कनाडा में बदल रहा लेबर मार्केट, विदेशी श्रमिकों के लिए फजीहत, PM जस्टिन ट्रूडो ने की ये घोषणा
कनाडा ने विदेशी श्रमिकों को लेकर एक अहम फैसला लिया। प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने सोमवार को इस फैसले की घोषणा भी कर दी। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार देश में कम वेतन वाले लोगों और अस्थायी विदेशी श्रमिकों की संख्या को कम कर रही है।
- Written By: साक्षी सिंह
कनाडाई पीएम जस्टिन ट्रूडो
ओटावा: कनाडा ने विदेशी श्रमिकों को लेकर एक अहम फैसला लिया। प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने सोमवार को इस फैसले की घोषणा भी कर दी। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार देश में कम वेतन वाले लोगों और अस्थायी विदेशी श्रमिकों की संख्या को कम कर रही है।
ट्रूडो ने आगे ये भी कहा कि अब समय आ गया है कि कनाडा सरकार देश के व्यवसायों के लिए घरेलू कामगारों और युवाओं पर निवेश करे। जस्टिन ट्रूडो ने ये जानकारी एक सोशल मीडिया साइट पर पोस्ट के जरिए दी। उन्होंने कहा कि अब लेबर मार्केट बदल गया है।
ये भी पढ़ें:-अमेरिका को रास आया पीएम मोदी का यूक्रेन दौरा, जो बाइडन ने प्रधानमंत्री से फोन पर की दौरे की चर्चा
सम्बंधित ख़बरें
कनाडा का नया इमिग्रेशन Bill C-12 लागू, हजारों भारतीयों पर मंडराया डिपोर्टेशन का भारी खतरा
T20 World Cup 2026 के मैच पर फिक्सिंग का साया! कनाडा-न्यूजीलैंड मुकाबले की जांच में जुटा ICC
हर दिन लाखों बैरल तेल का उत्पादन करने वाला देश Canada, आखिर क्यों करता है विदेशों से तेल का आयात?
भारतीय छात्रों पर गिरी गाज, Canada का नया फरमान, 21 दिन में नहीं किया ये काम तो हो जाएंगे डिपोर्ट
ट्रूडो ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि हम कनाडा में कम वेतन वाले, अस्थायी विदेशी श्रमिकों की संख्या कम कर रहे हैं। लेबर मार्केट बदल गया है। अब हमारे व्यवसायों के लिए कनाडाई श्रमिकों और युवाओं पर निवेश करने का समय आ गया है।
We’re reducing the number of low-wage, temporary foreign workers in Canada. The labour market has changed. Now is the time for our businesses to invest in Canadian workers and youth. — Justin Trudeau (@JustinTrudeau) August 26, 2024
बढ़ती आबादी की समस्या से जूझ रहा कनाडा
ये कदम ऐसे वक्त पर उठाया गया है, जब कनाडा बढ़ती आबादी की समस्या से जूझ रहा है। अर्थशास्त्रियों की मानें तो इस समस्या ने आवास और स्वास्थ्य सेवा जैसी सार्वजनिक सेवाओं पर दबाव डाला है।
ये भी पढ़ें:-पाकिस्तान में उग्र हुआ बलूच लिबरेशन आंदोलन, राष्ट्रीय पहचान पत्र रखने वाले 33 लोगों की बेरहमी से हत्या
ट्रूडो सरकार की आलोचना
फेडरल आंकड़ों के मुताबिक, पिछले साल कनाडा की जो आबादी बढ़ी, उसके पीछे का सबसे बड़ा कारण आप्रवासन था। ट्रूडो और उनकी सरकार की इस बात को लेकर आलोचना होती है कि वो देश में सेवाओं और आवास निर्माण जैसी सुविधाओं को बढ़ाए बिना आप्रवासन को बढ़ावा दे रहे हैं।
कनाडा की बेरोजगारी दर
वहीं कनाडा की बेरोजगारी दर पिछले दो महीनों में बढ़कर 6.4 फीसदी हो गई है।इ सका मतलब ये कि पूरे देश में अनुमानित 14 लाख लोग बेरोजगार हैं।
