UPSC MPSC students library (सोर्सः सोशल मीडिया)
Ulhasnagar Civic News: स्थानीय कैंप क्रमांक 3 स्थित मनपा संचालित भारत रत्न डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर शैक्षणिक अध्ययन केंद्र की इमारत के कुछ कमरों में मनपा के अन्य विभागों का कामकाज शुरू करने की योजना का महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने मंगलवार दोपहर अध्ययन केंद्र परिसर में प्रदर्शन कर विरोध किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
गौरतलब है कि मनपा मुख्यालय की इमारत को तोड़कर वहां नए सिरे से प्रशासकीय भवन बनाने की योजना है। इसी कारण मुख्यालय के विभिन्न विभागों को चरणबद्ध तरीके से अन्य स्थानों पर स्थानांतरित किया जा रहा है। इसी क्रम में अध्ययन केंद्र में भी कुछ कार्यालय शुरू करने की योजना बनाई गई है। जैसे ही इसकी जानकारी मनसे को मिली, उन्होंने इसका कड़ा विरोध दर्ज कराया।
मनसे के जिला अध्यक्ष बंडू देशमुख ने कहा कि इस वाचनालय में यूपीएससी और एमपीएससी जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थी बड़ी संख्या में आते हैं। यहां मनपा के अन्य विभाग शुरू होने से विद्यार्थियों को गंभीर असुविधा हो सकती है। उन्होंने कहा कि प्रशासन को वाचनालय का स्वरूप बिगाड़ने के बजाय प्रतियोगी परीक्षार्थियों के लिए नई पुस्तकों की व्यवस्था करनी चाहिए।
उन्होंने यह भी मांग की कि जरूरतमंद विद्यार्थियों के लिए स्वच्छ पेयजल तथा एमएससीआईटी जैसे निःशुल्क पाठ्यक्रम उपलब्ध कराए जाएं। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना और महाराष्ट्र नवनिर्माण विद्यार्थी सेना के कार्यकर्ताओं ने अध्ययन केंद्र के छात्रों के साथ सड़कों पर बैठकर अध्ययन करते हुए प्रशासन के खिलाफ विरोध दर्ज कराया।
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इस दौरान मनपा के सहायक आयुक्त अजय साबले, प्रभाग अधिकारी गणेश शिम्पी और यशवंत सगड़े ने एमएनएस पदाधिकारियों और छात्रों से बातचीत की। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि अब इस अकादमी में शैक्षणिक गतिविधियों के अलावा कोई अन्य विभाग नहीं चलाया जाएगा और आंदोलन वापस लेने का अनुरोध किया।
इस अवसर पर जिला अध्यक्ष बंडू देशमुख, विद्यार्थी सेना के जिला अध्यक्ष धनंजय गुरव, उपाध्यक्ष मुकेश सेठ पलानी, विभागाध्यक्ष अमोल पाटिल, अक्षय धोत्रे, कैलाश घोरपड़े, विक्की गिब्सन, नटवर वसिता, प्रशांत सांगले, सचिन शिरसाथ सहित अनेक पदाधिकारी, कार्यकर्ता और छात्र उपस्थित थे।