

Akhilesh Raises Questions; Demands An Impartial Investigation: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में बुधवार शाम दुखद हादसे में तीन लोगों की मौत जबकि 10 लोग गंभीर रूप से झुलस गए। ये मामला गुलरिहा थाना के अंतर्गत रजही कैंप के अयोध्या प्रसाद चौहान चौराहे का है। लगभग छह फीट ऊंची एक मूर्ति, शाम 4:00 से 4:30 बजे के बीच हाई-टेंशन तार के संपर्क में आ गई।
मूर्ति एक लोहे के ढांचे पर रखी थी, जो हाई-टेंशन तार से छू गया। जिससे ट्रॉली में करंट उतर गया। इस हादसे के बाद तत्काल घायलों को बीआरडी मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने 3 को मृत घोषित कर दिया। मृतकों में 2 सगे भाई हैं।
घटना की सूचना मिलने के बाद मृतकों और घायलों के परिजनों ने सड़क जाम कर दिया। इसके बाद प्रशासन के आश्वासन के बाद सड़क को खाली कराया गया। इस मामले में 1 पुलिसकर्मी को भी करंट लगने की जानकारी सामने आ रही है।
ये हादसा बुधवार शाम करीब 4 से 4:30 बजे का आसपास का बताया जा रहा है। इस हादसे में दो सगे भाइयों (लकी और विक्की) समेत तीन युवकों की मौत हो गई और 10 लोग झुलस गए। घटना की सूचना मिलने के बाद ग्रामीणों ने बिजली विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए गोरखपुर-महराजगंज फोरलेन को जाम कर दिया। बाद में पुलिस ने उन्हें समझा-बुझाकर रास्ता खाली करवा लिया गया। जरूरी कानूनी कार्रवाई की जा रही है। स्थिति पूरी तरह से शांतिपूर्ण है।
इस मामले को लेकर एसएसपी डॉ. कौस्तुभ ने बताया मूर्ति एक लोहे के ढांचे पर रखी थी, जो हाई-टेंशन तार से छू गया। मूर्ति के साथ दो पुलिस कांस्टेबल मौजूद थे। दोनों को अब सस्पेंड कर दिया गया है। एक कांस्टेबल को भी हल्का करंट लगा है और फिलहाल उसका इलाज चल रहा है। मृतकों के परिवारों की सभी मांगें मान ली गई हैं।
इस मामले को लेकर अखिलेश यादव ने X पर ट्वीट कर अपनी संवेदना व्यक्त करते हुए कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने लिखा है कि यह अत्यंत दुखद समाचार है कि दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के दौरान करंट लगने से 3 बच्चों की मृत्यु हो गई और कई लोग घायल हो गए। मृतकों को विनम्र श्रद्धांजलि एवं शोकाकुल परिजनों के प्रति हमारी गहरी संवेदनाएं। प्रशासन से अपील है कि घायलों के लिए तत्काल राहत एवं समुचित उपचार की व्यवस्था की जाए। साथ ही करंट लगने के कारणों और दुर्घटना स्थल पर सुरक्षा व चेतावनी व्यवस्था में हुई लापरवाही की निष्पक्ष जाँच हो। प्रशासनिक लापरवाही के कारण किसी की जान जाना, प्रशासन की सबसे बड़ी विफलता है।
अयोध्या प्रसाद चौहान समिति हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित की थी। नवरात्रि समापन के बाद आज शाम को समिति के द्वारा मां के प्रतिमा का विसर्जन होना था। टैक्टर ट्राली पर रखकर प्रतिमा को विसर्जन के लिए समिति के द्वारा ले जाया जा रहा था।
इलाके की बिजली की सप्लाई को बंद कराया गया था। मूर्ति अभी इलाके से बाहर नहीं निकल पाई थी उसी दौरान बिजली की सप्लाई शुरू हो गई। इस कारण दुखद हादसा होने की जानकारी सामने आ रही है।