वर्धा: मांडगांव में कार-ट्रैक्टर की आमने-सामने टक्कर, श्रद्धालुओं समेत कई लोग घायल
Wardha Road Accident News: मांडगांव में गड्ढे को बचाने के चक्कर में कार और ट्रैक्टर की आमने-सामने भिड़ंत हो गई। हादसे में नागभीड़ के 9 श्रद्धालु घायल हो गए, जिन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया।
- Written By: केतकी मोडक
दुर्घटना की तस्वीर (सोर्स - फोटो नवभारत)
Road Pothole Accident In Wardha: वर्धा जिले समुद्रपुर तालुका के मांडगांव प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चौक में बुधवार सुबह एक बड़ा और भयानक सड़क हादसा होते-होते टल गया। चौक के बिल्कुल बीचों-बीच स्थित एक जानलेवा बड़े गड्ढे को बचाने के फेर में एक श्रद्धालुओं से भरी कार और तेज रफ्तार ट्रैक्टर के बीच आमने-सामने की जोरदार टक्कर हो गई।
इस भीषण भिड़ंत में कार वाहन का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया तथा उसमें सवार कई श्रद्धालु घायल हो गए। गनीमत यह रही कि किसी की जान नहीं गई। दुर्घटना के बाद चीख-पुकार मचने पर सभी घायलों को तत्काल पास के ही मांडगांव प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें सुरक्षित घर भेज दिया गया है। यह हादसा बुधवार की सुबह करीब 7 बजे घटित हुआ।
गड्ढे को बचाने के प्रयास में रॉन्ग साइड आया ट्रैक्टर
प्राप्त प्राथमिक जानकारी के अनुसार, श्रद्धालुओं से भरी एक कार ( MH 05 CV 0603) नांदेड जिले के प्रसिद्ध शक्तिपीठ माहुर स्थित गढ़ रेणुका देवी के दर्शन कर अपने पैतृक गांव लौट रही थी। जैसे ही उनकी कार मांडगांव प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चौक के पास पहुंची, चौक के मध्य में एक बहुत बड़ा और गहरा गड्ढा था।
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इसी दौरान उस गड्ढे से अपने वाहन को बचाने के प्रयास में सामने से आ रहे ट्रैक्टर ( MH37 AD 7682) का चालक अपने वाहन पर से नियंत्रण खो बैठा। खुद को गड्ढे से बचाने के चक्कर में ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर गलत दिशा (रॉन्ग साइड) में चला गया, जिससे सामने से आ रही तेज रफ्तार कार और ट्रैक्टर के बीच सीधी और जोरदार भिड़ंत हो गई।
पुलिस पाटिल ने घायलों को पहुंचाया अस्पताल
इस भीषण एक्सीडेंट की आवाज सुनते ही आसपास के लोग और मार्ग से गुजर रहे राहगीर तुरंत मदद के लिए दौड़े। दुर्घटना की भनक लगते ही मांडगांव पुलिस पाटिल गणेश तडस बिना कोई समय गंवाए तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने स्थानीय नागरिकों की मदद से कार में फंसे घायलों को बाहर निकाला और तुरंत उपचार के लिए पास के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा।
इस हादसे में कार चालक अक्षय अगडे सहित जीवन संगीता राऊत, ठानेश्वर कामडी, शास्त्रकर, सुनीता मस्के, तुलोचंद गेडाम और मंगला अगडे सहित अन्य श्रद्धालुओं को हाथ-पैर और सिर में चोटें आयीं। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की मुस्तैद चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रतीक्षा कांबले ने अस्पताल स्टाफ के साथ मिलकर सभी घायलों का तत्काल और त्वरित उपचार किया। डॉ. कांबले के अनुसार सभी घायलों की स्थिति अब पूरी तरह सामान्य और खतरे से बाहर बताई गई है।
चंद्रपुर जिले के नागभीड़ के निवासी हैं सभी श्रद्धालु
बताया गया है कि दुर्घटनाग्रस्त कार में चालक को मिलाकर कुल नौ श्रद्धालु सवार थे। यह सभी श्रद्धालु चंद्रपुर जिले के अंतर्गत आने वाली नागभीड़ तहसील के तलोदी (बालापुर) गांव के निवासी हैं, जो देवी दर्शन के बाद खुशी-खुशी घर लौट रहे थे, लेकिन रास्ते में ही हादसे का शिकार हो गए। दुर्घटना के बाद सड़क पर लंबा जाम लग गया था, जिसे प्रमोद डडमल, विनोद येवले तथा अन्य सामाजिक कार्यकर्ताओं ने मौके पर पहुंचकर सुचारू करने और यातायात बहाल करने में मदद की।
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इस भयावह दुर्घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों का गुस्सा लोक निर्माण विभाग के खिलाफ फूट पड़ा है। ग्रामीणों ने मांडगांव चौक और उसके आसपास के मुख्य मार्गों पर बने बड़े-बड़े गड्ढों को इन हादसों का मुख्य कारण बताते हुए पीडब्ल्यूडी के वरिष्ठ अभियंताओं और अधिकारियों से तुरंत सड़क मरम्मत कार्य कराने की पुरजोर मांग की है।
ग्राम वासियों का साफ कहना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते इन जानलेवा गड्ढों को गिट्टी-डामर से नहीं भरा, तो भविष्य में यहां कोई भी बड़ा और जानलेवा हादसा घटित हो सकता है, जिसकी जिम्मेदारी पूरी तरह प्रशासन की होगी।
