

Yogi Government's Safar Sakhi Scheme: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक और अभिनव पहल करने जा रही है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत प्रयागराज में स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं को 'सफर सखी' के रूप में तैयार किया जाएगा। ये महिलाएं अब गांवों में बैठकर रेलवे, रोडवेज और हवाई यात्रा के टिकट बुक करने के साथ-साथ पर्यटन एवं यात्रा संबंधी सेवाएं भी उपलब्ध कराएंगी।
एनआरएलएम की उपायुक्त शमा सिंह ने बताया कि जिले में पहले चरण में पांच महिलाओं का चयन किया गया है। कुल दस महिलाओं को इस योजना से जोड़ा जाना है। चयनित महिलाओं को टिकट बुकिंग, ऑनलाइन ट्रांजेक्शन और ट्रैवल मैनेजमेंट की विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी, ताकि वे ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को बेहतर यात्रा सुविधाएं उपलब्ध करा सकें।
'सफर सखी' के रूप में चयनित महिलाएं टूर ऑपरेटर कंपनियों के एजेंट की भूमिका निभाएंगी। इनके कार्यालय गांवों में ही संचालित होंगे, जहां लैपटॉप, कंप्यूटर और इंटरनेट जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। ये महिलाएं रेलवे, बस और फ्लाइट टिकट बुक करने के साथ-साथ तीर्थयात्रियों और पर्यटकों के लिए होटल, होम-स्टे और रिसॉर्ट में ठहरने की व्यवस्था भी कराएंगी।
इस योजना के तहत बस और ट्रेन टिकट बुकिंग पर 1 से 8 प्रतिशत तक कमीशन मिलेगा। फ्लाइट टिकट बुकिंग पर 80 से 200 रुपये तक सेवा शुल्क मिलेगा, जबकि हॉलिडे पैकेज की बुकिंग से भी अतिरिक्त आय होगी। अधिकारियों के अनुसार, एक सक्रिय 'सफर सखी' प्रतिमाह 30 हजार से 50 हजार रुपये तक की आय अर्जित कर सकती है।
प्रदेश में तेजी से विकसित हो रहे रूरल और एग्री टूरिज्म को देखते हुए इन महिलाओं को ग्रामीण पर्यटन की एम्बेसडर की भूमिका भी दी जाएगी। भविष्य में इन्हें स्थानीय कैब और परिवहन सेवाओं से जोड़कर यात्रा समन्वय की जिम्मेदारी भी सौंपी जाएगी। इस पहल से न केवल ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि गांवों में ही लोगों को आधुनिक यात्रा सेवाएं भी आसानी से उपलब्ध हो सकेंगी।