ब्रह्म मुहूर्त में करें ये एक काम, माता लक्ष्मी की मिलेगी विशेष कृपा, धन आने के बनेंगे योग!
Lakshmi Blessings for Wealth: ब्रह्म मुहूर्त में उठकर हाथों को देखकर और विशेष मंत्र का जाप करने से माता लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होती है और धन-संपत्ति में वृद्धि के योग बनते हैं।
- Written By: सीमा कुमारी
ब्रह्म मुहूर्त में करें ये एक काम (सौ.सोशल मीडिया)
Brahma Muhurta Morning Ritual: सनातन परंपरा में ब्रह्म मुहूर्त को सबसे श्रेष्ठ और अत्यंत शुभ समय माना गया है। इस समय का अर्थ “परमात्मा का समय” बताया गया है क्योंकि सूर्य के उदय से पहले यह काल सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर रहता है और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार देवताओं की कृपा भी अधिक प्रबल होती है।
धर्मशास्त्रों में कहा गया है कि ब्रह्म मुहूर्त में जागने से न केवल शरीर स्वस्थ रहता है, बल्कि जीवन में सकारात्मक ऊर्जा और उन्नति के अवसर भी प्राप्त होते हैं। अगर इस समय कुछ विशेष काम या साधना की जाए तो उसके शुभ परिणाम मिलने की संभावनाएं बढ़ जाती हैं।
हथेलियों को देखना
धार्मिक मान्यता के अनुसार, धन-वैभव और समृद्धि के लिए ब्रह्म मुहूर्त में उठकर अपनी हथेलियों को देखना और मंत्र जाप करना शुभ माना जाता है। कहा गया है कि हथेलियों के अग्र भाग में देवी-देवताओं का वास होता है, इसीलिए सुबह उठकर हाथों को देखकर मंत्र का उच्चारण करने से जीवन में सकारात्मक परिणाम आते हैं।
सम्बंधित ख़बरें
Work Life Balance: ऑफिस, तनाव और थकान से हैं परेशान, गुरूदेव श्री श्री रविशंकर के विचारों से मिलेगा मोटिवेशन
Pradosh Vrat: 14 या 15 मई, किस दिन है प्रदोष व्रत? जानिए सटीक तिथि और पूजा का शुभ मुहूर्त
Apara Ekadashi: एकादशी के दिन चावल खाने से क्यों लगता है पाप? जानिए क्या है मान्यता
Rajyog 2026: 15 मई से बदलेगी इन राशियों की चाल, दो राजयोग मिलकर तीन राशियों की चमका देंगे किस्मत
शास्त्रों में वर्णित एक प्रचलित मंत्र है:
“ॐ कराग्रे वसते लक्ष्मीः करमध्ये सरस्वती।
करमूले तु गोविन्दः प्रभाते करदर्शनम्॥”
इस मंत्र का जाप ब्रह्म मुहूर्त में हथेली देखकर करने से धन-वैभव और सुख-समृद्धि की मान्यता है।
ध्यान, पूजा-पाठ करना
इसके अलावा, ब्रह्म मुहूर्त का समय आत्मविश्लेषण, ध्यान, पूजा-पाठ और सकारात्मक सोच के लिए भी अत्यंत उत्तम माना जाता है। इस दौरान नकारात्मक विचार, अपशब्द या अशुभ कर्म करने से बचने की सलाह दी जाती है, क्योंकि यह समय मानसिक शांति और आध्यात्मिक उन्नति के लिए उपयुक्त है।
यह भी पढ़ें-पूजा की कौन-सी सामग्री फिर से कर सकते हैं उपयोग, और क्या बिल्कुल नहीं, नोट कर लीजिए
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, रोज़ ब्रह्म मुहूर्त में उठकर सदैव शुभ कर्म, मंत्र जाप और शुद्ध विचार रखने से व्यक्ति की जीवन शैली में सकारात्मक बदलाव आता है और धीरे-धीरे आर्थिक और मानसिक स्थिरता भी प्राप्त होती है।
