाकिस्तान आए थे और दोस्त के पास रुके थे। वह लाहौर के डीएचए इलाके में अपने मित्र यूसुफ रशीद के साथ ठहरे हुए थे जब 19 फरवरी को यह घटना घटी। 19 फरवरी की रात लगभग 1 से 2 बजे के बीच उन्होंने एक राइड-हेलिंग ऐप के जरिए कैब बुक की और बाहर निकले थे।
दोस्त द्वारा तलाश
दोस्त यूसुफ रशीद ने पुलिस को बताया कि उन्होंने हमजा को खुद भी ढूंढने की काफी कोशिश की लेकिन वह कामयाब नहीं हुए। रशीद को डर है कि हमजा को किसी अज्ञात समूह द्वारा किडनैप कर लिया गया है और उन्होंने कानूनी कार्रवाई की मांग की है। पाकिस्तान के अखबार डॉन के अनुसार इस मामले की एफआईआर यूसुफ रशीद की शिकायत पर ही पुलिस स्टेशन में दर्ज की गई है।
सम्बंधित ख़बरें
Abraham Accord: अब्राहम समझौता और पाकिस्तान का पासपोर्ट; जानिए इस डील के बाद क्या और क्यों बदलना पड़ेगा
जम्मू-कश्मीर पर किसी को टिप्पणी का हक नहीं, चीन-पाकिस्तान को भारत की दो टूक, विवादित CPEC पर भी जताई आपत्ति
पाकिस्तान के क्वेटा में बड़ा बम धमाका, आत्मघाती हमलावर ने उड़ाया रेलवे ट्रैक, 23 लोगों की मौत, कई घायल- VIDEO
कैमरे के सामने पहली बार आई BLA Female Commander, दुनिया को दी खुली चुनौती, वीडियो वायरल
बीच रास्ते में यात्रा रद
हमजा के भाई अवैस अहमद खान ने बताया कि कैब कंपनी से मिली जानकारी के अनुसार यात्रा को बीच रास्ते में रद किया गया था। अवैस ने दावा किया कि उनके भाई ने कैब में एक लड़की को उसके घर सुरक्षित छोड़ा और फिर अपने घर के लिए रवाना हुए। हालांकि वह अपने निवास स्थान डीएचए तक कभी नहीं पहुंचे और उनका मोबाइल फोन भी बंद हो गया जो एक चिंताजनक संकेत है।
सीसीटीवी फुटेज का साक्ष्य
अवैस के अनुसार उनके पास उस घर की सीसीटीवी फुटेज भी मौजूद है जहां हमजा ने लड़की को आखिरी बार रात में छोड़ा था। फुटेज में हमजा को वहां से निकलते हुए देखा जा सकता है लेकिन इसके बाद वह अपने घर के रास्ते में गायब हो गए। परिवार का आरोप है कि लाहौर पुलिस मामले की जांच में बिल्कुल भी सहयोग नहीं कर रही है और न ही कैब कंपनी से विवरण मांग रही है।
पुलिस की कथित लापरवाही
अवैस अहमद खान ने आरोप लगाया कि पुलिस ने अब तक उस कैब कंपनी से संपर्क नहीं किया है जिससे हमजा ने राइड ली थी। अगर कानून प्रवर्तन एजेंसियां कंपनी से संपर्क करती हैं तो हमजा की लोकेशन के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की जा सकती है। पुलिस की इस निष्क्रियता के कारण परिवार को अपनी निजी स्तर पर जांच करने और साक्ष्य जुटाने के लिए मजबूर होना पड़ा है।
दूतावास से सहायता की अपील
हमजा के भाई जो वर्तमान में अमेरिका में रहते हैं उन्होंने मामले को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उठाने और दूतावास से संपर्क की बात कही है। अवैस के अनुसार वे अपने भाई की सुरक्षित वापसी के लिए जल्द ही अदालत में एक याचिका दायर करने पर भी विचार कर रहे हैं। कराची में रह रहे हमजा के माता-पिता अपने बेटे की खबर न मिलने के कारण बहुत गहरे सदमे और मानसिक तनाव में जी रहे हैं।
यह भी पढ़ें: 70 साल की उम्र में परवान चढ़ा इश्क, 22 साल की लड़की से पाकिस्तानी चिचा ने किया निकाह, नीदरलैंड्स में हनीमून
जांच की वर्तमान स्थिति
सीनियर सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस मुहम्मद नवीद ने मीडिया को बताया कि जांचकर्ताओं को अभी तक हमजा खान का कोई सुराग नहीं मिला है। पुलिस का दावा है कि उन्होंने शिकायतकर्ता और राइड-हेलिंग सेवा से कुछ प्रारंभिक विवरण प्राप्त किए हैं और तलाश जारी है। पांच दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस की किसी भी छापेमारी या तलाशी अभियान में कोई संदिग्ध सफलता हाथ नहीं लगी है।
