रोगों से मुक्ति दिलाता है भगवान शिव का यह अनोखा मंदिर, जानें क्यों चढ़ाई जाती है झाड़ू
हिंदू धर्म में कई प्रसिद्ध मंदिर हैं जिनसे जुड़ी कई मान्यताएं और कहानियां प्रचलित हैं। इन मंदिरों में लोग अलग-अलग प्रसाद अर्पित करते हैं। लेकिन भारत में एक ऐसा मंदिर है जहां पर भगवान शिव को झाड़ू चढ़ाई जाती है।
- Written By: प्रीति शर्मा
रोगों से मुक्ति दिलाता है भगवान शिव का यह अनोखा मंदिर, जानें क्यों चढ़ाई जाती है झाड़ू
Lord Shiva Unique Temple: भारत में कई रहस्यमयी और चमत्कारी मंदिर हैं जिनके बारे में लोगों की अलग-अलग धारणाएं और मान्यताएं जुड़ी हुई हैं। सभी मंदिर की कहानी और ऐतिहासिकता हटके होती है। कुछ मंदिर अपनी चमत्कार शक्ति की वजह से दुनियाभर में जाने जाते हैं। वहीं कुछ ऐसे भी मंदिर होते हैं जिनका रहस्य आज तक कोई नहीं जान पाया है। मंदिर में आपने देखा होगा कि लोग अपनी मनोकामनाएं पूरी करने के लिए भगवान को प्रसाद चढ़ाते हैं जिसमें फल, फूल, मिठाई आदि चीजें होती हैं। लेकिन क्या आपको पता है कि भारत में एक मंदिर ऐसा भी है जहां पर भगवान का आर्शीवाद पाने और रोगों से मुक्ति पाने के लिए झाड़ू चढ़ाई जाती है।
कहां है यह रहस्यमयी मंदिर
भगवान शिव का ये रहस्यमयी मंदिर उत्तर प्रदेश में स्थित है। यह बहजोई के सादात बाड़ी गांव में स्थित है। यह पातालेश्वर शिव मंदिर काफी प्रसिद्ध है। इस मंदिर में भक्त शिव जी को झाड़ू चढ़ाने के लिए सोमवार, शिवरात्रि और सावन के महीने में आते हैं। उस समय यहां काफी भीड़ देखने को मिलती है।
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मान्यताओं के अनुसार इस मंदिर में शिवलिंग का आधार पाताल में है इस वजह से इसे पातालेश्वर महादेव मंदिर कहा जाता है। कहा जाता है कि इसकी गहराई को नापने के लिए कई बार इसे उखाड़ने की कोशिश भी की गई है लेकिन इसे कोई हिला नहीं सका है। इस मंदिर में सदियों से दूध के साथ भगवान शिव को झाड़ू चढ़ाने की परंपरा है। कहा जाता है कि इस मंदिर की स्थापना साल 1902 हुई थी। इस मंदिर में साल में दो बार मेला भी आयोजित होता है।
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क्यों चढ़ाई जाती है झाड़ू
माना जाता है कि भगवान शिव को इस मंदिर में झाड़ू चढ़ाने से त्वचा संबंधित रोग दूर हो जाते हैं। स्थानीय लोगों का मानना है कि इस मंदिर में चमत्कारी शक्तियां हैं जिससे रोग ठीक हो जाते हैं। रोगों से मुक्ति पाने के लिए भगवान शिव के भक्त झाड़ू चढ़ाते हैं। इस मंदिर में सोमवार के दिन भारी भीड़ होती है।
