राम मंदिर ध्वज की पहली झलक आई सामने, 161 फीट ऊंची चोटी पर फहराएगा 20 फीट का धर्म ध्वज, देखें तस्वीर
Ram Mandir Dhwajarohan: अयोध्या राम मंदिर के 'शिखर' पर मंगलवार को 10 फीट ऊंचा और 20 फीट लंबा केसरिया धर्म ध्वज फहराया जाएगा, जो त्याग और रामराज्य के आदर्शों का प्रतीक है। इसकी पहली झलक सामने आ गई है।
- Written By: प्रतीक पाण्डेय
20 फीट विशाल केसरिया धर्म ध्वज की पहली तस्वीर आई सामने, फोटो- सोशल मीडिया
Ayodhya Ram Mandir Hindi News: अयोध्या के राम मंदिर में मंगलवार को ध्वजारोहण कार्यक्रम को भव्य बनाने के लिए विशेष तैयारी है। राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने बताया कि 10 फुट ऊंचा और 20 फुट लंबा यह केसरिया ‘धर्म ध्वज’ त्याग और समर्पण का प्रतीक है, जिसे मंदिर के शिखर पर फहराया जाएगा।
राम मंदिर पर लगने वाली धर्म ध्वजा की पहली तस्वीर सामने आ गई है। यह केसरिया रंग की समकोण त्रिभुजाकार (राइट-एंगल्ड ट्रायंगुलर) ध्वजा है, जिसकी ऊंचाई 10 फुट और लंबाई 20 फुट है। यह तिकोना समकोण त्रिभुज का ध्वज अग्नि की ज्वाला और उगते हुए सूर्य का रंग दिखाता है।
ध्वज की विशिष्टता: 161 फीट की ऊंचाई के लिए विशेष डिजाइन
इस झंडे का वजन दो से तीन किलोग्राम के बीच है। ध्वज को अहमदाबाद के एक पैराशूट स्पेशलिस्ट ने डिजाइन किया है। इसे मंदिर की 161 फीट ऊंची चोटी और 42 फीट ऊंचे झंडे के खंभे के ऊपर के कठिन हालात को झेलने के लिए बनाया गया है। राम जन्मभूमि मंदिर के ऊपर यह ‘धर्म ध्वज’ फहराया जाएगा।
सम्बंधित ख़बरें
Cashless Health Scheme: योगी सरकार का शिक्षकों को दोहरा तोहफा, कैशलेस इलाज और 1.5 करोड़ के बीमा कवर की सौगात
राम मंदिर चढ़ावा विवाद में नई SIT गठित, IG किरण एस को मिली कमान; सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सरकार ने लिया फैसला
4 महीने मौन रहेंगे चंपत राय, राम मंदिर ट्रस्ट से इस्तीफे के बाद बड़ा फैसला; देवशयनी एकादशी से लिया मौन व्रत
मैनपुरी के नाम से डरते थे लोग…CM योगी का विपक्ष पर हमला, अपराध-परिवारवाद को बढ़ावा देने का लगाया आरोप
सूर्य, ॐ और कोविदार वृक्ष का प्रतीकात्मक महत्व
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने बताया कि यह ‘धर्म ध्वज’ त्याग और समर्पण का प्रतीक है। यह पवित्र ध्वजा गरिमा, एकता और सांस्कृतिक निरंतरता का संदेश देती है और इसे रामराज्य के आदर्शों का प्रतीक माना जाता है।
• सूर्य (Sun): ध्वज पर उकेरा गया दीप्तिमान सूर्य भगवान राम के तेज और वीरता का प्रतीक माना जाता है। यह चमकता हुआ सूरज भगवान राम की काबिलियत और बहादुरी का प्रतीक है।
• ॐ (Om): इस भगवा पताका पर ‘ॐ’ का चिन्ह भी अंकित है।
• कोविदार वृक्ष (Kovidara tree): ध्वज पर कोविदार वृक्ष की आकृति भी अंकित है।
वास्तुकला में उत्तर और दक्षिण भारत का संगम
यह धर्म ध्वजा पारंपरिक उत्तर भारतीय नागर शैली में निर्मित मंदिर के ‘शिखर’ पर फहराई जाएगी। हालांकि, मंदिर की वास्तुशिल्प विविधता को दर्शाते हुए, इसके चारों ओर बना लगभग 800 मीटर लंबा परकोटा दक्षिण भारतीय वास्तुकला में डिजाइन किया गया है। मंदिर परिसर में मुख्य मंदिर की बाहरी दीवारों पर वाल्मीकि रामायण पर आधारित भगवान श्री राम के जीवन से जुड़े 87 बारीकी से पत्थर पर उकेरे गए प्रसंग हैं। घेरे की दीवारों पर भारतीय संस्कृति से जुड़े 79 कांस्य-ढाल वाले प्रसंग रखे गए हैं।
यह भी पढ़ें: क्या आप जानते हैं राम मंदिर में लगने वाले ध्वज में ॐ और कोविदार वृक्ष क्यों है? जानिए इनका महत्व
ध्वजारोहण कार्यक्रम की समय सारणी
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के अनुसार, ध्वजारोहण कार्यक्रम सुबह 11 बजे शुरू होगा। ध्वजारोहण लगभग 11.50 बजे होगा। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत, उत्तर प्रदेश के गवर्नर और मुख्यमंत्री मौजूद रहेंगे।
