ठाणे में राहुल गांधी के खिलाफ प्रदर्शन करते शिवसेना नेता (सोर्स: सोशल मीडिया)
BJP Shiv Sena Protest Against Rahul Gandhi: महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर उबाल आ गया है। विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ अब भारतीय जनता पार्टी (BJP) के साथ-साथ मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना भी बेहद आक्रामक रुख अपना रही है। शनिवार को राहुल गांधी जब भिवंडी की एक अदालत में पेशी के लिए जा रहे थे, तब ठाणे में उन्हें भारी विरोध का सामना करना पड़ा।
दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित एआई समिट के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा कपड़े उतारकर किए गए आंदोलन के खिलाफ बीजेपी और उसके सहयोगी दल सड़कों पर उतर आए हैं। शनिवार सुबह जैसे ही राहुल गांधी का काफिला ठाणे के ‘चेक नाका’ इलाके से गुजरा, वहां पहले से मौजूद भारी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए। कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और उन्हें काले झंडे दिखाए। स्थिति को भांपते हुए मौके पर तैनात पुलिस बल ने तुरंत हस्तक्षेप किया और प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर कर काफिले के लिए रास्ता साफ कराया।
सांसद नरेश म्हस्के के नेतृत्व में टेम्भी नाका स्थित शिवसेना जिला शाखा पर राहुल गांधी के फोटो को कालिख पोत कर चप्पल मारो आंदोलन किया। सांसद नरेश म्हस्के ने कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज होना चाहिए।
pic.twitter.com/6JDqmLdsiK — Naresh Mhaske (@nareshmhaske) February 21, 2026
इस आंदोलन में सांसद नरेश म्हस्के के साथ शिवसेना सचिव व नगरसेवक राम रेपाले, शहर प्रमुख हेमंत पवार, युवा सेना के प्रवक्ता राहुल लोंढे, नगरसेवक सुधीर कोकाटे, प्रकाश पायरे, कमलेश चव्हाण, प्रशांत पाटील, रमाकांत पाटील, अमित जयस्वाल, दिपक म्हस्के, दिनेश मलपे, राजेश तावडे, संतोष बोडके, दत्ता फासले, वंदना डोंगरे, पूजा लोंढे सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता जमा हुए।
यह भी पढ़ें:- कौन सा राज्य है भारत का सबसे अमीर? RBI ने जारी की रिपोर्ट, UP ने कर्नाटक को पछाड़ा, देखें टॉप 10 लिस्ट
बता दें देश की राजधानी नई दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहे AI Impact Summit के बीच इंडियन यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने टॉपलेस होकर विरोध प्रदर्शन किया। एक समूह अचानक एक्सपो क्षेत्र में पहुंचा और “PM is compromised” जैसे नारे लगाते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान कुछ कार्यकर्ता शर्टलेस नजर आए, जिससे सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं। घटना के बाद कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया गया। सुरक्षा कर्मियों ने स्थिति को संभालते हुए प्रदर्शनकारियों को मौके से हटाया।