पुलगांव कॉटन मिल को फिर से शुरू करने की मांग, विधायक बकाने ने कपड़ा मंत्री के सामने रखी मांग
Gondia News: वर्धा की बंद पड़ी पुलगांव कॉटन मिल (जयभारत टेक्सटाइल्स) को दोबारा शुरू करने की मांग तेज हो गई है। विधायक राजेश बकाने ने कपड़ा मंत्री के सामने मुद्दा उठाया।
- Written By: आकाश मसने
(प्रतीकात्मक तस्वीर)
Wardha News In Hindi: वर्धा जिले की पुलगांव कॉटन मिल, जो वर्तमान में जयभारत टेक्सटाइल्स के नाम से जानी जाती है, को फिर से शुरू करने की मांग तेज हो गई है। हाल ही में महाराष्ट्र सरकार के कपड़ा मंत्री संजय सावकारे के साथ हुई एक बैठक में स्थानीय विधायक राजेश बकाने ने इस मिल को फिर से चालू करने की ठोस मांग रखी। विधायक ने आरोप लगाया कि पिछली कांग्रेस सरकार के गलत फैसलों के कारण यह मिल बंद हो गई, जिससे हजारों श्रमिक बेरोजगार हो गए।
बैठक में विधायक बकाने ने कहा कि जनवरी 2001 में कांग्रेस सरकार ने राज्य की 9 शासकीय मिलों को, जिनमें विदर्भ की 4 मिलें शामिल थीं, बेहद कम कीमत पर निजी डेवलपर्स को बेच दिया था। इस फैसले से हजारों श्रमिकों और उनके परिवारों को बेरोजगारी और भुखमरी का सामना करना पड़ा। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इस निर्णय के पीछे स्थानीय नेताओं की सक्रिय भूमिका थी।
श्रमिकों को न्याय दिलाने की लड़ाई
विधायक राजेश बकाने ने कहा, “कांग्रेस ने श्रमिकों को बर्बाद कर दिया, उनके पसीने का शोषण कर उद्योग को बंद किया। लेकिन, मैं जनता को विश्वास दिलाता हूं कि श्रमिकों को न्याय दिलाने, उनके बकाया वेतन और लाभ दिलाने, और पुलगांव शहर में रोजगार सृजन के लिए मिल को फिर से शुरू करने की लड़ाई मैं अंत तक लड़ता रहूंगा।”
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बैठक में बकाने ने 3 प्रमुख मांगें रखीं
- श्रमिकों के बकाया भुगतान: जिन श्रमिकों के मामले न्यायालय में लंबित नहीं हैं, उनके बकाया वेतन, पीएफ और अन्य लाभों की तत्काल जांच कर भुगतान किया जाए।
- सानुग्रह सहायता: जिन श्रमिकों के मामले लंबित नहीं हैं, उन्हें सानुग्रह सहायता (ex-gratia) दी जाए।
- मिल को पुनः शुरू करना: मिल को फिर से चालू कर स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएँ।
- विधायक बकाने ने जोर देकर कहा कि अगर कॉटन मिल फिर से शुरू होती है, तो इससे न केवल पुलगांव शहर, बल्कि पूरे वर्धा जिले की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। इसका सीधा लाभ कपास उत्पादक किसानों को भी पहुंचेगा।
