एसटी कर्मचारियों ने आंदोलन की दी चेतावनी, महाजन-भुजबल चर्चा के लिए तैयार
Nashik News: एसटी का कर्मचारी ने अपने मांगो को लेकर सड़को पर उतरने का आव्हान दिया है। मंत्री गिरीश महाजन और छगन भुजबल ने मांगो को पूरा करने का आश्वासन दिया है।
- Written By: सोनाली चावरे
मंत्री गिरीश महाजन, मंत्री छगन भुजबल (pic credit; social media)
जल संसाधन मंत्री गिरीश महाजन ने कहा कि एसटी (राज्य परिवहन) पूरे देश को जोड़ने का काम करती है। उन्होंने कहा कि सभी कर्मचारी शहर की जीवनरेखा हैं और सरकार उनकी मांगों को लेकर पूरी तरह सकारात्मक है। मंत्री महाजन रविवार (27 जुलाई) को मुंबई नाका स्थित दादासाहेब सभागार में आयोजित सेवा शक्ति संघर्ष एसटी कर्मचारी संगठन के राज्यस्तरीय अधिवेशन में बोल रहे थे।
इस अवसर पर मंच पर खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल, विधायक और संगठन के अध्यक्ष गोपीचंद पडळकर, विधायक और संगठन के कार्याध्यक्ष सदाभाऊ खोत, महासचिव सतीश मेटकरी, केंद्रीय उपाध्यक्ष अनुप खैरनार, केंद्रीय उपाध्यक्ष पदमश्री राजे, सचिव शरद गीते, नाशिक विभाग अध्यक्ष राजेंद्र पाठक आदि उपस्थित थे।
लंबित मांगों पर जल्द चर्चा का आश्वासन
मंत्री महाजन ने आश्वासन दिया कि एसटी कर्मचारियों के मुद्दे उन्हें ज्ञात हैं और कई दिनों से पदोन्नतियां लंबित हैं। उन्होंने कहा कि सातवें वेतन आयोग के अनुसार वेतन वृद्धि और एसटी के राज्य सरकार में विलय जैसी मांगों को पूरा करने के लिए जल्द ही मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से चर्चा की जाएगी।
सम्बंधित ख़बरें
NEET UG 2026 पर सख्ती: NMC का बड़ा फैसला 2-3 मई को मेडिकल छात्रों की छुट्टी पर रोक, नकल रोकने के निर्देश
लंबी दूरी की परेशानी खत्म? नागपुर-वाराणसी ट्रेन की मांग फिर तेज, कर्मचारियों की रेल मंत्री से अपील
सांप का डर और मौत की धमकी; अशोक खरात ने कैसे जाल में फंसाया कारोबारी को? कोर्ट में हुआ चौंकाने वाला खुलासा
Chhatrapati Sambhajinagar में संपत्ति कर पर 10% छूट की समयसीमा बढ़ी, अब 31 मई तक मौका
यह भी पढ़ें- संजय राउत बोले-गिरीश महाजन नाम का सांड खुला घूम रहा है, नहीं रोका तो…
कर्मचारियों के परिवार के लिए वित्तीय प्रावधान की मांग
मंत्री भुजबल ने इस अवसर पर अपनी बात रखते हुए कहा कि एसटी एक सेवाभावी संस्था है। मेरी भूमिका यह है कि कर्मचारियों को भी उचित वेतन मिलना चाहिए। कभी-कभी दुर्घटनाओं में कर्मचारियों को अपनी जान गंवानी पड़ती है, ऐसे समय में परिवार के लिए भी उचित वित्तीय प्रावधान होना चाहिए। उन्होंने घोषणा की कि कर्मचारियों के इस संघर्ष में मैं विधायक पडळकर और विधायक खोत के साथ हूं और आपकी मांगों को सरकार तक पहुंचाने के लिए आपका वकील बनने को तैयार हूं।
पिछली सरकार पर साधा निशाना
विधायक खोत ने इस अवसर पर तत्कालीन महाविकास अघाड़ी सरकार पर आरोप लगाया कि हम पर आरोप लगाया जाता है कि हम रसीदें काटकर आर्थिक लाभ के लिए संगठन चलाते हैं, लेकिन जब उनकी सरकार थी, तो एसटी के हित में कोई निर्णय नहीं लिया गया, बल्कि उन्होंने एसटी को घाटे में डालने का काम किया। उन्होंने उपस्थित कर्मचारियों से अपील की कि आगामी समय में हम सभी मिलकर चिकित्सा रियायतें और बच्चों के शैक्षणिक मुद्दों के लिए काम करेंगे। एसटी हमारी शान है और आप कर्मचारी महाराष्ट्र का गौरव हैं। इस गौरव को बनाए रखने की जिम्मेदारी हम सबकी है, आपने हमें जो साथ दिया है, उसे आगे भी बनाए रखें।
एसटी कर्मचारियों को आठवां वेतनमान लागू करना ही होगा
विधायक पडळकर ने चेतावनी देते हुए कहा कि केंद्रीय स्तर पर आठवां वेतन आयोग लागू करने की गतिविधियां शुरू हो गई हैं। एसटी कर्मचारी जान जोखिम में डालकर दिन-रात काम करता है। उन्हें भी समान वेतन पाने का हक है और आगामी समय में आठवां वेतनमान लागू किया जाना चाहिए, अन्यथा हम सड़कों पर उतरेंगे। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि जब से देवेंद्र फडणवीस मुख्यमंत्री बने हैं, एसटी महामंडल अच्छी स्थिति में आ रहा है और राजस्व में भी वृद्धि हुई है। इस सरकार ने महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत किराया रियायत देने का निर्णय लिया है। सरकार हमारी मांगों को पूरा करने के लिए सकारात्मक है और आगामी समय में हमारी मांगें पूरी होंगी।
