स्मार्ट सिटी या बदहाल शहर: आगरा में लोगों ने घरों पर लगाए ‘मकान बिकाऊ’ के पोस्टर, विकास मॉडल पर उठे सवाल
Agra Smart City Project: आगरा स्मार्ट सिटी के आवास विकास सेक्टर-6 में सड़क, सीवर और जलभराव की गंभीर समस्या से परेशान लोगों ने विरोध में अपने घरों पर 'मकान बिकाऊ' के पोस्टर लगा दिए।
- Reported By: प्रदीप कुमार रावत | Edited By: स्निग्धा श्रीवास्तव
'मकान बिकाऊ' (सोर्स- फोटो नवभारत)
Agra Development Authority: देश के सबसे चर्चित शहरों में शामिल, विश्व धरोहर ताजमहल की नगरी और केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी स्मार्ट सिटी परियोजना का हिस्सा आगरा… लेकिन आज इसी स्मार्ट सिटी से ऐसी तस्वीर सामने आई है जिसने विकास के दावों पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
जिस शहर का प्रतिनिधित्व नौ विधायक, दो लोकसभा सांसद, दो राज्यसभा सांसद और दो एमएलसी करते हों, वहां के लोग अपने ही घरों पर ‘मकान बिकाऊ’ के पोस्टर लगाने को मजबूर हो जाएं, तो यह सिर्फ एक कॉलोनी की समस्या नहीं बल्कि पूरे सिस्टम की कार्यप्रणाली पर सवाल है।
घरों पर लगाए “मकान बिकाऊ” के पोस्टर
आगरा के आवास विकास सेक्टर-6, वार्ड-47 में रहने वाले लोगों का सब्र अब जवाब दे चुका है। वर्षों से बदहाल सड़कें, जाम सीवर, जलभराव और गंदगी की समस्या से जूझ रहे स्थानीय निवासियों ने विरोध का अनोखा तरीका अपनाते हुए अपने घरों पर “मकान बिकाऊ” के पोस्टर लगा दिए हैं।
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स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़कें दलदल में बदल चुकी हैं। बारिश के बाद हालात और भी भयावह हो जाते हैं। गंदे पानी और सीवर के कारण संक्रमण फैलने का खतरा बना रहता है। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं का घर से निकलना तक मुश्किल हो गया है।
विकास के दावों और जमीनी हकीकत के बीच इतना बड़ा अंतर क्यों
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि नगर निगम और आगरा विकास प्राधिकरण से कई बार शिकायत की गई, लेकिन आज तक कोई स्थायी समाधान नहीं हुआ। इतना ही नहीं, क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों पर भी अनदेखी का आरोप लगाया जा रहा है। लोगों का कहना है कि चुनाव के समय तो सभी नेता दिखाई देते हैं, लेकिन समस्या के समय कोई उनकी सुध लेने नहीं आता।
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इसी विरोध का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद लोग सवाल उठा रहे हैं कि यदि स्मार्ट सिटी की यह स्थिति है, तो देश के दूसरे शहरों की क्या हालत होगी? आखिर विकास के दावों और जमीनी हकीकत के बीच इतना बड़ा अंतर क्यों है?
त्काल सड़क, सीवर और जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल सड़क, सीवर और जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
आगरा सिर्फ एक शहर नहीं, बल्कि भारत की वैश्विक पहचान है। ऐसे में यदि स्मार्ट सिटी के निवासी अपने ही घरों पर ‘मकान बिकाऊ’ के पोस्टर लगाने को मजबूर हों, तो यह केवल स्थानीय समस्या नहीं बल्कि देश की शहरी विकास योजनाओं की प्रभावशीलता पर भी बड़ा सवाल है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस चेतावनी को गंभीरता से लेता है या फिर लोगों का यह विरोध और बड़ा रूप लेता है।
