‘विशाल’ बनकर दो हिंदू युवतियों से शादी के मामले में गरमाई सियासत, महिला आयोग और हिंदू संगठन ने उठाए सवाल
Love Jihad Case: आगरा के इरशाद पर फर्जी हिंदू पहचान "विशाल" बनाकर दो हिंदू युवतियों से शादी करने के आरोप के मामले में उप्र राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता चौहान ने बड़े नेटवर्क की आशंका जताई है।
- Reported By: प्रदीप कुमार रावत | Edited By: स्निग्धा श्रीवास्तव
उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता चौहान (सोर्स- फोटो नवभारत)
Women’s Commission Statement In Love Jihad Case: आगरा के मूल निवासी इरशाद पर फर्जी हिंदू पहचान “विशाल” बनाकर दो हिंदू युवतियों से विवाह करने के आरोप का मामला अब राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी चर्चा का विषय बन गया है। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद इस प्रकरण पर उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ.बबीता चौहान और राष्ट्रीय हिंदू फ्रंट के नेता अमित चौधरी ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
“विशाल” बताकर हरदोई की युवती से की कोर्ट मैरिज
पुलिस के अनुसार, इरशाद ने सोशल मीडिया के माध्यम से खुद को “विशाल” बताकर हरदोई की एक युवती से कोर्ट मैरिज की थी। पीड़िता का आरोप है कि बाद में उस पर धर्म परिवर्तन, मांसाहार खाने और बेटे का खतना कराने का दबाव बनाया गया।
विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और उसे तथा उसके बेटे को बंधक बनाकर रखा गया। आरोप है कि पहली शादी के बावजूद इरशाद ने अपनी पहचान छिपाकर कानपुर की एक अन्य हिंदू युवती से भी विवाह कर लिया। शिकायत मिलने पर पुलिस ने पनकी क्षेत्र से आरोपी को गिरफ्तार कर दोनों महिलाओं को सुरक्षित बाहर निकाला।
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राज्य महिला आयोग ने जताई बड़े नेटवर्क की आशंका
इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता चौहान ने कहा कि उनकी राय में इस प्रकार की घटनाओं को कोई एक व्यक्ति अकेले अंजाम नहीं दे सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके पीछे एक बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है, जो ऐसे लोगों को आर्थिक और अन्य प्रकार का सहयोग देता है।
उन्होंने कहा कि उनकी आशंका है कि ऐसे नेटवर्क केवल एक जिले तक सीमित नहीं, बल्कि प्रदेश और देश के कई हिस्सों में सक्रिय हो सकते हैं। उन्होंने मांग की है कि यदि जांच में ऐसे नेटवर्क का पता चलता है तो उसके खिलाफ इतनी कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए कि वह आने वाली पीढ़ियों के लिए भी नजीर बने।
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हिंदू फ्रंट के नेता ने की गहनता से जांच की मांग
डॉ. चौहान ने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार और पुलिस ऐसे मामलों को गंभीरता से ले रही है तथा दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जा रही है। उनके अनुसार, कानून से बचने की कोशिश करने वाले आरोपियों को भी पुलिस तलाशकर कानून के दायरे में ला रही है।
वहीं राष्ट्रीय हिंदू फ्रंट के नेता अमित चौधरी ने भी इस मामले को एक संगठित गिरोह से जोड़ते हुए जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार पूर्व में सदर क्षेत्र की दो बहनों से जुड़े मामले में पुलिस ने विस्तृत जांच कर खुलासा किया था, उसी प्रकार इरशाद प्रकरण की भी गहन जांच होनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि इरशाद अकेला नहीं हो सकता और उसके पीछे एक पूरा नेटवर्क होने की संभावना है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इस नेटवर्क के संभावित स्रोतों की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं की जांच साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी और जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके अनुरूप आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
