कल्याण में 20 साल से गटर संकट, गंदे पानी और बदबू के बीच जीने को मजबूर 400 लोग
Kalyan Pipeline Road Drainage: चेतना स्कूल पाइप लाइन रोड परिसर में पिछले 20 वर्षों से गटर न होने के कारण लोग बदहाल जिंदगी जी रहे हैं। बीमारी के खतरे के बीच नागरिकों ने स्थायी समाधान की मांग की है।
- Written By: अपूर्वा नायक
कल्याण ड्रेनेज वॉटरलॉगिंग इशू (सौ. सोशल मीडिया )
Kalyan Pipeline Road Drainage: स्मार्ट सिटी और विकास के दावों के बीच कल्याण के चेतना स्कूल पाइप लाइन रोड परिसर के लोग पिछले 20 वर्षों से बदहाल जिंदगी जीने को मजबूर हैं। यहां सड़क से ज्यादा बड़ी समस्या गटर की है।
गटर नहीं होने से पूरे इलाके का गंदा पानी सड़क और घरों के आसपास जमा हो रहा है। हालात ऐसे हैं कि सड़क किनारे तालाब जैसी स्थिति बन गई है और लोगों का सांस लेना तक मुश्किल हो गया है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया। गंदे पानी और बदबू के कारण बीमारी फैलने का खतरा लगातार बना रहता है। बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ रही है।
सम्बंधित ख़बरें
मां कामाख्या के मेले में तड़पती रही लड़की, मदद के बजाय भीड़ ने की शर्मनाक हरकत; देखें VIDEO
नवी मुंबई में सिडको का बड़ा एक्शन, नेरुल और करंजडे में बुलडोजर चलाकर 600 वर्गमीटर का अवैध निर्माण ध्वस्त
TET Paper Leak: परीक्षा से एक दिन पहले टीईटी पेपर लीक; भिवंडी पुलिस ने जाल बिछाकर 3 आरोपियों को दबोचा
Maha TET Paper Leak: कहां से हुआ TET का पेपर लीक? साल 2025 में भी दागदार हुई थी परीक्षा
निवासियों के मुताबिक इलाके का ड्रेनेज पानी भी इसी जगह जमा होता है, जिससे लोगों को रोज गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। रात के समय स्थिति और खतरनाक हो जाती है। पानी भरे इलाके में बिजली के खंभों से करंट फैलने का डर बना रहता है।
स्थानीय लोग दयनीक स्थिति में
स्थानीय लोगों का दर्द साफ झलकता है। उनका कहना है कि सड़क नहीं बनेगी तो भी चलेगा, लेकिन हमें अच्छा गटर चाहिए, लोगों ने आरोप लगाया कि चुनाव के समय जनप्रतिनिधि बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन जीतने के बाद इलाके की सुध तक नहीं लेते। निवासियों का कहना है कि इस समस्या को लेकर कई बार स्थानीय विधायक राजेश मोरे और नगरसेवक मल्लेश शेट्टी से शिकायत की गई, लेकिन अब तक सिर्फ आवासन ही मिला है।
ये भी पढ़ें :- पनवेल मनपा की बैठक में 150 करोड़ के विकास प्रस्ताव, 55 करोड़ के अतिरिक्त कामों पर विवाद
कमर तक भर जाता पानी
करीब 400 लोग पिछले दो दशक से गंदगी और जलभराव के बीच जिंदगी गुजार रहे है। लोगों का कहना है कि इलाके में बड़ी-बड़ी इमारतें बनने के बाद समस्या और बढ़ गई है। बरसात के दिनों में कमर तक पानी भर जाता है और लोगों को उसी पानी से होकर घर पहुंचना पड़ता है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से जल्द से जल्द पक्का गटर निर्माण कराने की मांग की है, ताकि उन्हें इस नारकीय स्थिति से राहत मिल सके।
