मालाड में शुरू हुआ द ओशन क्लीनअप पायलट प्रोजेक्ट, निरीक्षण के लिए नदी में उतरे तेजिंदर सिंह तिवाना
The Ocean Cleanup Pilot Project: समुद्र में जाने वाले प्लास्टिक कचरे को रोकने के लिए मालाड खाड़ी में द ओशन क्लीनअप पायलट प्रोजेक्ट शुरू हुआ है। भाजपा तेजिंदर सिंह तिवाना निरीक्षण के लिए नदी में उतरे।
- Written By: सूर्यप्रकाश मिश्र | Edited By: गोरक्ष पोफली
निरीक्षण के दौरान तेजिंदर सिंह तिवाना (सोर्स: नवभारत फोटो)
BMC Ocean Cleanup Project: समुद्र में जाने वाले प्लास्टिक कचरे को रोकने के लिए मालाड खाड़ी में वैश्विक संस्था The Ocean Cleanup की इंटरसेप्टर पायलट परियोजना शुरू की गई है। इस परियोजना का निरीक्षण करने भाजपा के नगरसेवक एवं स्थायी समिति सदस्य तेजिंदर सिंह तिवाना स्वयं नदी में उतरे। निरीक्षण के दौरान तिवाना ने इंटरसेप्टर प्रणाली की कार्यप्रणाली, तैरते कचरे को रोकने की क्षमता और मौके पर चल रहे कार्यों का जायजा लिया।
क्या है,प्रोजेक्ट
The Ocean Cleanup यह परियोजना महाराष्ट्र प्रदूषण नियंत्रण मंडल, बृहन्मुंबई महानगरपालिका, Plastic Fischer और United Way Mumbai के सहयोग से चला रही है। मालाड और ट्रॉम्बे खाड़ी में लगाई गई इस तकनीक का उद्देश्य नदियों-नालों के जरिए अरब समुद्र में पहुंचने वाले प्लास्टिक और अन्य तैरते कचरे को वहीं रोकना है। संस्था के अध्ययन के अनुसार मुंबई से हर वर्ष लगभग 50 लाख किलोग्राम प्लास्टिक अरब सागर में जाता है।
इस पायलट प्रोजेक्ट का लक्ष्य इस मात्रा को कम करना है। इस परियोजना की खास बात यह है कि परीक्षण अवधि में कचरा संग्रहण के लिए BMC को कोई शुल्क नहीं देना पड़ रहा है। इससे महानगरपालिका के खर्च में बचत होगी और करदाताओं के पैसे का बेहतर उपयोग सुनिश्चित होगा।
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बड़ी मात्रा में तट पर कचरा
हाल ही में हुई भारी बारिश और ऊंची ज्वार के बाद जुहू तट पर बड़ी मात्रा में कचरा बहकर आया था। नदियों-नालों से बहकर समुद्र में जाने वाला यही कचरा बाद में तटों पर लौटता है, जिससे समुद्री जीवों को नुकसान होता है और सफाई पर करोड़ों खर्च होते हैं। ऐसे में नदी-नालों में ही कचरा रोकने वाली यह प्रणाली मुंबई के लिए टिकाऊ समाधान मानी जा रही है।
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तेजिंदर सिंह तिवाना ने कहा, जनप्रतिनिधि के रूप में सिर्फ उद्घाटन काफी नहीं। मौके पर जाकर काम देखना ही असली सेवा है। स्वच्छ मालाड के लिए हम प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने नागरिकों से नदी-समुद्र में कचरा न फेंकने और गीला-सूखा कचरा अलग करने की अपील भी की।
