पुणे में कल से अगले 14 दिनों तक रहेगा ‘कर्फ्यू’! प्रदर्शन और रैलियों पर पूरी तरह रोक, जानें क्या है वजह
Pune Curfew News: पुणे में पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों के विरोध और त्योहारों के मद्देनजर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए 26 मई से 14 दिनों के लिए कई प्रतिबंध लगाए गए है।
- Written By: आकाश मसने
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: AI)
Pune 14 days Curfew News: पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संगठनों के आक्रामक रुख के बीच पुणे प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ा फैसला लिया है। मंगलवार यानी 26 मई 2026 से अगले 14 दिनों तक पुणे शहर में जमावबंदी लागू की हैं। इस दौरान शहर में किसी भी प्रकार के मोर्चे, प्रदर्शन, जुलूस और सार्वजनिक सभाओं पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।
पुणे पुलिस ने महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम, 1951 की धारा 37(1)(2)(3) के तहत ये प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए हैं। आगामी बकरी ईद और अन्य त्योहारों के मद्देनजर शहर में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए पुलिस आयुक्तालय क्षेत्र में अलर्ट भी जारी किया गया है।
पुणे पुलिस ने लोगों से आदेश का सख्ती से पालन करने की अपील की है। साथ ही चेतावनी दी है कि प्रतिबंधों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सम्बंधित ख़बरें
व्यापारियों ने वापस लिया हड़ताल का फैसला, लासलगांव मंडी में प्याज की नीलामी शुरू, किसानों को बड़ी राहत
यात्रियों को बड़ी राहत: मुंबई से जबलपुर और अजमेर के लिए अब नियमित चलेंगी सुपरफास्ट ट्रेनें
करोड़ों खर्च के बाद भी बदहाल अंबरनाथ के पार्क, शिवगंगा नगर बाल उद्यान बना शराबियों का अड्डा
छत्रपती संभाजीनगर में बकरी ईद को लेकर हाई अलर्ट, 6 चेक पोस्ट और भारी पुलिस बंदोबस्त
पुणे पुलिस के आदेश में क्या-क्या प्रतिबंध?
- रैली और सभाओं पर रोक
- हथियार रखने पर मनाही
- ज्वलनशील पदार्थों पर प्रतिबंध
- भड़काऊ नारे और पुतला दहन पर रोक
- आपत्तिजनक पोस्टर और बैनर पर कार्रवाई
- उल्लंघन करने पर कानूनी कार्रवाई
पुणे मनपा ने भी दिए ईंधन बचत के निर्देश
दूसरी ओर, पुणे महानगरपालिका के अतिरिक्त आयुक्त प्राजित नायर ने बढ़ते ईंधन खर्च और वाहनों के अत्यधिक उपयोग को देखते हुए सभी विभाग प्रमुखों को ईंधन बचत के निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि महानगरपालिका के वाहनों का उपयोग केवल अत्यावश्यक कार्यों के लिए किया जाए और यात्राओं की उचित योजना बनाई जाए। महानगरपालिका के आदेश में कहा गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम एशिया संकट की पृष्ठभूमि में नागरिकों से ईंधन की बचत करने की अपील की है, क्योंकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में पेट्रोलियम की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं।
यह भी पढ़ें:- महाराष्ट्र में पेट्रोल 113 के पार, 11 दिन में चौथी बार बढ़े दाम; जानें मुंबई-पुणे-नागपुर का ताजा रेट
महानगरपालिका द्वारा सुझाए गए उपाय
- कार्यालयीन दौरों के दौरान कम से कम वाहनों का उपयोग किया जाए।
- मंत्रालय, हाईकोर्ट और अन्य स्थानों पर जाने के लिए सार्वजनिक परिवहन (एसटी बस, रेलवे आदि) का उपयोग किया जाए।
- अधिकारी सामूहिक दौरे के दौरान कारपूलिंग अपनाएं।
- जरूरी होने पर ही वाहन यात्रा की जाए और सार्वजनिक परिवहन को प्राथमिकता दी जाए।
- अधिकारी और कर्मचारी सप्ताह में कम से कम एक दिन मेट्रो, लोकल ट्रेन या सार्वजनिक बस से सफर करें।
- सभी बैठकें, प्रशिक्षण और चर्चासत्र ऑनलाइन आयोजित करने को प्राथमिकता दी जाए।
