Pimpri Chinchwad मनपा पर 22 हजार करोड़ का कर्ज, DCM Ajit Pawar ने की जांच की मांग
Pimpri News: हाल ही में खबर आयी है कि पिंपरी चिंचवड़ मनपा पर लगभग 22,000 करोड़ का कर्ज चढ़ गया है। जिसको लेकर DCM Ajit Pawar ने बड़ा बयान दिया है कि उनके नेतृत्व में 1 रुपये का भी कर्ज नहीं हुआ।
- Written By: अपूर्वा नायक
अजित पवार (सोर्स: सोशल मीडिया)
Pimpri Chinchwad News In Hindi: मनपा पर 22 हजार करोड़ रुपये का कर्ज हो गया है। इस बारे में श्रवण हर्डीकर से बात की गई है और उन्हें इसकी सच्चाई की जांच करने को कहा गया है। पिंपरी-चिंचवड़ शहर का मैंने 25 साल तक नेतृत्व किया है।
मेरे नेतृत्व में कभी भी शहर पर एक रुपये का भी कर्ज नहीं हुआ। यह बड़ा बयान उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने दिया है। इस बयान के बाद ऐसा लग रहा है पूर्व मनपा आयुक्त शेखर सिंह की परेशानी बढ़ सकती है।
पिंपरी-चिंचवड़ मनपा के तत्कालीन आयुक्त शेखर सिंह के कार्यकाल में भ्रष्टाचार के कई आरोप लगे थे। इन मामलों के बाद अब पिंपरी-चिंचवड़ मनपा पर विकास कार्यों के नाम पर 22 हजार करोड़ रुपये का कर्ज लेने की भी चर्चा जोर शोर से हो रही है। उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने इसी संदर्भ में यह बयान दिया है।
सम्बंधित ख़बरें
जंतर-मंतर के बाद अब पुणे यूनिवर्सिटी में आंदोलन! अभिजीत दीपके का ऐलान, 11 जून को सड़कों पर दिखेंगे काॅकरोच
156 हिरासत में तो सिर्फ 78 पर ही एक्शन क्यों? पुणे रेव पार्टी कांड में NCP नेता रोहिणी खड़से का पुलिस पर हमला
NCC का युवाओं को बड़ा तोहफा! PM इंटर्नशिप योजना के तहत पुणे-मुंबई में लगेंगे प्लेसमेंट कैम्प, ऐसे मिलेगा मौका
विकास की नई राह पर डोडा: टनल, हाईवे और ‘पर्पल रेवोल्यूशन’ ने कैसे बदली जम्मू-कश्मीर के इस जिले की तकदीर?
तत्कालीन आयुक्त का नाशिक हुआ तबादला
अजित पवार पिंपरी-चिंचवड़ में पत्रकारों से बात कर रहे थे। मनपा के तत्कालीन आयुक्त शेखर सिंह का हाल ही में तबादला होकर उन्हें नाशिक भेजा गया है, जहां उन्हें आगामी कुंभ मेले की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस तबादले के बाद कई संस्थाओं, ठेकेदारों और नेताओं ने उनका भव्य सम्मान कर उन्हें विदाई दी।
इसी को लेकर अब शेखर सिंह पर आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला शुरू हो गया है। बताया जा रहा है कि शेखर सिंह के कार्यकाल में कई भ्रष्टाचार के मामले हुए और विकास कार्यों के नाम पर मनपा पर लगभग 22 हजार करोड़ रुपये का कर्ज चढ़ गया।
नपा आयुक्त के कार्यों की मांग मांगी गई जानकारी
- पिंपरी-चिंचवड मनपा के तत्कालीन आयुक्त शेखर सिंह का हाल ही में तबादला हुआ है। उन्हें नाशिक कुंभ मेला आयुक्त के रूप में नियुक्त किया गया है, लेकिन उनके कार्यकाल में काई फिसलों और विकास कार्यों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। इसे देखते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस (शरद पवार गुट) ने मनपा प्रशासन को एक आधिकारिक पत्र दिया है, जिसमे पूंजीगत कार्यों और टेंडर प्रक्रिया की पूरी जानकारी मागी गई है।
- शहराध्यक्ष तुषार कामठे ने लेखा विभाग को भेजे पत्र में कहा है कि आयुक्त शेखर सिंह के तबादले से पहले एक महीने की अवधि में मंजूर किए गए सभी कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट दी जाए। इस अवधि में कई जरूरी फैसलों को मंजूरी दी गई थी और कुछ कार्यों में अनियमितताओं की शिकायतें सामने आई है। इसलिए इन सभी कार्यों और टेंडर की पारदशी जांच होनी चाहिए।
पारदर्शिता बनाए रखने जांच जरूरी
शेखर सिंह के तबादले के बाद सोशल मीडिया पर उनके कार्यकाल के कुछ फैसलों की कड़ी आलोचना हो रही है, जबकि कुछ संस्थाओं और ठेकेदारों ने उनका भव्य सम्मान किया है। इस विरोधाभासी स्थिति के कारण राष्ट्रवादी (शरद पवार गुट) ने इस विषय को गंभीरता से लिया है और कहा है कि नागरिकों के पैसे से हुए विकास कार्यों में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए यह जांच जरूरी है।
ये भी पढ़ें :- Pune: भाजपा कार्यकर्ताओं और विधायकों में बेचैनी, नए नेताओं के आने से चर्चा गर्म
राष्ट्रवादी नेताओं के अनुसार सार्वजनिक निधि का उपयोग सही तरीके से हुआ है या नहीं, यह जानने के लिए यह जानकारी बहुत महत्वपूर्ण है। कामठे ने अपने पत्र में प्रशासन से जल्द से जल्द मांगी गई जानकारी उपलब्ध कराने की मांग की है।
