पश्चिम बंगाल में TMC को दोहरा झटका, पार्षद बप्पादित्य और पूर्व विधायक सुजॉय हाजरा गिरफ्तार; लगे गंभीर आरोप
TMC Leaders Arrested: पश्चिम बंगाल में पुलिस ने TMC पार्षद बप्पादित्य दासगुप्ता और पूर्व विधायक सुजॉय हाजरा को गिरफ्तार किया है। इन पर जबरन वसूली और जमीन कब्जाने का आरोप हैं।
- Written By: अमन उपाध्याय
ममता बनर्जी और बप्पादित्य दासगुप्ता, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Bappaditya Dasgupta TMC Leaders Arrested: पश्चिम बंगाल की राजनीति में भ्रष्टाचार और जबरन वसूली के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई है। रविवार, 7 जून को TMC के दो बड़े नेताओं कोलकाता नगर निगम के पार्षद बप्पादित्य दासगुप्ता और पूर्व विधायक सुजॉय हाजर को अलग-अलग मामलों में गिरफ्तार किया गया है। इन दोनों नेताओं पर जबरन वसूली, भ्रष्टाचार और जमीन कब्जाने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
‘चोर-चोर’ के नारों के बीच गिरफ्तारी
कोलकाता नगर निगम के वार्ड नंबर 101 से पार्षद बप्पादित्य दासगुप्ता को शनिवार को पटुली थाने की पुलिस ने जबरन वसूली के आरोप में हिरासत में लिया। गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस उन्हें थाने लेकर पहुंची, तो वहां का माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया।
स्थानीय लोगों की भारी भीड़ ने पुलिस वाहन को घेर लिया और पार्षद के खिलाफ ‘चोर-चोर’ के जमकर नारे लगाए। दासगुप्ता न केवल पार्षद हैं, बल्कि वे केएमसी में तृणमूल पार्षदों के चीफ व्हिप की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी भी संभाल रहे थे।
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पुराने विवादों का साया
बप्पादित्य दासगुप्ता का राजनीतिक इतिहास उतार-चढ़ाव भरा रहा है। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत भारतीय जनता पार्टी से की थी, लेकिन साल 2010 में पूर्व मंत्री पार्थ चटर्जी के प्रभाव में आकर उन्होंने तृणमूल कांग्रेस का दामन थाम लिया। 2015 में पहली बार पार्षद बनने के बाद उन्होंने पार्टी में अपना कद बढ़ाया।
हालांकि, उन पर 2021 के विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं के घरों में तोड़फोड़ करने और हिंसा फैलाने के आरोप भी लगते रहे हैं। इसके अलावा, स्थानीय लोगों ने उन पर मकान निर्माण की अनुमति दिलाने के बदले रिश्वत लेने की शिकायतें भी दर्ज कराई हैं।
रेलवे स्टेशन से भागने की कोशिश में धराए पूर्व विधायक
सुजॉय हाजरा एक अन्य बड़ी कार्रवाई में पश्चिम मिदनापुर जिले की मेदिनीपुर विधानसभा सीट से टीएमसी के पूर्व विधायक सुजॉय हाजरा को शनिवार रात गिरफ्तार किया गया। पुलिस को सूचना मिली थी कि हाजरा खड़गपुर रेलवे स्टेशन से भागने की फिराक में हैं, जिसके बाद पुलिस ने जाल बिछाकर उन्हें धर दबोचा। सुजॉय हाजरा पिछले महीने की 4 तारीख से ही फरार चल रहे थे और पुलिस उनकी तलाश में लगातार छापेमारी कर रही थी।
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पुलिस प्रशासन का रुख
जिले की पुलिस अधीक्षक (SP) पापिया सुल्ताना ने इस गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि सुजॉय हाजरा के खिलाफ जमीन कब्जाने और जबरन वसूली सहित कई गंभीर मामले दर्ज हैं। उन्हें पहले जांच के लिए सालबनी थाने में बुलाया गया था, लेकिन वे वहां पेश नहीं हुए और छिपने की कोशिश करने लगे।
पुलिस अब दोनों नेताओं से गहन पूछताछ कर रही है ताकि इन भ्रष्टाचार और अपराध के मामलों से जुड़े अन्य सूत्रों का पता लगाया जा सके। बंगाल की राजनीति में इन दो बड़ी गिरफ्तारियों ने सत्ताधारी पार्टी की मुश्किलों को बढ़ा दिया है।
