

महाराष्ट्र के पिंपरी-चिंचवाड़ के निगड़ी इलाके के एक मंदिर की यह घटना है।
मासूम बच्ची ने सूझबूझ दिखाते हुए आरोपी का विरोध किया और शोर मचाकर खुद को बचाया।
घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को दबोच लिया।
Nigdi Temple Minor Girl Assault: महाराष्ट्र के पिंपरी चिंचवाड़ शहर के निगड़ी इलाके से इंसानियत को शर्मसार करने वाली एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। यहां एक स्थानीय मंदिर में पूजा-अर्चना करने आई एक मासूम नाबालिग बच्ची के साथ गलत नीयत से हैवानियत करने का प्रयास किया गया।
गनीमत यह रही कि बच्ची ने सूझबूझ और हिम्मत दिखाते हुए आरोपी का मुकाबला किया और खुद को बचा लिया। यह पूरी खौफनाक वारदात मंदिर परिसर में लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई है, जिसका खुलासा होने के बाद इलाके में भारी जनाक्रोश का माहौल बन गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़ित नाबालिग बच्ची पिंपरी चिंचवाड़ स्थित निगड़ी स्थित मंदिर में भगवान के दर्शन करने आई थी। मंदिर के गर्भगृह में दर्शन करने के बाद वह कुछ देर के लिए एक कोने में खड़ी थी। उसी दौरान पास ही चल रहे मेट्रो पिलर निर्माण कार्य में लगा एक कॉन्ट्रैक्ट लेबर मंदिर के भीतर दाखिल हुआ।
गर्भगृह में बच्ची को अकेला देखकर आरोपी की नीयत बिगड़ गई। आसपास किसी भी अन्य श्रद्धालु को न पाकर आरोपी ने मासूम बच्ची को जबरन कोने में घसीटा और उसके साथ गलत हरकत करने की कोशिश की।
अचानक हुए इस हमले से घबराने के बजाय मासूम बच्ची ने साहस दिखाया। उसने आरोपी को जोरदार झटका देकर खुद को उसकी गिरफ्त से छुड़ाया और जोर-जोर से चिल्लाना शुरू कर दिया। बच्ची की तेज आवाज और कड़े विरोध से घबराकर आरोपी उसे छोड़कर तुरंत मौके से भाग खड़ा हुआ। इस खौफनाक घटना के बाद सहमी हुई बच्ची मंदिर के भीतर ही खड़ी होकर रोने लगी।
इस शर्मनाक घटना की जानकारी जैसे ही फैली, स्थानीय नागरिकों और श्रद्धालुओं में गहरा गुस्सा भड़क उठा। घटना की सूचना मिलते ही निगड़ी पुलिस स्टेशन की टीम ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी मेट्रो कर्मचारी को तुरंत हिरासत में ले लिया।
फिलहाल निगड़ी पुलिस थाने में आरोपी के खिलाफ संबंधित कड़े कानूनी प्रावधानों के तहत मामला दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है। पवित्र मंदिर परिसर में हुई इस घिनौनी वारदात ने एक बार फिर सार्वजनिक स्थलों पर बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।