राम मंदिर दान चोरी विवाद: ट्रस्ट ने अफवाहों पर लगाया विराम, मीडिया के सामने रखीं दान दी गई वस्तुओं की लिस्ट
Ram Mandir Donation Theft Case: राम मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दावा किया कि रामलला को भेंट की गई सभी वस्तुएं सुरक्षित हैं, SIT की फाइनल रिपोर्ट 22 जुलाई को आएगी
- Written By: स्निग्धा श्रीवास्तव
कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि (सोर्स- सोशल मीडिया)
Press Conference On Ram Mandir Donation Theft Case: राम मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि ने आज ट्रस्ट की बैठक के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सभी अफवाहों पर विराम लगा दिया। स्वामी गोविंद देव गिरि ने मीडिया के बेहद अक्रामक अंदाज में चल रहे सवालों और अफवाहों की धज्जियां उड़ाते हुए कहा कि रामलला को भेंट की गई सभी वस्तुएं सुरक्षित है।
2800 वस्तुओं की लिस्ट लेकर आए कोषाध्यक्ष
राम मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि ने मीडिया के सामने कहा कि जैसा कि सोशल मीडिया पर बताया जा रहा है कि रामलला को भेंट की गई बेशकीमती वस्तुएं गायब हो गई हैं। उन लोगों के लिए सभी 2800 वस्तुओं की लिस्ट लाया हूं। देव गिरि ने प्रेस क्रॉन्फ्रेंस के बाद सारी वस्तुओं की लिस्ट भी सबके सामने रखी।
कोषाध्यक्ष ने मीडिया के सामने एक बड़ा रजिस्टर दिखाते हुए सभी अफवाहों पर विराम लगाते हुए कहा कि प्रसार माध्यमों में जो बड़ी-बड़ी बातें करके बड़ा मुद्दा बनाया जा रहा है वह पूरी तरह झूठ है। उन्होंने कहा कि समाज को इस तरह के झूठ के प्रचार-प्रसार से सावधान रहना चाहिए, कहा जा रहा है कि केवल पैसों की चोरी नहीं हुई, बल्कि रामलला को अर्पित की गई कीमती वस्तुएं भी गायब है ऐसे में आज मैं आपके सबके सामने पूरा सच रखने के लिए आया हूं।
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रामलला को अर्पित की गई कीमती वस्तुएं सुरक्षित
गोविंद देव गिरि ने कहा कि ट्रस्ट के पास रामलला को भेंट की गई सभी 2,800 अनमोल वस्तुओं का पूरा रजिस्टर बनाया गया है जिसमें सारे रिकॉर्ड मौजूद है। बता दें कि विपक्ष और अफवाह फैलाने वालों को जवाब देने के लिए कोषाध्यक्ष खुद प्रेस कॉन्फ्रेंस में सभी वस्तुओं के नमूने लेकर पहुंचे थे। कोषाध्यक्ष ने रामलला को भेंट की गई ऐतिहासिक रामायण की पुस्तक, काकभुशुंडि जी महाराज की प्रतिमा, गले का बहुमूल्य हार और पवित्र चरण पादुकाएं भी देश के सामने दिखाई और कहा कि एक-एक सामान पूरी तरह सुरक्षित है और कोई भी समान गायब है।
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चंपत राय के ऐतिहासिक योगदान के लिए की सराहना
गोविंद देव गिरि ने कहा कि दान चोरी की घटना से आहत होकर महामंत्री चंपत राय और न्यासी अनिल मिश्रा ने अपना त्यागपत्र सौंप दिया था क्योंकि वे इस घटना से अत्यंत वेदना में थे। उनका मानना है कि जब तक अपराधियों को सजा नहीं मिल जाती तब तक उनका इस पद पर बने रहना उचित नहीं है। उन्होंने राम मंदिर आंदोलन से लेकर राम मंदिर निर्माण तक चंपत राय के ऐतिहासिक योगदान के लिए जमकर सराहना की।
नए अंतरिम महामंत्री बने कृष्ण मोहन
गोविंद देव गिरि ने ऐलान करते हुए कि चंपत राय के इस्तीफे के बाद खाली हुए इस महत्वपूर्ण पद की जिम्मेदारी नूतन न्यासी कृष्ण मोहन को सौंपी गई है। कृष्ण मोहन ही अब ट्रस्ट के नए अंतरिम महामंत्री के रूप में कार्य भार संभालेंगे।
22 जुलाई को पेश होगी SIT की फाइनल रिपोर्ट
गोविंद देव गिरि ने जानकारी देते हुए बताया कहा कि 22 जुलाई को होने वाली अगली बैठक तक एसआईटी के जांच की फाइनल रिपोर्ट सामने आ जाएगी। चोरी छोटी हो या बड़ी हमारे लिए अत्यंत लज्जाजनक। उन्होंने राजनीतिक दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि इस घटना की आड़ में राम मंदिर को बदनाम ना करें। आज रामभक्ति के नाम पर वे लोग पाठ पढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं जिन्होंने कभी कारसेवकों पर गोलियां चलवाई थीं।
