‘कैप्टन’ के सोलापुर कनेक्शन की चर्चा, पूर्व विधायक का नाम आया सामने, सुषमा अंधारे के खुलासे से मची हलचल
Ashok Kharat Case: उबाठा नेता सुषमा अंधारे ने दावा किया कि अशोक खरात का सोलापुर जिले के सांगोला से कनेक्शन है और एक पूर्व विधायक से उनके आर्थिक संबंध थे।
- Written By: आंचल लोखंडे
Ashok Kharat controversy (सोर्सः सोशल मीडिया)
Solapur Politics: भोंदुबाबा अशोक खरात का सोलापुर कनेक्शन आखिरकार सामने आ ही गया। पता चला है कि सोलापुर जिले के एक पूर्व MLA खरात को पूजा के लिए अपने गांव लाए थे। यह खुलासा शिवसेना उद्धव बालासाहेब ठाकरे की उपनेता सुषमा अंधारे ने किया। इससे सांगोला में हलचल मच गई है।
अंधारे ने आरोप लगाया कि अशोक खरात और संगोला के पूर्व MLA दीपक सालुंखे-पाटिल के बीच आर्थिक रिश्ते हैं और सालुंखे-पाटिल ने खरात की बेटी को 32 से 34 लाख रुपये का एक फ्लैट ‘गिफ्ट डीड’ दिया था। उन्होंने यह भी कहा कि इन सबके तार संगोला में मिलेंगे। अंधारे ने कहा, अशोक खरात और बाकी सभी लोग पूजा के लिए सांगोला गए थे। रूपाली चाकणकर और अन्य लोग कई जगहों पर पूजा में मौजूद थे।
सभी लोगों की जांच होनी चाहिए
ये सभी लोग अशोक खरात का रुतबा बढ़ाने की कोशिश कर रहे थे। मैं EVW और होम मिनिस्टर दोनों से मिलकर इन सबके सबूत देने को तैयार हूं। इन रिश्तों के कागज़ात और तार सांगोला के सालुंखे-पाटिल तक जाते हैं। अंधारे ने यह भी मांग की कि इन सभी लोगों की जांच होनी चाहिए।
सम्बंधित ख़बरें
पंढरपुर के विकास को मिलेगी रफ्तार, विठ्ठल-रुक्मिणी मंदिर क्षेत्र योजना के लिए 3,993.90 करोड़ मंजूर
कायाकल्प की ओर पंढरपुर: मुख्यमंत्री फडणवीस का बड़ा फैसला, 3,993 करोड़ रुपये से बदल जाएगी विठ्ठल नगरी की सूरत!
सोलापुर-मुंबई फ्लाइट सेवा 1 सितंबर से फिर शुरू, स्टार एयर ने सितंबर से फ्लाइट संचालन का किया ऐलान
MLC चुनाव में BJP का परचम, राजेंद्र राउत की जीत से सोलापुर की राजनीति में नया अध्याय
ये भी पढ़े: अजित पवार विमान हादसा: बेंगलुरु में दर्ज ‘Zero FIR’ अब तक नहीं पहुंची पुणे पुलिस के पास, कैसे होगी जांच?
दीपक सालुंखे पाटिल ने खारिज किए आरोप
तो वहीं सांगोला के पूर्व MLA दीपक सालुंखे पाटिल ने कहा कि अशोक खरात के साथ उनका कोई फाइनेंशियल रिश्ता नहीं है। सुषमा अंधारे के आरोप बेबुनियाद हैं, और उनमें कोई सच्चाई नहीं है। अगर उनके पास कोई ठोस सबूत है, तो उन्हें जनता के सामने पेश करना चाहिए। साथ ही, सांगोला तालुका में कुछ राजनीतिक विरोधियों ने नाराजी और राजनीतिक नफ़रत के कारण अंधारे को गलत जानकारी देकर गुमराह किया होगा।
