लालजीत सिंह भुल्लर (Image- Social Media)
Punjab News: पंजाब के अमृतसर में पंजाब वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन के जिला प्रबंधक गगनदीप सिंह रंधावा की आत्महत्या ने बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने लालजीत सिंह भुल्लर, उनके पिता सुखदेव सिंह भुल्लर और उनके निजी सहायक दिलबाग सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
यह कार्रवाई रंधावा की पत्नी उपिंदर कौर की शिकायत के आधार पर की गई है, जिसमें आत्महत्या के लिए उकसाने, आपराधिक धमकी और अन्य धाराएं लगाई गई हैं। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पिछले कुछ महीनों से टेंडर आवंटन को लेकर रंधावा पर दबाव बनाया जा रहा था।
उनसे नियमों के खिलाफ फैसले लेने को कहा गया और विरोध करने पर उनके साथ मारपीट और धमकी दी गई। यहां तक कि उन्हें कथित तौर पर हथियार के बल पर झूठा वीडियो बयान देने के लिए मजबूर किया गया और परिवार को नुकसान पहुंचाने की धमकी दी गई।
बताया जा रहा है कि लगातार मानसिक दबाव और धमकियों से परेशान होकर रंधावा ने शनिवार सुबह जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। मौत से पहले उन्होंने एक वीडियो रिकॉर्ड किया, जो अब जांच का अहम हिस्सा बन गया है।
इस घटना के बाद विपक्षी दलों ने सरकार पर निशाना साधना शुरू कर दिया है। अकाली दल के नेता सुखबीर सिंह बादल, सुनील जाखड़ और प्रताप सिंह बाजवा समेत कई नेताओं ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और सरकार के खिलाफ विरोध तेज करने की बात कही।
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इससे एक दिन पहले लालजीत सिंह भुल्लर ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए आरोपों को झूठा और बेहुनियाद करार दिया है। उन्होंने कहा कि अगर इस मामले में कोई सच्चाई होती तो वह कभी ऐसा नहीं करते। भुल्लर ने निष्पक्ष जांच की मांग की और मुख्यमंत्री भगवंत मान से आग्रह किया कि उनका मंत्री पद इस्तीफा स्वीकार किया जाए, ताकि मामले की जांच बिना किसी रुकावट के हो सके।