Women’s World Cup: रेणुका ठाकुर को 1 करोड़ रुपये का इनाम देगी हिमाचल सरकार, सीएम सुक्खू का बड़ा ऐलान
Renuka Singh Thakur: मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य को रेणुका ठाकुर की उपलब्धि पर गर्व है, जिन्होंने विश्व स्तर पर हिमाचल प्रदेश का नाम रोशन किया है। अन्य लड़कियां रेणुका से प्रेरणा लेंगी।
- Written By: मनोज आर्या
रेणुका सिंह ठाकुर, (फाइल फोटो)
Himachal Government Prize to Renuka Thakur: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने सोमवार को भारत महिला क्रिकेट टीम की तेज गेंदबाज रेणुका ठाकुर को 1 करोड़ रुपए की पुरस्कार राशि देने का ऐलान किया। शिमला जिले के रोहड़ू क्षेत्र की रहने वाली रेणुका ठाकुर विश्व चैंपियन भारतीय महिला क्रिकेट टीम का हिस्सा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने खिताब जीतने पर रेणुका ठाकुर से फोन पर बात की। इसके साथ ही उन्होंने पूरी भारतीय टीम को अपना पहला विश्व कप जीतकर इतिहास रचने के लिए बधाई दी।
रेणुका की उपलब्धि पर गर्व है- सीएम सुक्खू
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य को रेणुका ठाकुर की उपलब्धि पर गर्व है, जिन्होंने विश्व स्तर पर हिमाचल प्रदेश का नाम रोशन किया है। इसी के साथ मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि अन्य लड़कियां अपने लक्ष्यों को हासिल करने के लिए रेणुका से प्रेरणा लेंगी। परसा गांव की रहने वाली रेणुका के परिवार ने भारत की ऐतिहासिक विश्व कप जीत का जमकर जश्न मनाया। रेणुका की मां सुनीता ठाकुर बेटी की उपलब्धि से उत्साहित नजर आईं। उन्होंने बताया कि रेणुका बचपन में कपड़े से बनी गेंद से खेलती थीं।
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‘बेटियों को कभी पीछे न खींचे’
सुनीता ठाकुर ने कहा कि ईश्वर सभी को रेणुका जैसी बेटी दे। हम सभी माता-पिता से कहना चाहते हैं कि अगर आपकी बेटियां आगे बढ़ना चाहती हैं, तो उन्हें कभी पीछे न खींचे। उनका साथ दें, उन्हें प्रोत्साहित करें। क्रिकेटर के भाई विनोद ठाकुर ने कहा कि मुझे अपनी बहन पर गर्व है। हमने पूरा मैच देखा। उनकी गेंदबाजी और विकेट हासिल करने की क्षमता असाधारण थी। हमने उन्हें फोन पर बधाई दी है।
दो साल की उम्र में पिता का सिर से साया उठने के बाद अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रेणुका ठाकुर का क्रिकेट का सफर संघर्षपूर्ण रहा। पिता की मौत के बाद माता सुनिता ने कई साल तक जल शक्ति विभाग में चतुर्थ श्रेणी सेवाएं देकर बच्चों का पालन-पोषण किया। रेणुका ठाकुर गांव के स्कूल में पढ़ती थीं।
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फाइनल में भारत की एतिहासिक जीत
भारत ने रविवार को नवी मुंबई में खेले गए फाइनल मैच को 52 रन से अपने नाम किया। पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम ने 7 विकेट खोकर 298 रन बनाए। इसके जवाब में साउथ अफ्रीकी टीम कप्तान लौरा वोल्वार्ड्ट (101) की शतकीय पारी के बावजूद 45.3 ओवरों में महज 246 रन पर ऑलआउट हो गई। भारत की ओर से दीप्ति शर्मा ने सर्वाधिक 5 विकेट हासिल किए।
