Mitra Scheme: महाराष्ट्र में किसानों तक कृषि विभाग की योजनाओं और आधुनिक कृषि तकनीक की जानकारी पहुंचाने के लिए 11,587 'किसान मित्र' नियुक्त किए जाएंगे। कृषि प्रौद्योगिकी एवं प्रबंधन एजेंसी (आत्मा) के तहत प्रत्येक स्वीकृत सहायक कृषि अधिकारी के कार्यक्षेत्र में गांव स्तर पर एक किसान मित्र का चयन किया जाएगा।
किसान मित्रों को हर महीने 1,500 रुपये यानी सालाना 18,000 रुपये मानदेय दिया जाएगा। 'आत्मा' के निदेशक सुनील बोरकर ने बताया कि किसान मित्र का कार्यक्षेत्र संबंधित सहायक कृषि अधिकारी के क्षेत्र के अनुरूप होगा। हालांकि, अत्यधिक शहरीकरण वाले और बेहद कम कृषि योग्य क्षेत्र वाले इलाकों में किसान मित्रों का चयन नहीं किया जाएगा।
अनुभवी, प्रयोगशील तथा आधुनिक कृषि तकनीक अपनाने वाले किसानों को प्राथमिकता दी जाएगी। किसान मित्र गांव के किसानों को कृषि विभाग की योजनाओं और नई तकनीकों की जानकारी देने के साथ किसान समूहों के गठन व क्षमता निर्माण में मदद करेंगे।
इसके अलावा कृषि पाठशालाओं के लिए लाभार्थियों के चयन, आयोजन, प्राकृतिक खेती के प्रचार-प्रसार तथा किसान प्रशिक्षण कार्यक्रमों के आयोजन में भी सहयोग करेंगे।
किसान मित्रों के काम की हर 3 महीने में समीक्षा की जाएगी। एक सत्र में मौसम पूर्व प्रशिक्षण, दूसरे में पिछले 3 महीने के कामकाज की समीक्षा और इसके बाद अगले 3 महीनों के लिए लक्ष्य तय किए जाएंगे।
संबंधित सहायक कृषि अधिकारी की सिफारिश के बाद वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा तालुका स्तर पर रिपोर्ट का सत्यापन किया जाएगा और इसके बाद मानदेय का भुगतान किया जाएगा। कृषि आयुक्त सूरज मांढरे ने बताया कि गांव स्तर पर कृषि विस्तार व्यवस्था को मजबूत करने में किसान मित्रों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।