गोवा के स्वास्थ्य मंत्री ने एक डॉक्टर को सार्वजनिक रूप से सस्पेंड किया (फोटो- सोशल मीडिया)
पणजी: गोवा के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल में उस वक्त हड़कंप मच गया जब एक वरिष्ठ डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगा और खुद स्वास्थ्य मंत्री ने सार्वजनिक रूप से उन्हें बर्खास्त कर दिया। मामला तब और बढ़ गया जब इसका वीडियो वायरल हो गया और डॉक्टरों में आक्रोश फैल गया। पूरे विवाद के केंद्र में थे डॉ. रुद्रेश कुर्तिकर, जिन पर एक पत्रकार ने गंभीर आरोप लगाए। इस घटनाक्रम पर मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत को भी हस्तक्षेप करना पड़ा और उन्होंने डॉक्टर को बहाल करने का फैसला लिया। अब यह मुद्दा राज्यभर में चर्चा का विषय बन गया है।
स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे द्वारा लिए गए इस फैसले के बाद न केवल चिकित्सा समुदाय में नाराजगी देखी गई, बल्कि सोशल मीडिया पर भी मंत्री के व्यवहार को लेकर सवाल उठने लगे। डॉक्टर को बर्खास्त किए जाने की कार्रवाई का वीडियो वायरल हुआ, जिसमें मंत्री उन्हें सार्वजनिक रूप से फटकारते नजर आए। मामला जब सीएम प्रमोद सावंत तक पहुंचा तो उन्होंने तुरंत समीक्षा की और डॉक्टर को निलंबित न करने का निर्देश दिया। इससे यह स्पष्ट हो गया कि सरकार चिकित्सा पेशेवरों के पक्ष में संतुलित रुख अपनाना चाहती है।
I have reviewed the issue at Goa Medical College and held discussions with the Health Minister. I want to assure the people of Goa that Dr. Rudresh Kuttikar will not be suspended. The State Government and our dedicated medical team remain fully committed to ensuring the highest… — Dr. Pramod Sawant (@DrPramodPSawant) June 8, 2025
स्वास्थ्य मंत्री का एक्शन और वायरल वीडियो
घटना गोवा मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल की है, जहां एक पत्रकार की शिकायत पर स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे ने इमरजेंसी वार्ड में तैनात वरिष्ठ डॉक्टर डॉ. रुद्रेश कुर्तिकर को पहले सस्पेंड और फिर बर्खास्त कर दिया। पत्रकार ने आरोप लगाया कि डॉक्टर ने उनकी सास के साथ दुर्व्यवहार किया और इलाज से वंचित रखा। मंत्री की कार्रवाई का वीडियो सामने आया जिसमें वे डॉक्टर को सख्त लहजे में फटकारते दिखे। इसके बाद सोशल मीडिया पर इस घटना ने जोर पकड़ लिया और मामला तूल पकड़ गया।
Is @visrane truly fit to serve as Goa’s Health Minister? His increasingly erratic and unstable behaviour raises serious concerns about his ability to responsibly oversee the state’s health system. The shocking incident at Goa Medical College (GMC) where Vishwajit Rane chose to… pic.twitter.com/g2kvRRkmtC — Sarkari Doctor (@sarkari_doctor) June 7, 2025
सीएम प्रमोद सावंत ने दी सफाई और फैसला
राज्य में विवाद गहराने के बाद मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने खुद अस्पताल का दौरा किया और पूरे मामले की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि डॉक्टर रुद्रेश कुर्तिकर को निलंबित नहीं किया जाएगा। सीएम ने यह भी कहा कि राज्य सरकार सभी नागरिकों को उच्च गुणवत्ता की स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है और डॉक्टरों की सेवाओं का पूरा सम्मान करती है। उनके इस फैसले से चिकित्सा समुदाय को राहत मिली और विवाद पर कुछ हद तक विराम लगा।