प्रदोष व्रत के दिन बस करें ये काम, जीवन के कष्टों से मिलेगा छुटकारा
Pradosh Vrat Remedies: प्रदोष व्रत भगवान शिव को समर्पित एक अत्यंत पुण्यदायी व्रत है। मान्यता है कि इस दिन सच्चे मन से किए गए सरल उपाय जीवन के कष्टों को दूर कर सकते हैं।
- Written By: सीमा कुमारी
भगवान शिव (सौ.सोशल मीडिया)
Lord Shiva Pradosh Vrat: कल, 30 जनवरी 2026 को माघ महीने का आखिरी प्रदोष व्रत रखा जाएगा। प्रदोष व्रत भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए सबसे शुभ माना जाता है। इस दिन प्रदोष काल में पूजा करना सर्वोत्तम माना गया है। ऐसा करने से जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहती है और दांपत्य जीवन भी मधुर होता है।
ज्योतिषयों के अनुसार, इस दिन सुख-समृद्धि और आर्थिक उन्नति के लिए भगवान शिव की पूजा के साथ कुछ खास ज्योतिषीय उपाय किए जा सकते हैं। ऐसे में आइए जानते है प्रदोष व्रत के दिन कौन-कौन से उपाय करना चाहिए?
प्रदोष व्रत के दिन कौन-कौन से उपाय करें?
हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत भगवान शिव को समर्पित एक अत्यंत पुण्यदायी व्रत माना जाता है। यह व्रत हर माह त्रयोदशी तिथि को रखा जाता है। मान्यता है कि प्रदोष काल में की गई शिव पूजा से धन, सुख, शांति और सफलता की प्राप्ति होती है।
सम्बंधित ख़बरें
Rambha Teej: कल रखा जाएगा रंभा तृतीय का व्रत, जानिए कैसे करें पूजन और क्या है इसका पौराणिक महत्व
Mantra Jap: तनाव, बेचैनी और अनिद्रा से राहत का आसान तरीका? सोने से पहले करें 1 मिनट का मंत्र जप
भीमाशंकर ज्योतिलिंग दर्शन के बदले नियम, अब नहीं होंगी VIP एंट्री, केवल इनको मिलेगा प्रवेश
Maa Dhumavati : मां धूमावती का रहस्यमयी स्वरूप, क्यों नहीं करतीं सुहागिन महिलाएं उनकी पूजा
-
गन्ने का रस अर्पित करें
- प्रदोष व्रत के दिन प्रदोष काल में भगवान शिव को गन्ने का रस अर्पित करना अत्यंत शुभ माना जाता है।
- इससे धन आगमन के मार्ग खुलते हैं
- आर्थिक संकट दूर होता है
- रुके हुए कार्य पूरे होने लगते हैं
- व्यापार और नौकरी में लाभ मिलता है
- अर्पण करते समय मन में सकारात्मक भावना रखें और शिवजी से समृद्धि की प्रार्थना करें।
-
माता पार्वती को श्रृंगार अर्पित करें
- इस दिन माता पार्वती को श्रृंगार अर्पित करें
- वैवाहिक जीवन की कड़वाहट दूर होती है
- पति-पत्नी के रिश्ते मजबूत होते हैं
- प्रेम और सौहार्द बढ़ता है
-
महामृत्युंजय मंत्र का जाप
- यदि कुंडली में शनि दोष, साढ़ेसाती या ढैया चल रही हो, तो प्रदोष व्रत के दिन सूर्यास्त के समय
- पीपल के पेड़ के नीचे
- सरसों के तेल का दीपक जलाएं
- इसके बाद महामृत्युंजय मंत्र का 108 बार जाप करें।
मान्यता है कि इससे - शनि दोष का प्रभाव कम होता है
- भय, तनाव और बाधाओं से राहत मिलती है
- जीवन में स्थिरता आती है
-
शहद से महादेव का अभिषेक करें
- प्रदोष व्रत के दिन
- दूध में शहद मिलाकर
- भगवान शिव का अभिषेक करें
- पूजन के समय शिव चालीसा का पाठ अवश्य करें।
इस उपाय से - करियर में आ रही रुकावटें दूर होती हैं
- मानसिक शांति मिलती है
- आत्मविश्वास बढ़ता है
यह भी पढ़ें-किन मंत्रों के पाठ से धन आगमन के योग? कुबेर देव के ये 3 प्रभावशाली मंत्र बदल देंगे भाग्य, हो जाएंगे मालामाल!
प्रदोष व्रत के दिन क्या करें
- सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और व्रत का संकल्प लें
- यदि व्रत न भी रखें, तो केवल सात्विक भोजन करें
- इस दिन क्रोध, झगड़े और नकारात्मक सोच से दूर रहें
- नियमित रूप से भगवान शिव के मंत्र
- “ॐ नमः शिवाय” का जाप करें
- प्रदोष व्रत केवल पूजा का दिन नहीं, बल्कि आत्मशुद्धि और जीवन सुधार का अवसर है। सच्चे मन से किए गए ये सरल उपाय जीवन में सुख, समृद्धि और शांति लेकर आते हैं।
