जया एकादशी पर तुलसी पूजन में रखें इन बातों का खास ख्याल, एक भूल बिगाड़ सकती है सारे काम।

Ekadashi Kab Hai: जया एकादशी पर तुलसी पूजन का विशेष महत्व है। पूजा में की गई एक छोटी भूल भी शुभ फल को प्रभावित कर सकती है, इसलिए सावधानी ज़रूरी है।
Jaya Ekadashi Tulsi Rules
श्री हरि विष्णु और मां लक्ष्मी,तुलसी(सौ.सोशल मीडिया)
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Jaya Ekadashi Tulsi Rules: सनातन धर्म में एकादशी व्रत का विशेष महत्व है। जो हर महीने कृष्ण और शुक्ल पक्ष की एकादशी के दिन रखा जाता है। इस बार माघ महीने की एकादशी यानी जया एकादशी का व्रत 29 जनवरी 2026 को है। यह व्रत जगत के पालनहार भगवान श्री हरि विष्णु और मां लक्ष्मी दोनों की कृपा प्राप्त के लिए बहुत ही शुभ मानी जाती है।

ऐसा माना जाता है कि जया एकादशी के दिन तुलसी से जुड़ी गलतियों को करने से मां लक्ष्मी नाराज हो सकती हैं और जीवन में कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है, तो ऐसे में आइए जानते हैं कि जया एकादशी के दिन तुलसी की किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

जया एकादशी पर तुलसी के क्या है नियम

  • तुलसी के पत्ते न तोड़ें

सनातन शास्त्रों के अनुसार, एकादशी तिथि पर तुलसी के पत्ते भूलकर भी नहीं तोड़ने चाहिए। ऐसा माना जाता है कि इस गलती को करने से भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी नाराज हो सकती हैं। साथ ही आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ सकता है। अगर पूजा के लिए तुलसी के पत्ते चाहिए, तो दशमी तिथि पर तुलसी के पत्ते को तोड़कर रख लें।

  • जल अर्पित न करें

धार्मिक मान्यता के अनुसार, मां तुलसी एकादशी के दिन निर्जला व्रत रखती हैं। ऐसे में तुलसी में जल देने से उनका व्रत टूट हो सकता है। इसलिए एकादशी के दिन तुलसी में जल नहीं की मनाही है।

  • सफाई का रखें ध्यान

धन की देवी मां लक्ष्मी का वास सफाई वाली जगह पर ही होता है। इसलिए तुलसी के पास जूते-चप्पल न रखें। साथ ही कूड़ेदान को दूर रखें।

  • जरूर करें ये काम

जया एकादशी की शाम को तुलसी के पौधे के पास देसी घी का दीपक जलाना चाहिए। ऐसा माना जाता है कि इस उपाय को करने से घर में मां लक्ष्मी का वास होता है और धन लाभ के योग बनते हैं।

धार्मिक मान्यता है कि जया एकादशी के शुभ दिन पर तुलसी से जुड़े इन नियमों का पालन करने से मां लक्ष्मी की असीम कृपा भक्तों पर सदैव बनी रहती है, आर्थिक परेशानियां दूर होती हैं और घर में सुख-शांति आती है।

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