

Delhi Satya Niketan Building Accident: राजधानी दिल्ली के सत्या निकेतन इलाके में हुए दर्दनाक बिल्डिंग हादसे ने कई परिवारों को गहरा सदमा दिया है। इस हादसे में जान गंवाने वाले छात्रों में 20 वर्षीय अभिषेक भी शामिल था। बेटे की मौत के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। अभिषेक के पिता संतोष खरवार ने हादसे के लिए बिल्डिंग मालिक को जिम्मेदार ठहराते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं।
अभिषेक के पिता का कहना है कि यदि इमारत में किसी प्रकार का निर्माण या मरम्मत कार्य कराया जा रहा था तो वहां रह रहे लोगों को पहले ही सुरक्षित स्थान पर भेज देना चाहिए था। उन्होंने कहा कि बिल्डिंग में रहने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना मालिक और संबंधित जिम्मेदार लोगों की प्राथमिक जिम्मेदारी थी।
पिता ने बताया कि उनकी बेटे अभिषेक से 5 सितंबर को बातचीत हुई थी। इसी दौरान उन्होंने उसके हॉस्टल की फीस भी जमा की थी। लेकिन 6 सितंबर को उनकी बेटे से बात नहीं हो सकी। इसके बाद बिल्डिंग हादसे की खबर ने पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया।
अपने जवान बेटे को खोने के गम में संतोष खरवार ने कहा कि जिस मां-बाप ने अपने बच्चे को बचपन से पाल-पोसकर बड़ा किया हो, उसके खोने का दर्द शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। इस दौरान परिवार का दर्द साफ दिखाई दिया। अभिषेक की मां की हालत भी बेहद खराब बताई जा रही है और वह लगातार रोती रहीं।
सत्या निकेतन बिल्डिंग हादसे में कुल 7 लोगों की मौत की बात सामने आई है, जिनमें 5 छात्र शामिल बताए जा रहे हैं। अभिषेक की मौत के बाद उसके परिवार ने अंतिम संस्कार कर अपने 20 वर्षीय बेटे को अंतिम विदाई दी।
वहीं अभिषेक के पिता ने दिल्ली के मुख्यमंत्री से मांग की है कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए ठोस और प्रभावी व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि छात्रों के हॉस्टल और पीजी में सुरक्षा व्यवस्था, भवन की स्थिति, खाने की गुणवत्ता और अन्य सुविधाओं की नियमित जांच होनी चाहिए।
परिवार की मांग है कि इस दर्दनाक हादसे से सबक लेते हुए ऐसी व्यवस्था बनाई जाए, जिससे भविष्य में किसी अन्य परिवार को अपने बच्चे को इस तरह असमय न खोना पड़े।