Nashik तपोवन विवाद गहराया, पेड़ कटाई रोकने पर पर्यावरण प्रेमियों का अड़ंगा

Nashik में सिंहस्थ कुंभ तैयारियों के तहत तपोवन में पेड़ों की संभावित कटाई पर विवाद बढ़ गया है। मनपा और पर्यावरण प्रेमियों की बैठक बेनतीजा रही, आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी गई।
Tapovan Protest
तपोवन विरोध प्रदर्शन (सौ. सोशल मीडिया )
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Nashik News In Hindi: आगामी सिंहस्थ कुंभमेले के लिए तपोवन में वृक्षों की कटाई को लेकर नासिक महानगरपालिका (मनपा) और पर्यावरण प्रेमियों के बीच बढ़ा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है।

इस संवेदनशील मुद्दे पर सोमवार 8 दिसंबर को मनपा मुख्यालय में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक बेनतीजा रही। बैठक में पर्यावरण प्रेमियों के प्रतिनिधिमंडल और मनपा अधिकारियों ने अपना-अपना पक्ष रखा, लेकिन किसी सहमति पर नहीं पहुँच पाए।

प्रशासन और आंदोलनकारी आमने-सामने

मनपा प्रशासन का स्पष्ट रुख है कि साधुग्राम के निर्माण के लिए तपोवन के कुछ पेड़ों को काटना अपरिहार्य होगा। यह कुंभ मेले की तैयारियों के लिए आवश्यक है। पर्यावरण प्रेमी इस रुख का पुरजोर विरोध कर रहे हैं। उन्होंने आक्रामक चेतावनी दी है कि वे तपोवन का एक भी पेड़ नहीं काटने देंगे।

आयुक्त मनीषा खत्री का स्पष्टीकरण

आंदोलनकारियों ने आरोप लगाया कि मनपा प्रशासन की ओर से उन्हें पेड़ों की संख्या या कटाई की योजना के संबंध में कोई उचित और पारदर्शी जानकारी नहीं दी गई। बैठक विफल होने के बाद पर्यावरण प्रेमियों ने अपना आंदोलन जारी रखने का ऐलान कर दिया है।

नासिक मनपा की आयुक्त मनीषा खत्री ने बैठक के बाद मीडिया को अपनी स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने आश्वासन दिया कि चर्चा जारी रहेगी। आयुक्त ने कहा, "हम पुराने पेड़ नहीं काटेंगे।" उन्होंने स्वीकार किया कि कुछ लोगों को साधुग्राम के लिए पेड़ काटना स्वीकार्य है, जबकि कई विरोध कर रहे हैं।

उन्होंने बताया कि सभी पेड़ों का प्राथमिक सर्वे हो चुका है, लेकिन उद्यान विभाग के अधिकारियों का अंतिम सर्वे अभी बाकी है। पेड़ों की अंतिम संख्या और कटाई पर फैसला वृक्ष प्राधिकरण की बैठक के बाद ही लिया जाएगा।

एक्जीबिशन सेंटर विवाद

मनपा आयुक्त ने स्पष्ट किया है कि एक्जीबिशन सेंटर के लिए कोई पेड़ नहीं काटे जाएंगे, लेकिन पर्यावरण प्रेमियों ने मांग की है कि इस संबंध में प्रशासन तत्काल एक सरकारी आदेश (जीआर) जारी करे, ताकि भविष्य में जमीन का उपयोग न बदला जा सके।

भूमि के उपयोग का फैसला

यह जगह मनपा ने खरीदी थी, मनपा की आम सभा में निर्णय लिया गया था कि इस जगह का उपयोग 11 साल तक रिक्रिएशन सेंटर मनोरंजन केंद्र) के लिए किया जाएगा। 11। साल बाद (यानी कुभ से ठीक एक साल पहले) इसका उपयोग कुंभमेले के लिए किया जाएगा।

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