Pune से शिरूर अब सिर्फ 45 मिनट में! ₹7,500 करोड़ की एलिवेटेड रोड परियोजना को मिली नई रफ्तार
अगर आप भी Pune से शिरूर की ओर जाना चाहते है, तो आपके लिए एक बहुत बड़ी खुशखबरी है। Maharashtra Government ने पुणे-शिरूर एलिवेटेड रोड प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल गई है।
- Written By: अपूर्वा नायक
पुणे-शिरूर एलिवेटेड रोड प्रोजेक्ट (सौ. सोशल मीडिया )
Pune News In Hindi: पुणे से शिरूर के बीच यातायात का सफर अब और आसान होने जा रहा है। राज्य सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना के तहत बनने वाले पुणे-शिरूर एलिवेटेड रोड प्रोजेक्ट को नई गति मिल गई है।
इस बहुप्रतीक्षित परियोजना के लिए वित्तीय टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और निर्माण कार्य अगले वर्ष से शुरू होने की संभावना है। अभी पुणे से शिरूर तक का सफर तय करने में दो से ढाई घंटे का समय लग जाता है, लेकिन एलिवेटेड रोड बनने के बाद यह दूरी सिर्फ 45 मिनट में पूरी की जा सकेगी।
यह प्रोजेक्ट पुणे के खराडी बाईपास से शुरू होकर शिरूर तक जाएगा और लगभग 53.4 से 56 किलोमीटर लंबा होगा। यह छह लेन का एलिवेटेड हाईवे 7,515 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से तैयार किया जाएगा।
सम्बंधित ख़बरें
BMC Pet Animal Cremation: मुंबई में पालतू पशुओं के लिए आधुनिक दहन सुविधा शुरू, ऑनलाइन बुकिंग उपलब्ध
आड़ी बोतल पर भारी पड़ी खड़ी बोतल, महज 1 वोट ने बचा ली शराब की दुकान, यवतमाल में मचा घमासान!
NESCO Rave Party Drugs Case: 22 वर्षीय छात्र गिरफ्तार, कुल आरोपियों की संख्या 7
भंडारा में किसानों का एल्गार: धान की लिमिट नहीं बढ़ी तो ठप होगा जिला, सरकार को दी सीधी चेतावनी!
अदाणी सहित 3 कंपनियों ने भरे टेंडर
इस परियोजना को महाराष्ट्र स्टेट इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवेलपमेंट कॉर्पोरेशन (एमएसआईडीसी) द्वारा क्रियान्वित किया जा रहा है। एमएसआईडीसी ने हाल ही में इसके लिए वित्तीय टेंडर खोले, जिसमें तीन प्रमुख कंपनियों अदाणी एंटरप्राइजेस लिमिटेड, जीआर इंफ्राप्रोजेक्ट्स लिमिटेड और वेल्सपुन एंटरप्राइजेस लिमिटेड ने हिस्सा लिया। सबसे कम बोली वेल्सपुन एंटरप्राइजेस लिमिटेड की ओर से लगाई गई है, जिसकी कीमत 8,745।38 करोड़ रुपये रही। हालांकि, यह बोली एमएसआईडीसी के अनुमान से करीब 45.95% ज्यादा है, जिसके चलते अब विभाग कंपनी से लागत कम करने पर बातचीत कर रहा है।
ये भी पढ़ें :- मराठा आरक्षण वाले GR पर रोक लगाने की मांग, हाई कोर्ट से आया बड़ा अपडेट
यातायात के लिए चार साल का वेट
प्रक्रिया के तहत अब टेंडर की अंतिम मंजूरी के लिए राज्य सरकार को भेजा जाएगा। सरकार की स्वीकृति के बाद कंपनी को लगभग छह महीने का समय मिलेगा ताकि वह परियोजना के लिए वित्तीय इंतजाम कर सके। इसके बाद मई-जून 2026 तक निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है। एक बार काम शुरू होने के बाद चार साल के भीतर वानी वर्ष 2030 तक एलिवेटेड रोड आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा।
