खेल मंत्री मनसुख मांडविया के हस्तक्षेप के बाद 24 जुलाई 2025 को IOA अध्यक्ष पी.टी. उषा और विरोध कर रहे कार्यकारी सदस्यों के बीच एक समझौता हुआ। इस समझौते के बाद रघुराम अय्यर की IOA के सीईओ पद पर नियुक्ति को औपचारिक मंजूरी दी गई। इसके अलावा 13 अगस्त 2025 को IOA की आम सभा आयोजित की गई, जिसमें लंबित रिपोर्टों और ऑडिट किए गए वित्तीय विवरणों को स्वीकृति दी गई। इसी बैठक में 2030 राष्ट्रमंडल खेलों की मेज़बानी के लिए भारत की बोली को भी मंजूरी दी गई।
सम्बंधित ख़बरें
Padma Awards 2026: सविता पुनिया और बलदेव सिंह को मिला सम्मान, हॉकी इंडिया ने दोनों खिलाड़ियों को दी बधाई
Australian Open 2026: भीषण गर्मी में यानिक सिनर की जुझारू जीत, नाओमी ओसाका टूर्नामेंट से बाहर
Australian Open 2026: नोवाक जोकोविच ने रचा इतिहास, ग्रैंड स्लैम में 400वीं जीत दर्ज करने वाले पहले खिलाड़ी बने
नासिक की शिक्षा में बड़ा बदलाव, मविप्र के स्पोर्ट्स व स्किल डेवलपमेंट को बढ़ावा; शिक्षा को नई उड़ान
यह भी पढ़ें: वर्ल्ड कप से पहले पाकिस्तान की कप्तान ने धोनी को बताया प्रेरणास्रोत, कहा- उनके जैसा कैप्टन कूल…
IOC के अधिकारी जेम्स मैकलियोड ने भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) को लिखे अपने पत्र में कहा कि उन्होंने देखा है कि पिछले कुछ हफ्तों में IOA ने कई अहम सुधारात्मक कदम उठाए हैं। संगठन के भीतर लंबे समय से चले आ रहे विवाद अब सुलझ चुके हैं और सभी सदस्य एकजुट होकर सहयोग की भावना से आगे बढ़ने को तैयार हैं। इसी के चलते, IOC ने यह फैसला लिया है कि IOA को मिलने वाला फंड फिर से शुरू किया जाएगा और दोनों संगठनों के बीच सामान्य कार्य संबंध बहाल कर दिए जाएंगे।
















