योगी सरकार ने पेश किया बजट, फोटो- नवभारत डिजाइन
Uttar Pradesh Budget 2026-27: सीएम योगी आदित्यनाथ की सरकार ने यूपी के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा बजट पेश किया है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने सदन में 9.12 लाख करोड़ रुपये का बजट उत्तर प्रदेश को ‘रिकॉर्ड ग्रोथ’ की ओर ले जाने का विजन रखते हुए पेश किया है। अगले साल यानी 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले आए इस बजट में सरकार ने युवाओं, किसानों और महिला सशक्तिकरण को अपनी प्राथमिकताओं में सबसे ऊपर रखा है।
बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने प्रदेश की आर्थिक प्रगति के आंकड़े पेश किए। उन्होंने बताया कि साल 2024-25 के लिए राज्य का सकल राज्य घरेलू उत्पाद (GSDP) 30.25 लाख करोड़ रुपये आंका गया है जो पिछले साल की तुलना में 13.4 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी को दर्शाता है। सबसे खास बात यह है कि प्रदेश में प्रति व्यक्ति आय 1.10 लाख रुपये तक पहुंच गई है। ये साल 2016-17 के 54,564 रुपये के मुकाबले दोगुने से भी ज्यादा है। सरकार ने लक्ष्य बनाया है कि साल 2025-26 तक इसे 1,20,000 रुपये तक लेकर जाया जाए।
वित्त मंत्री ने बताया कि देश का 65 प्रतिशत मोबाइल फोन प्रोडक्शन अकेले उत्तर प्रदेश में हो रहा है। इसके अलावा, प्रदेश में अब तक 15 लाख करोड़ रुपये का निवेश आ चुका है। फरवरी 2024 में हुए ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के बाद अब तक लगभग 50 लाख करोड़ रुपये के एमओयू (MoU) साइन हो चुके हैं, जिनसे आने वाले समय में तकरीबन 10 लाख नए जॉब्स मिलने की संभावना जताई गई है।
खेती-किसानी के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश ने अपनी बादशाहत कायम रखी है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना की मानें तो यूपी गेहूं और आलू उत्पादन में देश में नंबर वन पर है। सरकार ने गन्ना किसानों को रिकॉर्ड भुगतान किया है और अब प्रदेश में एग्री एक्सपोर्ट हब बनाने की योजना है।
इसके साथ ही सामाजिक मोर्चे पर बड़ी उपलब्धि का दावा करते हुए सरकार ने बताया कि पिछले कुछ साल में लगभग 6 करोड़ लोग बहुआयामी गरीबी से बाहर आए हैं। साथ ही, प्रदेश में बेरोजगारी दर में ऐतिहासिक गिरावट दर्ज की गई है, जो अब घटकर मात्र 2.24 प्रतिशत रह गई है।
उत्तर प्रदेश बजट में युवाओं, शिक्षा और कृषि पर खास फोकस दिखा। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि नई योजनाओं के लिए 750 करोड़ और अयोध्या के लिए 100 करोड़ रुपये प्रस्तावित हैं। युवाओं को 40 लाख टैबलेट और स्मार्टफोन देने के लिए 2374 करोड़ रुपये रखे गए हैं, जबकि 10 लाख रोजगार अवसर देने का दावा भी किया गया।
एसडीजी इंडिया इंडेक्स में उत्तर प्रदेश की रैंकिंग, जो वर्ष 2018–2019 में 29वें स्थान पर थी, बेहतर होकर वर्ष 2023–2024 में 18वें स्थान पर आ गई है। राज्य सरकार द्वारा फरवरी-2024 में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का सफल आयोजन किया गया। अब तक लगभग ₹50 लाख करोड़ के एमओयू हस्ताक्षरित हो… pic.twitter.com/UnkjsHyjrO — Government of UP (@UPGovt) February 11, 2026
अभ्युदय योजना के 163 केंद्रों पर 23 हजार से अधिक युवाओं को मुफ्त कोचिंग मिल रही है और 108 ब्लॉकों में मुख्यमंत्री फेलोशिप कार्यक्रम चल रहा है। साथ ही छात्राओं को स्कूटी के लिए 400 करोड़, माध्यमिक शिक्षा हेतु 22,167 करोड़ और उच्च शिक्षा के लिए 6,195 करोड़ प्रस्तावित हैं।
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विधानसभा में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि बेटियों की शादी के लिए मिलने वाली सहायता राशि को 1 लाख रुपये किया जाएगा। पहले यह सहायता राशि 50 हजार रूपये थी।
बजट में बुनियादी सेवाओं के लिए बड़े आवंटन किए गए हैं:
• चिकित्सा शिक्षा: इस क्षेत्र के लिए 14,297 करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं।
• महिला सुरक्षा: ‘मिशन शक्ति’ के तहत पुलिस के लिए वाहनों की खरीद हेतु 25 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
• कानून व्यवस्था: सरकार ने दावा किया कि सुदृढ़ कानून व्यवस्था के कारण अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई हुई है और महिला अपराधों में काफी कमी आई है।
• डिजिटल इंडिया: भविष्य की जरूरतों को देखते हुए यूपी में डाटा सेंटर बनाए जाएंगे।