Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्य प्रदेश
  • विदेश
  • चुनाव
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो
  • बुध, 22 जुलाई 2026
  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • ई-पेपर
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

BCCI और ललित मोदी को बड़ी राहत, ट्रिब्यूनल ने पलटा ED का फैसला; IPL 2009 से जुड़ा है मामला

Lalit Modi Case: आईपीएल 2009 के 16 साल पुराने फेमा केस में BCCI और ललित मोदी को बड़ी राहत मिली है। अपीलीय ट्रिब्यूनल ने ईडी के फैसलों को पलटते हुए ललित मोदी पर लगा जुर्माना पूरी तरह रद्द कर दिया।

  • Written By: सृष्टि मौर्य
Updated On: Jul 22, 2026 | 08:31 AM

ललित मोदी (सोर्स- सोशल मीडिया)

Follow Us
Follow Us:

BCCI Lalit Modi ED Case: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2009 को दक्षिण अफ्रीका में आयोजित किए जाने से जुड़े 16 साल पुराने विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) मामले में भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) और उस समय के पदाधिकारियों को बड़ी राहत मिली है। तस्कर और विदेशी मुद्रा छलसाधक अधिनियम (Foreign Exchange Management Act) के तहत गठित अपीलीय ट्रिब्यूनल ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) के कई आदेशों को रद्द कर दिया है, जबकि कुछ मामलों में जुर्माने की राशि भी काफी कम कर दी है। ट्रिब्यूनल ने ये फैसला 16 जुलाई 2026 को सुनाया।

ललित मोदी को सबसे बड़ी राहत

इस मामले में सबसे बड़ी राहत पूर्व आईपीएल चेयरमैन ललित मोदी को मिली है। ट्रिब्यूनल ने उन पर लगाए गए जुर्माने को पूरी तरह रद्द करते हुए कहा कि आईपीएल 2009 को दक्षिण अफ्रीका में आयोजित कराने के पीछे सबसे अहम भूमिका भले ही उनकी रही हो, लेकिन फेमा उल्लंघन के लिए उन्हें जिम्मेदार ठहराने के पर्याप्त सबूत नहीं हैं। फैसले में कहा कि ये स्वीकार किया गया है कि इंडियन प्रीमियर लीग की अवधारणा ललित मोदी की थी। लेकिन उन्हें बीसीसीआई की फेमा नियम अनुपालना के लिए जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। उन पर लगाया गया जुर्माना पूरी तरह गलत था।

फैसले के बाद क्या बोले ललित मोदी?

फैसले के बाद ललित मोदी ने कहा कि ट्रिब्यूनल ने ईडी के पूरे मामले की बुनियाद को ही खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि ट्रिब्यूनल ने माना कि आईपीएल 2009 के लिए दक्षिण अफ्रीका भेजी गई राशि करंट अकाउंट ट्रांजैक्शन थी, न कि कैपिटल अकाउंट ट्रांजैक्शन। यही ईडी के पूरे केस की नींव थी। अदालत ने ये भी माना कि मैं बीसीसीआई की फेमा अनुपालना के लिए जिम्मेदार नहीं था और न ही मेरे पास उसके संबधित कोई अधिकार थे, जिनका मुझपर आरोप लगाया गया था। मोदी ने आगे बताया कि उन्होंने हमेशा भारतीय क्रिकेट और आईपीएल के हित में काम किया और कोई व्यक्तिगत गलत काम नहीं किया।

सम्बंधित ख़बरें

Tilak Varma: देश के लिए खेल रहा हूं, स्ट्राइक रेट के लिए नहीं; आलोचनाओं पर तिलक वर्मा का करारा जवाब

263 दिन बाद होगी बुमराह-जडेजा की टेस्ट वापसी? श्रीलंका दौरे से पहले टीम इंडिया को मिल सकती है बड़ी खुशखबरी

रोहित-कोहली को बाहर करना नामुमकिन, अश्विन का बड़ा बयान, बोले- उनके खिलाफ फैसला…

जिम्बाब्वे दौरे के लिए टीम इंडिया तैयार, नए खिलाड़ियों पर होगी नजर; जानिए मैच शेड्यूल, स्क्वॉड और लाइव प्रसारण

पूर्व पदाधिकारियों को भी राहत

ट्रिब्यूनल ने बीसीसीआई और उसके तत्कालीन सचिव एन. श्रीनिवासन तथा कोषाध्यक्ष एम.पी. पांडोवे को भी थोड़ी राहत दी। ट्रिब्यूनल ने इस मामले में बीसीसीआई पर लगाया गया 4 करोड़ रुपये का जुर्माना घटाकर 1 करोड़ रुपये कर दिया है। एन. श्रीनिवासन पर 1 करोड़ रुपये का जुर्माना घटाकर 10 लाख रुपये कर दिया गया और एम.पी. पांडोवे पर 50 लाख रुपये का जुर्माना घटाकर 5 लाख रुपये कर दिया गया।

हालांकि, एक अन्य मामले में श्रीनिवासन और पांडोवे पर लगाए गए 50-50 लाख रुपये के जुर्माने को ट्रिब्यूनल ने बरकरार रखा है। अदालत ने माना कि दोनों उस समय बीसीसीआई के सचिव और कोषाध्यक्ष होने के कारण बोर्ड के कामकाज के लिए जिम्मेदार थे।

क्या था पूरा मामला?

ये मामला आईपीएल 2009 को भारत से दक्षिण अफ्रीका शिफ्ट किए जाने के दौरान विदेशी मुद्रा भेजने से जुड़ा है। उस समय भारत में आम चुनाव होने की वजह से सुरक्षा कारणों के चलते टूर्नामेंट दक्षिण अफ्रीका में आयोजित कराया गया था। ईडी का आरोप था कि लगभग 4.98 करोड़ अमेरिकी डॉलर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की पूर्व अनुमति के बिना विदेश भेजे गए, जो फेमा नियमों का उल्लंघन था।

बीसीसीआई ने क्या दी थी दलील?

बीसीसीआई और उसके पदाधिकारियों का कहना था कि अगर किसी तरह की प्रक्रिया संबंधी चूक हुई भी, तो वो नियमों की जानकारी न होने के कारण हुई थी, न कि किसी गलत इरादे से। ट्रिब्यूनल ने भी कई मामलों में इस दलील को स्वीकार करते हुए ईडी के फैसले में बदलाव किया।

यह भी पढ़ें:- Tilak Varma: देश के लिए खेल रहा हूं, स्ट्राइक रेट के लिए नहीं; आलोचनाओं पर तिलक वर्मा का करारा जवाब

दक्षिण अफ्रीका क्यों जाना पड़ा?

ललित मोदी ने फैसले के बाद याद दिलाया कि 2009 में आम चुनावों के कारण भारत में आईपीएल आयोजित कराना संभव नहीं था। ऐसे समय में टूर्नामेंट को दक्षिण अफ्रीका ले जाने का फैसला लिया गया, जिसने आईपीएल को बचाने में अहम भूमिका निभाई। आज यही लीग दुनिया की सबसे मूल्यवान क्रिकेट लीगों में गिनी जाती है।

Ipl 2009 fema case bcci lalit modi ed penalty quashed tribunal

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Jul 22, 2026 | 08:29 AM

Topics:  

  • BCCI
  • BCCI IPL
  • Cricket News
  • Sports News

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.