साल 2026 से मलेशिया में बच्चों पर सोशल मीडिया बैन, सरकार ने उठाया बड़ा कदम

Social Media Ban: मलेशिया ने डिजिटल सुरक्षा की दिशा में ऐतिहासिक फैसला लेते हुए घोषणा की है कि 2026 से 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को किसी भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग करने की अनुमति नहीं होगी।
साल 2026 से मलेशिया में बच्चों पर सोशल मीडिया बैन, सरकार ने उठाया बड़ा कदम
Social Media होने वाला है बैन। (सौ. Freepik)
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Malaysia Social Media Ban For Kids: मलेशिया ने डिजिटल सुरक्षा की दिशा में ऐतिहासिक फैसला लेते हुए घोषणा की है कि 2026 से 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को किसी भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग करने की अनुमति नहीं होगी। दुनिया के कई देशों की तरह मलेशिया भी अब बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए कड़े नियम लागू करने जा रहा है।

बच्चों की सुरक्षा के लिए सख़्त निर्णय

कम्युनिकेशंस मंत्री फहमी फ़ज़िल ने 23 नवंबर 2025 को इस नए नियम की औपचारिक पुष्टि की। सरकार इस समय ऑस्ट्रेलिया सहित उन देशों के एज-रिस्ट्रिक्शन मॉडलों का अध्ययन कर रही है, जिन्होंने बच्चों को साइबरबुलिंग, ऑनलाइन धोखाधड़ी, और यौन शोषण से बचाने के लिए कठोर डिजिटल सुरक्षा नीतियाँ लागू की हैं। मंत्री फ़ज़िल ने टेक कंपनियों को चेतावनी भरे लहज़े में साफ संदेश दिया: "हम उम्मीद करते हैं कि अगले साल तक सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 16 साल से कम उम्र के यूज़र्स को अकाउंट खोलने से रोकने के निर्णय का पालन करेंगे."

मानसिक स्वास्थ्य पर असर: वैश्विक चिंता बढ़ी

बच्चों और किशोरों पर सोशल मीडिया के नकारात्मक प्रभावों को लेकर दुनिया भर में चिंता बढ़ चुकी है। अमेरिका में TikTok, Snapchat, Google और Meta जैसी दिग्गज कंपनियों पर यह आरोप लगाते हुए मुकदमे चल रहे हैं कि इन प्लेटफॉर्म्स ने युवाओं में तनाव, चिंता, और अवसाद जैसी मानसिक समस्याओं को बढ़ावा दिया है।

  • मलेशिया का यह कदम कई अन्य देशों की नीतियों से मेल खाता है।
  • ऑस्ट्रेलिया अगले महीने 16 वर्ष से कम उम्र के खातों को बंद करने वाला है।
  • फ्रांस, स्पेन, इटली, डेनमार्क और ग्रीस संयुक्त रूप से एक सख़्त उम्र-पुष्टि (Age Verification) मॉडल का परीक्षण कर रहे हैं।

दूसरे एशियाई देशों की रणनीति

इंडोनेशिया ने भी बच्चों की सुरक्षा के लिए उम्र सीमा तय करने पर विचार किया था, लेकिन बाद में उसने अपेक्षाकृत नरम कदम अपनाए। देश ने हानिकारक कंटेंट पर फिल्टर और सख़्त आयु-पुष्टि प्रक्रिया लागू करने का विकल्प चुना है, ताकि बच्चों को असुरक्षित ऑनलाइन कंटेंट से बचाया जा सके।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर बढ़ा सरकारी दबाव

पिछले कुछ महीनों में मलेशिया ने सोशल मीडिया पर अपनी निगरानी और भी सख्त कर दी है। सरकार का कहना है कि देश में ऑनलाइन जुआ, नस्लीय सामग्री, धर्म से जुड़े मुद्दे, और राजशाही से संबंधित संवेदनशील पोस्ट में चिंताजनक बढ़ोतरी देखी गई है। जनवरी से लागू होने वाले नए नियम के तहत, जिस भी प्लेटफॉर्म पर आठ मिलियन से अधिक मलेशियाई यूज़र होंगे, उसे सरकार से अनिवार्य रूप से लाइसेंस लेना होगा। यह कदम डिजिटल स्पेस में जवाबदेही और नियंत्रण को और मजबूत करेगा।

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