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1 करोड़ के होम लोन की क्या होगी EMI? जानें 15, 20 और 30 साल में कितना लगेगा ब्याज

Home Loan EMI: अगर आप 1 करोड़ रुपये का होम लोन लेने की योजना बना रहे हैं, तो लोन की अवधि और ब्याज दर के अनुसार अपनी EMI और कुल ब्याज की पूरी गणना यहां समझें ताकि आपका बजट सुरक्षित रहे।

प्रिया सिंह

Home Loan EMI Calculation Formula: अपना खुद का घर खरीदना हर व्यक्ति का एक बहुत बड़ा सपना होता है जिसे पूरा करने के लिए अक्सर होम लोन का सहारा लिया जाता है। महानगरों में प्रॉपर्टी की बढ़ती कीमतों की वजह से आजकल 1 करोड़ रुपये तक का होम लोन लेना एक आम बात हो गई है। लेकिन लोन लेने से पहले मासिक किस्त और कुल ब्याज का सही गणित समझना आपके भविष्य की आर्थिक सुरक्षा के लिए अनिवार्य है। होम लोन का चुनाव करते समय आपको अपनी वर्तमान आय और भविष्य के खर्चों का सही तालमेल बिठाना बहुत जरूरी होता है।

EMI का मुख्य आधार

होम लोन की मासिक किस्त मुख्य रूप से तीन महत्वपूर्ण कारकों पर निर्भर करती है जिसमें लोन की कुल राशि, ब्याज दर और समय शामिल है। आमतौर पर बैंक ग्राहकों को 20 से 30 साल तक की लंबी अवधि के लिए होम लोन की सुविधा प्रदान करते हैं ताकि उन पर आर्थिक बोझ न पड़े। वर्तमान में बाजार में होम लोन की ब्याज दरें 8.5% से लेकर 9.5% के बीच चल रही हैं जो बैंक की नीतियों और क्रेडिट स्कोर पर आधारित हैं।

20 साल का गणित

अगर आप 1 करोड़ रुपये का होम लोन 8% की वार्षिक ब्याज दर पर 20 साल की अवधि के लिए लेते हैं तो EMI 83,644 होगी। इस पूरी अवधि के दौरान आप बैंक को कुल 2,00,74,562 का भुगतान करेंगे जिसमें से 1,00,74,562 केवल ब्याज के रूप में देना होगा। यह गणना दर्शाती है कि मध्यम अवधि के लोन में आपकी किस्त थोड़ी ज्यादा होती है लेकिन ब्याज का बोझ काफी हद तक नियंत्रित रहता है।

30 साल की अवधि

लोन की अवधि बढ़ाकर 30 साल करने पर आपकी मासिक EMI घटकर लगभग 73,376 रह जाती है जिससे हर महीने नकदी का दबाव कम होता है। हालांकि लंबी अवधि का बड़ा नुकसान यह है कि आपको कुल 1,64,15,525 ब्याज के रूप में देना होगा जो कि आपकी मूल राशि से काफी ज्यादा है। विशेषज्ञों का कहना है कि अवधि बढ़ाने से मासिक दबाव कम होता है लेकिन अंत में आप बैंक को बहुत बड़ी रकम ब्याज में चुकाते हैं।

15 साल के फायदे

अगर आपकी मासिक आय अच्छी है तो आप 15 साल की छोटी अवधि चुनकर अपने कुल ब्याज बोझ को काफी कम कर सकते हैं। इस स्थिति में आपकी मासिक EMI बढ़कर 95,565 हो जाएगी लेकिन आपको कुल ब्याज के रूप में केवल 72 लाख ही देने पड़ेंगे। यह विकल्प उन लोगों के लिए सबसे किफायती साबित होता है जो जल्दी कर्ज मुक्त होना चाहते हैं और ब्याज का पैसा बचाना चाहते हैं।

बजट प्लानिंग टिप्स

बजट बनाते समय यह ध्यान रखें कि आपकी होम लोन EMI आपकी कुल मासिक आय के 30 से 40 प्रतिशत से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। प्रॉपर्टी खरीदते समय केवल लोन ही नहीं बल्कि रजिस्ट्री, स्टांप ड्यूटी, इंटीरियर और मेंटेनेंस जैसे अतिरिक्त खर्चों को भी बजट में जोड़ें। अगर भविष्य में आपकी आय बढ़ती है तो आंशिक प्री-पेमेंट का विकल्प जरूर रखें जिससे आपके लोन की अवधि और ब्याज दोनों कम हो सकें।

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