Pune News: सड़क विभाग का अजब कारनामा, ऐप पर आई शिकायतों वाले गड्ढे भरे, आसपास के गड्ढे जस के तस
Pune Municipal Corporation: मनपा सिर्फ उन्हीं गड्डों को भर रही है, जिनकी शिकायतें की गई है। किन्तु, आसपास के गड्डों को वैसे ही छोड़ दिया जा रहा है। इससे मनपा की कार्यक्षमता पर सवाल उठने लगे हैं।
- Written By: आंचल लोखंडे
सड़क विभाग का अजब कारनामा (सौजन्यः सोशल मीडियाि)
PMC Road Mitra App: पुणे शहर की सड़कों पर गड्ढे एक पुरानी समस्या है। इस साल, पुणे मनपा ने नागरिकों की शिकायतों को तुरंत दूर करने के लिए ‘पीएमसी रोड मित्र’ ऐप लॉन्च किया था। मनपा का दावा था कि अगर कोई नागरिक गड्ढे की तस्वीर के साथ शिकायत करता है, तो 72 घंटों के भीतर उसे भर दिया जाएगा। लेकिन, अब यह सामने आया है कि मनपा सिर्फ उन्हीं गड्डों को भर रही है, जिनकी शिकायतें की गई है। किन्तु, आसपास के गड्डों को वैसे ही छोड़ दिया जा रहा है। इससे मनपा की कार्यक्षमता पर सवाल उठने लगे हैं।
हाल ही में एक नागरिक ने सड़क पर पड़े कई गड्डों की तस्वीर ऐप पर अपलोड की। शिकायत के बाद मनपा के सड़क विभाग ने केवल उसी एक गड्ढे को भरा, जबकि उसी सड़क के बाकी गड्ढे वैसे के वैसे ही छोड़ दिए गए। इस घटना से नागरिकों ने सवाल उठाया है, क्या सिर्फ उसी गड्ढे को भरना है जिसकी शिकायत की गई है, और बाकी को छोड़ देना है? ‘रोड मित्र’ ऐप के बारे में सड़क विभाग के प्रमुख अनिरुद्ध पावसकर ने दावा किया था कि ऐप में कोई तकनीकी समस्या नहीं है और शिकायतों का समाधान किया जा रहा है। हालांकि, जमीनी हकीकत कुछ और ही है।
आयुक्त ने दिये सख्त निर्देश
जब यह मामला मनपा आयुक्त नवल किशोर राम के संज्ञान में आया, तो उन्होंने सड़क विभाग को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने आदेश दिया है कि ऐप पर शिकायत दर्ज होने के बाद, उस क्षेत्र के सभी गड्डों को भी भरा जाए, न कि केवल एक गड्ढे को। उन्होंने चेतावनी भी दी कि जो अधिकारी शिकायतों का ठीक से समाधान नहीं करेंगे, उन पर कार्रवाई की जाएगी। मनपा का दावा है कि अब तक कुल 787 शिकायतें दर्ज की गई हैं, जिनमें से 692 का समाधान हो चुका है। हालांकि, नागरिकों का कहना है कि बाकी शिकायतें अभी भी लंबित हैं और कुछ जगहों पर गड्ढे भरने का काम सिर्फ नाम के लिए किया गया है।
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तकनीकी दिक्कतों के कारण शिकायत दर्ज नहीं हो रही
उन्होंने चेतावनी भी दी कि जो अधिकारी शिकायतों का ठीक से समाधान नहीं करेंगे, उन पर कार्रवाई की जाएगी। मनपा का दावा है कि अब तक कुल मनपा ने गड्ढे की शिकायत करने के लिए पीएमसी रोड मित्र ऐप लॉन्च किया है। लेकिन उसमें लगातार तकनीकी दिक्कतें आ रही हैं। पीएमसी द्वारा दिए गए जानकारी के अनुसार, यह ऐप काम नहीं कर रहा है। दरसअल, गड्डों की तस्वीर और सड़क के नाम के साथ उसकी डिटेल्स सम्मिट करनी होती है। लेकिन, तकनीकी दिक्कतों के कारण शिकायत दर्ज नहीं हो रही है।
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ऐप में हो रहे तकनीकी दिक्कतों से इनकार
स्थानिक नागरिक प्रथमेश जगताप ने कहा कि मनपा ने गड्ढे की शिकायत करने के लिए पीएमसी रोड मित्र ऐप लॉन्च किया है। लेकिन उसमें लगातार तकनीकी दिक्कतें आ रही हैं। पीएमसी द्वारा दिए गए जानकारी के अनुसार, यह ऐप काम नहीं कर रहा है। दरसअल, गड्डों की तस्वीर और सड़क के नाम के साथ उसकी डिटेल्स सम्मिट करनी होती है। लेकिन, तकनीकी दिक्कतों के कारण शिकायत दर्ज नहीं हो रही है। इस समस्या को लेकर पीएमसी के रोड विभाग के अधिकारीयों को बताया गया लेकिन, उन्होंने ऐप में हो रहे तकनीकी दिक्कतों से इनकार किया।
नागरिक उठा रहे सवाल
पीएमसी रोड मित्र ऐप पर शिकायत अपलोड करने में भी नागरिकों को परेशानी हो रही है। शुरुआत में शिकायतें आसानी से दर्ज हो जाती थीं, लेकिन पिछले कुछ दिनों से फोटो या जानकारी अपलोड करने में समय लगने के कारण शिकायतों की संख्या घट गई है। मनपा के अनुसार, इन तकनीकी खामियों को ठीक करने में कुछ समय लग रहा है और नागरिकों को फिर से कोशिश करनी चाहिए। नागरिक सवाल कर रहे हैं कि हर साल सड़क मरम्मत पर करोड़ों रुपये खर्च होते हैं, फिर भी गड्डों की समस्या बनी हुई है। एक तरफ ऐप लॉन्च कर बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन हकीकत में सिर्फ कैमरे के सामने का काम होता है, तो क्या सचमुच गड्ढे भरे जाते हैं? इस घटना से एक बार फिर यह स्पष्ट हो गया है कि मनपा के प्रयासों और जमीनी हकीकत के बीच अभी भी बहुत बड़ा अंतर है।
