Hindi news, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, हिंदी समाचार, Latest Hindi News
X
  • देश
  • महाराष्ट्र
  • मध्य प्रदेश
  • विदेश
  • चुनाव
  • खेल
  • मनोरंजन
  • नवभारत विशेष
  • वायरल
  • धर्म
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • करियर
  • टेक्नॉलजी
  • यूटिलिटी
  • हेल्थ
  • ऑटोमोबाइल
  • वीडियो
  • वेब स्टोरीज
  • फोटो
  • होम
  • विडियो
  • फटाफट खबरें

शिव जी के माता-पिता कौन थे? सच जानकर चौंक जाएंगे, लोगो को अक्सर होता है ये कंफ्यूजन

Lord Shiva Parents: भगवान शिव को हिंदू धर्म में सबसे प्राचीन और रहस्यमयी देवताओं में माना जाता है। अक्सर लोगों के मन में यह सवाल उठता है कि आखिर शिव जी के माता-पिता कौन थे?

  • Written By: सिमरन सिंह
Updated On: Apr 22, 2026 | 06:07 PM

Lord Shiv (Source. Pinterest)

Follow Us
Close
Follow Us:

Birth of Lord Shiva: भगवान शिव को हिंदू धर्म में सबसे प्राचीन और रहस्यमयी देवताओं में माना जाता है। अक्सर लोगों के मन में यह सवाल उठता है कि आखिर शिव जी के माता-पिता कौन थे? क्या उनका भी जन्म हुआ था, जैसे अन्य देवताओं का हुआ? इस सवाल का जवाब जानने के लिए हमें सबसे प्राचीन ग्रंथों वेदों और उपनिषदों की ओर देखना पड़ता है।

वेदों में क्या मिलता है उल्लेख?

चारों वेद ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद और अथर्ववेद हिंदू धर्म के सबसे पुराने ग्रंथ माने जाते हैं। लेकिन आश्चर्य की बात यह है कि इनमें कहीं भी भगवान शिव के माता-पिता या उनके जन्म के बारे में सीधा उल्लेख नहीं मिलता। हालांकि, वेदों में कई ऐसे मंत्र हैं, जिनसे यह संकेत मिलता है कि शिव कोई सामान्य जन्म लेने वाले देवता नहीं हैं, बल्कि एक ऐसी शक्ति हैं जो सृष्टि से भी परे है।

यजुर्वेद का संकेत

यजुर्वेद के श्री रुद्रम में एक प्रसिद्ध मंत्र मिलता है “नमो भूतानां पतये नमो” इसका अर्थ है सभी प्राणियों के स्वामी को नमस्कार। जो संपूर्ण सृष्टि का स्वामी है, उसे सामान्य जन्म लेने वाला नहीं माना जाता।

सम्बंधित ख़बरें

सात्विक जीवन अपनाओ प्रेमानंद महाराज की ये बातें बदल देंगी किस्मत

सीता हरण के दौरान क्या पुष्पक विमान से लटके हुए थे हनुमान? रामायण के सबसे बड़ा रहस्य की जाने सच्चाई

रामायण की ये 5 बातें अपनाएं, जीवन की हर परेशानी का मिलेगा आसान समाधान

हर दुख सहना सीखो, भगवान पाने का ये गुप्त मंत्र बदल देगा आपकी जिंदगी, प्रेमानंद जी महाराज की सीख

ऋग्वेद में विश्वेश्वर का अर्थ

ऋग्वेद (2.33) के रुद्र सूक्त में कहा गया है “नमस्ते अस्तु भगवन् विश्वेश्वराय” अर्थ: हे समस्त विश्व के ईश्वर, आपको नमस्कार। विश्वेश्वर शब्द यह दर्शाता है कि शिव सृष्टि से ऊपर और पहले से मौजूद हैं।

ये भी पढ़े: सात्विक जीवन अपनाओ प्रेमानंद महाराज की ये बातें बदल देंगी किस्मत

सबसे स्पष्ट प्रमाण: श्वेताश्वतर उपनिषद

श्वेताश्वतर उपनिषद, जिसे वेदों का ही भाग माना जाता है, इस विषय पर सबसे स्पष्ट जानकारी देता है “न तस्य कश्चित् जनिता न चाधिपः” अर्थ: न तो उसका कोई जन्म देने वाला है और न ही कोई उसका स्वामी है। यही पंक्ति सबसे मजबूत आधार मानी जाती है यह साबित करने के लिए कि भगवान शिव “अजन्मा” हैं।

तो क्या है अंतिम निष्कर्ष?

अगर शास्त्रों के आधार पर देखा जाए, तो भगवान शिव का कोई जन्म नहीं हुआ और न ही उनके माता-पिता का कोई उल्लेख मिलता है। वे सृष्टि के आरंभ से पहले से मौजूद एक अनंत और असीम शक्ति हैं। इसलिए यह कहना गलत नहीं होगा कि भगवान शिव अजन्मा हैं, और जब जन्म ही नहीं हुआ, तो माता-पिता का सवाल भी नहीं उठता।

%e0%a4%b6%e0%a4%bf%e0%a4%b5 %e0%a4%9c%e0%a5%80 %e0%a4%95%e0%a5%87 %e0%a4%ae%e0%a4%be%e0%a4%a4%e0%a4%be %e0%a4%aa%e0%a4%bf%e0%a4%a4%e0%a4%be %e0%a4%95%e0%a5%8c%e0%a4%a8 %e0%a4%a5%e0%a5%87 %e0%a4%b8

Get Latest   Hindi News ,  Maharashtra News ,  Entertainment News ,  Election News ,  Business News ,  Tech ,  Auto ,  Career and  Religion News  only on Navbharatlive.com

Published On: Apr 22, 2026 | 06:07 PM

Topics:  

  • Lord Shiva
  • Sanatana Dharma
  • Spiritual

Popular Section

  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • लाइफ़स्टाइल
  • बिज़नेस
  • वेब स्टोरीज़

States

  • महाराष्ट्र
  • उत्तर प्रदेश
  • मध्यप्रदेश
  • दिल्ली NCR
  • बिहार

Maharashtra Cities

  • मुंबई
  • पुणे
  • नागपुर
  • ठाणे
  • नासिक
  • अकोला
  • वर्धा
  • चंद्रपुर

More

  • वायरल
  • करियर
  • ऑटो
  • टेक
  • धर्म
  • वीडियो

Follow Us On

Contact Us About Us Disclaimer Privacy Policy Terms & Conditions Author
Marathi News Epaper Hindi Epaper Marathi RSS Sitemap

© Copyright Navbharatlive 2026 All rights reserved.