अक्षय तृतीया पर नमक खरीदना (सौ. सोशल मीडिया)
Akshaya Tritiya: हिन्दू धर्म में अक्षय तृतीया एक ऐसा शुभ दिन है, जिसका हिंदू धर्म में बड़ा महत्व बताया गया है। यह दिन सुख, समृद्धि और शुभ कार्यों की शुरुआत के लिए खास माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन किए गए शुभ एवं मांगलिक कार्यों का फल कभी समाप्त नहीं होता, इसलिए इसे ‘अक्षय’ तृतीया कहा जाता है।
धार्मिक ग्रथों में इस दिन सोना, चांदी खरीदने की भी विशेष परंपरा बताई गयी है। इसलिए इस दिन हिन्दू भक्त सोना, चांदी और अन्य नई चीजें खरीदते हैं।
वहीं, इस दिन कुछ जगहों पर नमक खरीदने का भी विधान है, तो चलिए इसके पीछे का कारण और महत्व जानते हैं।
पंचांग के अनुसार, वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि 19 अप्रैल को सुबह 10 बजकर 49 मिनट से शुरू होगी और 20 अप्रैल को सुबह 7 बजकर 27 मिनट तक रहेगी। ऐसे में अक्षय तृतीया 19 अप्रैल को ही मनाई जाएगी।
धर्म शास्त्रों में अक्षय तृतीया (Akshaya Tritiya) के दिन नमक खरीदना घर में सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा लाने का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन नमक विशेषकर सेंधा नमक खरीदने से घर की दरिद्रता दूर होती है, वास्तु दोष मिटते हैं और माँ लक्ष्मी प्रसन्न होकर सुख-शांति प्रदान करती हैं।
यह भी पढ़ें-Akshaya Tritiya: अक्षय तृतीया पर किस भगवान की होती है पूजा? लक्ष्मी प्राप्ति के उपाय भी जानिए
ज्योतिष एवं लोक मान्यता के अनुसार, अक्षय तृतीया पर खरीदे गए नमक से घर में पोंछा लगाने से घर की दरिद्रता और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है।